- गैंगस्टर इंद्रजीत सिंह यादव दुबई से गिरफ्तार कर लिया गया है और प्रत्यर्पण प्रक्रिया शुरू कर दी गई है
- गैंगस्टर इंद्रजीत पर गुरुग्राम और एनसीआर क्षेत्र में कई वर्षों से विभिन्न आपराधिक वारदातों का आरोप है
- दुबई प्रशासन ने भारत से इंद्रजीत सिंह यादव से संबंधित दस्तावेज मांगे हैं और कागजी कार्रवाई पूरी की जा रही है
हरियाणा के मोस्टवांटेड गैंगस्टर इंद्रजीत सिंह यादव को दुबई से गिरफ्तार कर लिया गया है. हरियाणा एसटीएफ की ओर से अब उसके प्रत्यर्पण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. गुरुग्राम समेत एनसीआर और हरियाणा में बीते कई सालों में हुई आपराधिक वारदातों में शामिल रहा ये गैंगस्टर जल्द भारत लाया जाएगा. भारत में गैंगस्टर इंद्रजीत सिंह यादव के एक-एक अपराध की जांच कर उसे अंजाम तक पहुंचाया जाएगा.
दुबई ऑथोरिटी ने भारत से गैंगस्टर इंद्रजीत सिंह यादव से जुड़े दस्तावेज मांगे हैं. कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद जल्दी उसे भारत लाया जाएगा. एनडीटीवी ने कुछ दिन पहले दुबई में उसका इंटरव्यू किया था. एनडीटीवी पहला ऐसा चैनल था जिसने उसका दुबई में इंटरव्यू किया था.
NDTV ने की एक्सक्लूसिव बातचीत
इसी बीच NDTV की टीम दुबई की एक अज्ञात लोकेशन पर पहुंची और इंद्रजीत सिंह यादव से एक्सक्लूसिव बातचीत की. यहां उसने खुद को गैंगस्टर नहीं, बल्कि एक साजिश का शिकार बताया और कई सनसनीखेज बातें कहीं. दुबई की चमकती स्काईलाइन के बीच, जहां ऊंची-ऊंची इमारतें रात को भी दिन जैसी रोशनी बिखेरती हैं, वहां छिपकर बैठे हैं हरियाणा के वो शख्स जिनका नाम सुनकर लोग कांपते थे. लेकिन जब NDTV ने उनसे सवाल किया, तो सामने आया एक ऐसा चेहरा जो कहता है- 'मैं तो खुद डरा हुआ हूं, किसी को क्या डराऊंगा?'
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कब चर्चा में आए थे गैंगस्टर राव इंद्रजीत सिंह?
बता दें कि इंद्रजीत सिंह यादव उस समय चर्चा में आए थे, जब प्रवर्तन निदेशालय ने दिल्ली और हरियाणा में एक कंपनी और उनके साथियों के ठिकानों पर छापामार कार्रवाई की थी. ये छापे दिल्ली, रोहतक और गुड़गांव में 10 जगहों पर की गई थी. बिहार स्थित उनके ठिकाने से ईडी ने पांच करोड़ 12 लाख रुपये की नगदी बरामद की थी. इसके अलावा वहां से आठ करोड़ 80 लाख रुपए मूल्य के हीरे और सोने के गहनों से भरा एक सूटकेस और 35 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी से जुड़े कागजात बरामद किए थे. उनके एक ठिकाने से कई लग्जरी गाड़ियां भी मिली थीं. ईडी ने यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग अधिनियम, 2002 के तहत की थी.
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कई हत्याओं में आया नाम
इंद्रजीत सिंह यादव का नाम ईडी के छापे से पहले रोहतक के किलोई गांव में फाइनेंसर मंजीत डीघल की दिसंबर 2024 में हुई हत्या में भी सामने आया था. इस हत्याकांड के बाद इंद्रजीत सिंह यादव भागकर यूएई पहुंच गया था. इस हत्याकांड के अलावा उनका नाम गुरुग्राम में रोहित शौकीन नाम के एक व्यक्ति हत्या, हरियाणा पुलिस के एएसआई संदीप लाठर की आत्महत्या, यूट्यूबर एल्विश यादव के घर पर हुई गोलीबारी और हरियाणवी सिंगर राहुल फाजिलपुरिया के ऊपर हुए जनलेवा हमले में भी आया था.














