फायरिंग की घटना के बाद पंजाब के बठिंडा में आर्मी बेस की सुरक्षा पर उठ रहे सवाल

बठिंडा छावनी थाने के अधिकारी गुरदीप सिंह ने कहा कि राइफल गायब होने के दो दिन बाद मंगलवार को उन्हें गुमशुदगी की शिकायत मिली थी. सूत्रों ने कहा कि लापता हथियार की सूचना पुलिस को देने में समय के अंतराल की भी जांच की जा रही है.

विज्ञापन
Read Time: 16 mins
फायरिंग की घटना के बाद सुरक्षा की जांच की जा रही है.
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • पंजाब के बठिंडा में सेना ने बेस का सुरक्षा ऑडिट
  • सैन्य स्टेशन पर सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
  • दो दिन पहले गायब हुए थे इंसास असॉल्ट राइफल और गोला-बारूद
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
नई दिल्ली:

पंजाब के बठिंडा में बुधवार को गोलीबारी की घटना में चार सैनिकों की मौत के बाद सेना ने अपने बेस का सुरक्षा ऑडिट किया है. सूत्रों ने कहा कि ऑडिट के बाद जनरल मनोज पांडे ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को मामले की जानकारी दी. ऑडिट ने सैन्य स्टेशन पर सुरक्षा के बारे में सवाल उठाया. सेना के मेजर ने इस मामले में दो अज्ञात नकाबपोश के बारे में एफआईआर दर्ज कराई है. बताया गया है कि उनमें से एक के पास इंसास असॉल्ट राइफल थी, जो बेस के पास एक जंगल की ओर भाग गया.

एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी जो मामले की जांच में शामिल हैं, नाम नहीं छपने की शर्त पर एनडीटीवी को घटना के बारे में बताया, "अगर बाहरी लोग शामिल हैं, तो उन्होंने सुरक्षा घेरा तोड़ते हुए प्रवेश करने का इंतजाम कैसे किया? नियमित रूप से गश्त होती है और यहां तक ​​कि त्वरित प्रतिक्रिया दल पूरे छावनी में रणनीतिक स्थानों पर तैनात हैं. यह फ्रंटलाइन स्टेशन है जो पाकिस्तान से ज्यादा दूर नहीं है. इसके आसपास की सुरक्षा पुख्ता होनी चाहिए." बठिंडा छावनी एक महत्वपूर्ण सैन्य प्रतिष्ठान है.

गोलीबारी की घटना में शहीद हुए चारों जवान सेना की एक तोपखाना इकाई के थे. जब यह घटना हुई, तब सैनिक सो रहे थे.

पंजाब के बठिंडा में सेना के एक जवान की मौत, गलती से चली गोली से हुआ हादसा

जांचकर्ताओं को संदेह है कि एक इंसास असॉल्ट राइफल और गोला-बारूद जो दो दिन पहले गायब हो गया था, घटना में इस्तेमाल किया गया हथियार हो सकता है. सेना ने आज शाम एक बयान में कहा कि बंदूक और मैगजीन बरामद कर ली गई है. उन्हें फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा जाएगा.

Advertisement

हालांकि, दिल्ली के शीर्ष सूत्रों ने सवाल उठाया है कि वे जो कह रहे हैं, और जो प्राथमिकी है उसमें 'अंतर' दिख रहा है. प्राथमिकी के अनुसार, लांस नायक मुपडी हरीश को इस साल 31 मार्च को "हथियार संख्या 77" नामित एक इंसास असॉल्ट राइफल जारी की गई थी और यह 9 अप्रैल को लापता हो गई थी. प्राथमिकी में कहा गया है, ''जहां शव मिले हैं, वहां से ढेर सारे खाली खोखे भी बरामद हुए हैं.

बठिंडा मिलिटरी स्टेशन फायरिंग में सेना ने दर्ज कराई FIR, दो नकाबपोशों की तलाश जारी

सूत्रों ने कहा कि इस बात पर सवाल उठ रहे हैं कि यह कैसे तय हो गया कि खर्च किए गए कारतूस 'हथियार संख्या 77' के थे. प्राथमिकी में कहा गया है, "दो दिन पहले लापता हुए 28 राउंड के साथ एक इंसास राइफल के शामिल होने के संभावित मामले सहित सभी पहलुओं का पता लगाया जा रहा है."

Advertisement

बठिंडा छावनी थाने के अधिकारी गुरदीप सिंह ने कहा कि राइफल गायब होने के दो दिन बाद मंगलवार को उन्हें गुमशुदगी की शिकायत मिली थी. सूत्रों ने कहा कि लापता हथियार की सूचना पुलिस को देने में समय के अंतराल की भी जांच की जा रही है.

सूत्रों ने बताया कि प्राथमिकी कहती है कि गोलीबारी की घटना सुबह 4.30 बजे हुई, पुलिस स्टेशन जो छावनी से केवल 2 किमी दूर है, उसको दोपहर 2.56 बजे सूचित किया गया और घटना के बारे में पुलिस डायरी में पहली प्रविष्टि 3.03 बजे की गई.

"नकाबपोशों के हाथ में थी INSAS राइफल और कुल्हाड़ी": NDTV के पास पंजाब फायरिंग की FIR

Featured Video Of The Day
Iran Israel War Breaking News: Strait Of Hormuz को लेकर Donald Trump ने किया Iran पर पलटवार