फेक व्हाट्सएप ग्रुप, 500% का रिटर्न, ऐसे हुई पूर्व CBI जॉइंट डायरेक्टर के घर 2.58 करोड़ की 'डिजिटल डकैती'

Digital Fraud: पुलिस फिलहाल जुड़े हुए खातों में बचे हुए फंड को फ्रीज करने और अपराधियों का पता लगाने पर काम कर रही है. इस हाई-प्रोफाइल मामले के बाद पुलिस ने जनता को जरूरी चेतावनी जारी की है कि वे ऐप्स को डाउनलोड करने से पहले वेरिफाई करें.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins

Digital Fraud: साइबर अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि अब पुलिस वालों के परिवार वाले भी उनके जाल से अछूते नहीं हैं. ऐसा ही एक सनसनीखेज मामले सामने आया है. दरअसल पूर्व CBI जॉइंट डायरेक्टर और रिटायर्ड IPS अधिकारी वी.वी. लक्ष्मी नारायण की पत्नी उर्मिला, एक सोची-समझी बड़ी डिजिटल साजिश का शिकार हो गईं. सिर्फ 12 दिनों के अंदर जालसाजों ने उनसे 2.58 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि ठग ली.

लालच का जाल

इस ठगी की कहानी नवंबर 2025 में शुरू होती है, जब पीड़ित उर्मिला, जो बंजारा हिल्स में रहती हैं, को 'स्टॉक मार्केट प्रॉफिट गाइड एक्सचेंज 20' नाम के एक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ा जाता है. इसमें दिनेश सिंह नाम के एक इन्वेस्टमेंट गुरु ने उन्हें 500% रिटर्न का सपना दिखाया. साथ ही विश्वास जीतने के लिए प्रियसखी नाम की महिला और दूसरे मेंबर्स ने मुनाफे के फर्जी स्क्रीनशॉट शेयर किए, जिससे उर्मिला को यह निवेश पूरी तरह असली लगा.

19 ट्रांजैक्शन किए

ठगों के झांसे में आकर उर्मिला ने ऐप स्टोर से 'MCKIEY CM' नाम का एक संदिग्ध ऐप डाउनलोड किया. वहीं, 24 दिसंबर 2025 से 5 जनवरी 2026 के बीच उन्होंने अलग-अलग 19 ट्रांजैक्शन में किश्तों के जरिए 2.58 करोड़ रुपये ट्रांसफर कर दिए.

ऐसे खुला राज

उर्मिला को धोखाधड़ी का अहसास तब हुआ जब ऐप पर करोड़ों का वर्चुअल प्रॉफिट तो दिख रहा था, लेकिन वो उसे निकाल नहीं पा रही थीं. जब उन्होंने पैसों की मांग की तो स्कैमर्स ने फंड अनलॉक करने के नाम पर और पैसों की डिमांड शुरू कर दी. खतरे को भांपते हुए उन्होंने तुरंत हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस में शिकायत दर्ज करा दी.

पुलिस ने शुरू की जांच

साइबर क्राइम पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया और जांच शुरू कर दी. शुरुआती जांच से पता चला है कि ठगों ने ठगे हुए पैसों को देश भर में कई म्यूल बैंक खातों में तेजी से ट्रांसफर कर दिए गए हैं, जिससे इनको ट्रेक ना कर पाएं. साथ ही स्कैमर्स ने खुद को असली दिखाने के लिए फेक सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) के सर्टिफिकेट का इस्तेमाल किया.

पुलिस फिलहाल जुड़े हुए खातों में बचे हुए फंड को फ्रीज करने और अपराधियों का पता लगाने पर काम कर रही है. इस हाई-प्रोफाइल मामले के बाद पुलिस ने जनता को एक जरूरी चेतावनी जारी की है कि वे ऐप्स को डाउनलोड करने से पहले वेरिफाई करें. साथ ही यह भी बताया कि SEBI-रजिस्टर्ड ब्रोकर रैंडम व्हाट्सएप ग्रुप या अनजान ऐप्स के जरिए काम नहीं करते हैं.

Advertisement

सावधान रहें, सतर्क रहें

सावधान रहें, सतर्क रहें, 500% रिटर्न या गारंटीड मुनाफे का कोई भी वादा एक स्कैम हो सकता है. किसी भी ऐसे झांसे में ना आएं. वहीं, अगर आप साइबर फ्रॉड के शिकार होने पर जल्द से जल्द 1930 पर कॉल करें और चोरी हुए पैसे को फ्रीज कराने के लिए तुरंत इसकी जानकारी पुलिस को दें.

यह भी पढ़ें- मैट्रिमोनियल साइट पर फर्जी प्रोफाइल, महिलाओं को शादी का झांसा देकर ठगी, पुलिस ने ऐसे दबोचा

यह भी पढ़ें- दिल्ली में बुजुर्ग डॉक्टर कपल से 14 करोड़ 85 लाख ठगे, दो हफ्तों तक ऐसे रखा डिजिटल अरेस्ट

Advertisement
Featured Video Of The Day
Hyderabad Chiranjeevi Fan Death: चिरंजीवी की नई फिल्म देखते-देखते थिएटर में फैन की मौत से सनसनी!