गाजा, इज़रायल, उमर ख़ालिद, बुलडोज़र राज... जानिए JNU के प्रेसिडेंशियल डिबेट में किन-किन मुद्दों पर हुई चर्चा

जेएनयू में इस पर वाम एकता यानि SFI, AISA और DSF ने संयुक्त उम्मीदवार उतारा है जबकि उनके सामने ABVP और NSUI के उम्मीदवार है.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • JNUSU चुनाव में चार नवंबर को मतदान होगा और छः नवंबर को परिणाम घोषित किए जाएंगे
  • प्रेसिडेंशियल डिबेट में NSUI, ABVP और वाम उम्मीदवारों ने गाजा, दिल्ली दंगे और आपरेशन सिंदूर पर चर्चा की
  • NSUI अध्यक्ष पद के उम्मीदवार विकास ने इज़रायल को गाजा हालात का जिम्मेदार बताया
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
नई दिल्ली:

JNU छात्रसंघ चुनाव में 4 नवंबर को मतदान होना है लेकिन इससे पहले रविवार देर रात को भारी शोर शराबे के बीच चले प्रेसिडेंशियल डिबेट में गाजा, इज़रायल, दिल्ली दंगे और आपरेशन सिंदूर तक की बातें हुई. प्रेसिडेंशियल डिबेट की शुरुआत NSUI के अध्यक्ष पद के उम्मीदवार विकास की स्पीच से हुई जिसमें उन्होंने गाजा के हालात के लिए इज़रायल को ज़िम्मेदार करार दिया.

साथ ही NRCC प्रदर्शन और दिल्ली दंगे के आरोप में बंद शरजील इमाम और उमर ख़ालिद के समर्थन की बात भी कही गई. साथ ही लेफ्ट पार्टी की आलोचना करते हुए कहा कि कैंपस में फैली अव्यवस्था के लिए वाम दलों के छात्र नेताओं की आलोचना की. जबकि ABVP के विकास पटेल ने कहा कि विवेकानंद के मूल्यों के मुताबिक़ वो काम करेंगे. देश में इमरजेंसी लगाने से लेकर दंगा कराने तक का ज़िम्मेदार ठहराया.

विकास ने कहा कि वामपंथी दल बंगाल से लेकर केरल तक में ABVP के छात्रों के उत्पीड़न का आरोप लगाया..वाम दलों पर आरोप लगाया कि कई साल से वाम दलों के छात्र नेताओं ने कैंपस प्रशासन के साथ मिलकर यूनिवर्सिटी के छात्रों की सुविधाओं में कटौती की…जबकि वामदलों की संयुक्त उम्मीदवार अदिति ने कहा कि ABVP पर गुंडागर्दी का आरोप लगाया..उन्होंने कहा कि सवाल पूछने के लिए उनपर फ़ाइन लगाया गया.

उन्होंने आरोप लगाया कि बुल्डोजर राज के ज़रिए कमजोरों के मकान उजाड़ने का आरोप लगाया…वामदलों की प्रत्याशी ने कहा कि सरकार कहती थी कि झुकेंगे नहीं लेकिन अमरीका और चीन के साथ दोस्ती बढ़ा रहे हैं..केंद्र सरकार के इशारे पर पुलिस सिविल कपड़ों पर आकर उनको मारती है…जेएनयू के कैंपस को सुधार स्वास्थ्य सेवा लाइब्रेरी की सुविधा और पब्लिक ट्रांसपोर्ट को मज़बूत करने का वादा भी तमाम दलों के प्रत्याशियों ने किया.

Advertisement

JNU में 4 नवंबर को मतदान और छह नवंबर को नतीजों की घोषणा 

जेएनयू में इस पर वाम एकता यानि SFI, AISA और DSF ने संयुक्त उम्मीदवार उतारा है जबकि उनके सामने ABVP और NSUI के उम्मीदवार है..पिछले छात्रसंघ चुनाव में तीन पद पर वामपंथी उम्मीदवार जीते थे जबकि संयुक्त सचिव पद ABVP के खाते में गई थी.

ये भी पढ़ें-: तेलंगाना हादसा: गिट्टी से भरे ट्रक की टक्कर से पिचक गई बस, दबे यात्री चीखते-पुकारते रहे, 19 की मौत

Advertisement
Featured Video Of The Day
नमस्कार की जगह खुदा हाफिज, CCTV बंद करके... नागपुर में NGO की आड़ में रियाज काजी के घिनौने काम?
Topics mentioned in this article