प्रेग्नेंसी में पैरासिटामोल खा सकते हैं या नहीं? नई स्टडी ने दूर किया सबसे बड़ा कन्फ्यूजन

Paracetamol During Pregnancy: द लैंसेट ऑब्स्टेट्रिक्स, गायनेकोलॉजी, एंड विमेंस हेल्थ जर्नल में प्रकाशित एक नए गोल्ड-स्टैंडर्ड एविडेंस रिव्यू ने साफ किया है कि प्रेग्नेंसी के दौरान पैरासिटामोल लेना चाहिए या नहीं.

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इस सिस्टमैटिक रिव्यू और मेटा-एनालिसिस में कुल 43 अध्ययनों को शामिल किया गया.

Kya Pregnancy Mein Paracetamol Kha Sakte Hain: प्रेग्नेंसी के दौरान दवा लेना हमेशा से महिलाओं के लिए चिंता का विषय रहा है. खासतौर पर पैरासिटामोल जैसी आम दवा को लेकर पिछले कुछ सालों में सोशल मीडिया और कुछ रिपोर्ट्स में यह दावा किया गया कि गर्भावस्था में इसे लेने से बच्चों में ऑटिज्म, ADHD (अटेंशन-डेफिसिट/हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर) या बौद्धिक विकलांगता का खतरा बढ़ सकता है. ऐसे दावों ने कई गर्भवती महिलाओं को डर और उलझन में डाल दिया.

लेकिन, अब इस विषय पर एक बड़ी और भरोसेमंद राहत देने वाली खबर सामने आई है. द लैंसेट ऑब्स्टेट्रिक्स, गायनेकोलॉजी, एंड विमेंस हेल्थ जर्नल में प्रकाशित एक नए गोल्ड-स्टैंडर्ड एविडेंस रिव्यू ने साफ किया है कि प्रेग्नेंसी के दौरान पैरासिटामोल लेने से बच्चों में ऑटिज्म, ADHD या बौद्धिक विकलांगता का खतरा नहीं बढ़ता.

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यह नई रिसर्च क्यों खास है?

यह अब तक का सबसे कठोर और वैज्ञानिक विश्लेषण माना जा रहा है. इस सिस्टमैटिक रिव्यू और मेटा-एनालिसिस में कुल 43 अध्ययनों को शामिल किया गया. खास बात यह है कि इसमें उन अध्ययनों को ज्यादा महत्व दिया गया जो मेथडोलॉजी के लिहाज से सबसे मजबूत थे.

इनमें भाई-बहनों की तुलना (Sibling Comparison Studies) जैसे अध्ययन भी शामिल थे. ऐसे अध्ययन इसलिए अहम माने जाते हैं क्योंकि इनमें जेनेटिक और पारिवारिक माहौल जैसे कारक काफी हद तक समान होते हैं, जिससे दवा के असली असर को बेहतर तरीके से समझा जा सकता है.

पहले डर क्यों फैला?

सितंबर 2025 में अमेरिकी प्रशासन की एक सलाह के बाद यह आशंका बढ़ी थी कि प्रेग्नेंसी में पैरासिटामोल लेने से बच्चों में ऑटिज्म का खतरा हो सकता है. इससे पहले कुछ मेटा-एनालिसिस में पैरासिटामोल और ऑटिज्म या ADHD के बीच हल्का-सा संबंध दिखाया गया था.

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लेकिन, नई स्टडी बताती है कि उन पुराने अध्ययनों में पूर्वाग्रह (Bias) की संभावना ज्यादा थी. यानी वहां असल वजह पैरासिटामोल नहीं, बल्कि कुछ अन्य फैक्टर्स हो सकते थे.

Photo Credit: Canva

असली कारण क्या हो सकता है?

इस नए विश्लेषण के लेखकों का कहना है कि पहले जो संबंध बताए गए थे, वे शायद पैरासिटामोल के सीधे असर के कारण नहीं थे. इसके पीछे मां से जुड़े अन्य कारण हो सकते हैं, जैसे गर्भावस्था में लगातार दर्द, बुखार या संक्रमण, बेचैनी और तनाव, आनुवंशिक प्रवृत्ति (Genetic factors). यानी मां की स्वास्थ्य समस्याएं ही बच्चे के विकास से जुड़ी चुनौतियों की वजह हो सकती हैं, न कि पैरासिटामोल.

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गर्भवती महिलाओं के लिए संदेश:

यह स्टडी यह नहीं कहती कि गर्भावस्था में बिना डॉक्टर की सलाह दवाइयां ली जाएं. लेकिन, यह जरूर साफ करती है कि डॉक्टर की सलाह से लिया गया पैरासिटामोल सुरक्षित माना जा सकता है और इससे ऑटिज्म या ADHD का खतरा बढ़ने का डर सही नहीं है.

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द लैंसेट की यह नई स्टडी लाखों गर्भवती महिलाओं के लिए राहत की खबर है. वैज्ञानिक सबूतों के आधार पर अब यह साफ है कि प्रेग्नेंसी के दौरान पैरासिटामोल और बच्चों में न्यूरोडेवलपमेंटल समस्याओं के बीच कोई सीधा संबंध नहीं पाया गया है. डर की बजाय सही जानकारी और डॉक्टर की सलाह सबसे जरूरी है.

(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)

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