नए साल पर पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के रूट का ऐलान, जानिए कितना होगा किराया, क्या मिलेंगी सुविधाएं

Vande Bharat Sleeper Train Route: पश्चिम बंगाल और असम में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले केंद्र सरकार ने दोनों राज्यों को देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की सौगात दी है.

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पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के रूट का ऐलान कर दिया गया है.
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  • सरकार ने पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के रूट का ऐलान कर दिया है. यह ट्रेन गुवाहाटी और कोलकाता के बीच चलेगी.
  • वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का किराया विभिन्न श्रेणियों में किलोमीटर के अनुसार निर्धारित किया गया है.
  • ट्रेन का ट्रायल कोटा-नागदा सेक्शन पर किया गया, जिसमें यह 180 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार तक पहुंची थी.
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नई दिल्ली:

First Vande Bharat Sleeper Train Route: केंद्र सरकार ने देश के पहले वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के रूट का ऐलान कर दिया है. गुरुवार को केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राजधानी दिल्ली में आयोजित में एक प्रेस कॉफ्रेंस में इस ट्रेन के रूट की घोषणा की. केंद्रीय मंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जल्द ही कोलकाता और गुवाहाटी के बीच वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे. यह देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन होगी. जिसका कुछ दिनों पहले ट्रायल भी हुआ था. वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के रूट के साथ-साथ किराए का भी ऐलान कर दिया गया है. 

ट्रेन भारत स्लीपर ट्रेन का किराया कितना होगा?

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का किराया किलोमीटर के हिसाब से तय होगा. फर्स्ट एसी में 3 रुपए 80 पैसे प्रतिकिलोमीटर के हिसाब से किराया देना होगा.

  • 1AC: 3.80 p/km
  • 2 AC: 3.10 p/km
  • 3AC: 2.40 p/km

ट्रायल में 180 किमी प्रति घंटे की पकड़ी थी रफ्तार

स्लीपर वंदे भारत का रूट मैप और इंटीरियर.

हाल में स्वदेशी तकनीक से बनी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का भारतीय रेलवे ने अंतिम हाई-स्पीड ट्रायल सफलतापूर्वक पूरा किया था. यह ट्रायल कोटा–नागदा सेक्शन पर किया गया, जहां ट्रेन ने 180 किमी प्रति घंटे की रफ्तार हासिल की. यह ट्रायल रेलवे सुरक्षा आयुक्त की निगरानी में हुआ था 

ट्रायल के दौरान ट्रेन की राइड क्वालिटी, कंपन, ब्रेकिंग सिस्टम, इमरजेंसी ब्रेक, सुरक्षा सिस्टम और अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच की गई. सभी परीक्षणों में ट्रेन का प्रदर्शन पूरी तरह संतोषजनक पाया गया और CRS ने ट्रायल को सफल घोषित किया गया.

यह 16 कोच वाली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन लंबी दूरी की यात्रा के लिए तैयार की गई है. ट्रेन में यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा गया है.

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने सोशल मीडिया पर इस हाई-स्पीड ट्रायल का वीडियो भी साझा किया था. वीडियो में यह भी दिखाया गया कि तेज रफ्तार के बावजूद पानी से भरे गिलास हिले नहीं और पानी नहीं गिरा. इससे ट्रेन की बेहतरीन स्थिरता, आधुनिक सस्पेंशन और उन्नत तकनीक का पता चलता है

वंदे भारत स्लीपर ट्रेन की प्रमुख सुविधाएं

स्लीपर वंदेभारत में क्या होगा खास

  • आरामदायक स्लीपर बर्थ
  • आधुनिक सस्पेंशन सिस्टम
  • ऑटोमैटिक दरवाजे
  • आधुनिक शौचालय
  • फायर डिटेक्शन और सेफ्टी सिस्टम
  • सीसीटीवी निगरानी
  • डिजिटल यात्री सूचना प्रणाली
  • ऊर्जा बचाने वाली तकनीक
  • सुरक्षा और तकनीकी विशेषताएं
  • कवच सुरक्षा प्रणाली
  • झटके रहित सेमी-परमानेंट कपलर
  • हर कोच के अंत में फायर बैरियर दरवाजे
  • आग लगने पर तुरंत चेतावनी और नियंत्रण की व्यवस्था
  • रीजेनेरेटिव ब्रेकिंग सिस्टम
  • यूवी-सी लैंप आधारित एसी डिसइंफेक्शन सिस्टम
  • चौड़े और पूरी तरह सील गैंगवे
  • सभी कोचों में सीसीटीवी
  • आपात स्थिति में बात करने के लिए इमरजेंसी टॉक-बैक सिस्टम
  • दिव्यांग यात्रियों के लिए विशेष शौचालय
  • सेंट्रलाइज्ड कोच मॉनिटरिंग सिस्टम
  • ऊपरी बर्थ पर चढ़ने के लिए आरामदायक सीढ़ी

इसी महीने में शुरू होगी पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन

रेल मंत्री ने बताया कि 6 महीने में 8 वंदे भारत स्लीपर ट्रेन चलाई जाएगी. साल के अंत तक 12 नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन बनकर आएगी. उन्होंने यह भी बताया कि  गुवाहटी-कोलकाता वंदे भारत स्लीपर ट्रेन जनवरी में ही शुरू होगी. एक-दो दिन में फाइनल उद्धघाटन ट्रेन की तारीख का ऐलान किया जाएगा. जबकि 15-20 दिन में ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जाएगा. 

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(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
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