- जम्मू-कश्मीर की क्रिकेट टीम रणजी ट्रॉफी के फाइनल में कर्नाटक के खिलाफ जीत के बेहद करीब है.
- CM अब्दुल्ला टीम का हौसला बढ़ाने हुबली पहुंचे. उन्होंने खिलाड़ियों को राष्ट्रीय पहचान मिलने की उम्मीद जताई.
- तेज गेंदबाज औकिब नबी ने कर्नाटक के खिलाफ पांच विकेट लिए जबकि कामरान इकबाल ने बल्ले से महत्वपूर्ण रन बनाए.
जम्मू-कश्मीर की क्रिकेट टीम भारतीय घरेलू क्रिकेट में इतिहास रचने जा रही है. रणजी ट्रॉफी के फाइनल में जम्मू-कश्मीर जीत के बेहद करीब है. यह पहली बार होगा कि जम्मू-कश्मीर की टीम रणजी चैंपियन बनेगी. कर्नाटक के हुबली में खेले जा रहे रणजी फाइनल के मुकाबले में जम्मू-कश्मीर ने कर्नाटक के सामने लगभग असभंव का लक्ष्य दे दिया है. ऐसे में शनिवार को खिताबी मुकाबले के आखिरी दिन जम्मू-कश्मीर क्रिकेट टीम के चैंपियन बनने के आसार है. टीम के इस बेहतरीन प्रदर्शन को देखने के लिए जम्मू-कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला हुबली पहुंच गए हैं.
हुबली पहुंचे जम्मू कश्मीर के सीएम उमर अब्दुल्ला
उमर अब्दुल्ला ने फ्लाइट की एक तस्वीर सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा, "हम हुबली जा रहे हैं जम्मू-कश्मीर क्रिकेट टीम का हौसला बढ़ाने के लिए, जो रणजी ट्रॉफी का फाइनल खेल रही है. फाइनल में पहुंचकर उन्होंने लाखों लोगों को गौरवान्वित किया है. मैं कल पूरा दिन स्टेडियम में बैठकर उनका हौसला बढ़ाने के लिए बहुत उत्सुक हूं."
समय आ गया है कि इंडियन जर्सी में दिखे जम्मू-कश्मीर के एक-दो खिलाड़ीः उमर अब्दुल्ला
टीम को चीयर करने के लिए हुबली पहुंचे उमर अब्दुल्ला से जब NDTV ने पूछा कि रणजी ट्रॉफी की जीत से जम्मू-कश्मीर क्रिकेट के भविष्य में क्या बदलाव आएगा? इस पर मुख्यमंत्री ने कहा, "लोगों को इस बात का अहसास होगा कि जम्मू-कश्मीर में बेहतरीन क्रिकेटर हैं, लेकिन उन्हें पहचान नहीं मिली है. आपने हमारे क्रिकेटरों के बारे में सुना ही नहीं है. अब समय आ गया है कि जम्मू-कश्मीर के एक-दो सदस्य भारतीय जर्सी पहनने के सच्चे हकदार हों."
क्रिकेट समाज और धर्म की सीमाओं को छूता हैः सीएम उमर
सीएम ने आगे कहा कि जम्मू-कश्मीर को ट्रॉफी के लिए 67 साल का लंबा इंतजार करना पड़ा है. यह हुबली की मेरी पहली यात्रा है. मैं यहाँ आने के लिए बहुत उत्सुक था. यह जम्मू-कश्मीर की पहचान है. यह हमारे समाज और धर्म की सीमाओं को छूता है. जब वे खेलते हैं तो यह बात साफ झलकती है.
औकिब नबी ने गेंद से तो कामरान इकबाल ने बल्ले से बिखेड़ा रंग
मालूम हो कि अनुभवी तेज गेंदबाज औकिब नबी (54 रन देकर पांच विकेट) और सलामी बल्लेबाज कामरान इकबाल के शानदार प्रदर्शन से जम्मू-कश्मीर की टीम शुक्रवार को यहां चौथे दिन कर्नाटक के खिलाफ विशाल बढ़त की बदौलत अपना पहला रणजी ट्रॉफी खिताब जीतने के करीब पहुंच गई है.
पहली पारी में जम्मू कश्मीर को मिला 291 रनों की बढ़त
इकबाल (नाबाद 94) के सातवें प्रथम श्रेणी अर्धशतक से जम्मू-कश्मीर ने स्टंप तक दूसरी पारी में चार विकेट पर 186 रन बनाकर अपनी कुल बढ़त 477 रन की कर ली. दिन की शुरूआत में नबी ने सत्र का सातवीं बार पांच विकेट झटकने का कारनामा किया जिससे कर्नाटक की टीम पहली पारी में 293 रन पर सिमट गई और जम्मू-कश्मीर ने पहली पारी में 291 रन की बढ़त हासिल की.
कर्नाटक से मयंक अग्रवाल ने जमाया शतक
कर्नाटक की पारी में पूर्व कप्तान मयंक अग्रवाल (266 गेंद में 160 रन) के शतक का अहम योगदान रहा क्योंकि अन्य खिलाड़ी संभलकर नहीं खेल सके. पर नबी के पांच विकेट अग्रवाल के शानदार शतक पर भारी पड़े. जम्मू-कश्मीर का यह तेज गेंदबाज बेहतरीन फॉर्म में था.
कर्नाटक ने सुबह पांच विकेट पर 220 रन के स्कोर से खेलना शुरू किया. हालांकि जम्मू-कश्मीर के 584 रन के स्कोर को पार करना मुश्किल था लेकिन कर्नाटक को उम्मीद थी कि उसके बल्लेबाज अच्छी साझेदारी करने का प्रयत्न करेंगे.
जम्मू कश्मीर के क्रिकेटर बोले- हमारे लिए यह गर्व का पल
जम्मू कश्मीर के साहिल लोत्रा से यह पूछने पर कि पहली बार ट्रॉफी उठाने की उम्मीद कितनी रोमांचक है तो उन्होंने कहा, ‘‘यह तो बस शुरुआत है, हम सब खुश और उत्साहित हैं. यह पहली बार है जब हम फाइनल में खेल रहे हैं और यह हमारे लिए बहुत गर्व का पल है. हम बस आगे बढ़ रहे हैं. हमने इस साल जो कड़ी मेहनत की है, जो अनुशासन दिखाया है, यह उसी का नतीजा है. ''
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