इस राज्य में तेजी से बढ़ रहे मम्प्स बीमारी के मामले, चेहरे पर सूजन के साथ दिख रहे हैं ये लक्षण, 10 मार्च तक 11 हजार मरीज मिले

Mumps Disease: मम्प्स एक वायरल बीमारी है जो आमतौर पर चेहरे के हर तरफ की ग्लैंड को प्रभावित करती है. हालांकि, मम्प्स शरीर के किसी भी हिस्से को इफेक्ट कर सकती है, लेकिन ज्यादातर लार बनाने वाली ग्रंथियों को प्रभावित करती है जिन्हें पैरोटिड ग्रंथियां कहा जाता है.

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लक्षण आमतौर पर वायरस के संपर्क में आने के 2 हफ्ते के भीतर दिखाई देते हैं.

मम्प्स एक वायरल बीमारी है जो आमतौर पर बच्चों को प्रभावित करती है.पिछले कुछ महीनों में केरल में फैल रही है. 10 मार्च तक राज्य में पिछले कुछ महीनों में 11,467 मामले दर्ज किए गए और केरल में मम्प्स के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. रोग नियंत्रण केंद्र ने मलप्पुरम जिले और केरल के अन्य उत्तरी क्षेत्रों की भी निगरानी करने को कहा है.

क्या है मम्प्स डिजीज? (What is mumps disease)

मम्प्स एक वायरल बीमारी है जो आमतौर पर फेस ग्लैंड को प्रभावित करती है. हालांकि, मम्प्स शरीर के किसी भी हिस्से को प्रभावित कर सकती है लेकिन ज्यादातर लार बनाने वाली ग्रंथियों को प्रभावित करती है जिन्हें पैरोटिड ग्रंथियां कहा जाता है. संक्रमित होने के बाद ये ग्रंथियां सूज सकती हैं और कोमल तथा दर्दनाक हो सकती हैं.

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मम्प्स के लक्षण (symptoms of mumps)

  • चेहरे के एक या दोनों तरफ सूजन
  • सूजन के आसपास, चेहरे, जबड़े और कान के पास दर्द और कोमलता
  • कान में दर्द
  • शरीर में दर्द
  • सिरदर्द
  • बुखार
  • भूख में कमी
  • कमजोरी

लक्षण आमतौर पर वायरस के संपर्क में आने के 2 हफ्ते के भीतर दिखाई देते हैं. अगले कुछ दिनों में तेज बुखार और ग्लैंड में सूजन आ जाती है.

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कैसे फैलती है मम्प्स की बीमारी? (How does mumps disease spread)

मम्प्स वायरस अपर रेस्पिरेटरी सिस्टम के सीधे संपर्क के माध्यम से या किसी संक्रमित व्यक्ति की लार या हवाई बूंदों के माध्यम से एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैल सकता है.

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मम्प्स की रोकथाम के लिए टीकाकरण (Vaccination to prevent mumps)

मम्प्स और बीमारी से जुड़ी जटिलताओं को रोकने के लिए टीका लगवाना सबसे अच्छा तरीका है.

मम्प्स के खिलाफ टीका एमएमआर (रूबेला-मम्प्स-रूबेला) या एमएमआरवी (रूबेला-मम्प्स-रूबेला-वैरिसेला) टीके के कॉम्बिनेशन में शामिल है.

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मम्प्स का इलाज (Treatment of mumps)

मम्प्स के लिए कोई खास दवा नहीं है. इलजा दर्द और अन्य लक्षणों से राहत दिलाने में मदद करता है. बेहतर रिकवरी के लिए आराम करना जरूरी है. लक्षणों को मैनेज करने के लिए मेडिकल हेल्प लेनी चाहिए, हाइड्रेटेड रहने के लिए बहुत सारे लिक्विड पीने चाहिए, ऐसे फूड्स खाने चाहिए जो चबाने में आसान हों, सूजन को कंट्रोल करने के लिए आइस पैक का उपयोग करें और ऐसे फूड्स और ड्रिंक्स से बचें जो लार ग्रंथियों में ज्यादा दर्द पैदा कर सकते हैं.

(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

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