- अर्जेंटीना से केप वर्डे बेशक हार गया पर इस छोटे से देश ने टूर्नामेंट में अपने प्रदर्शन से सबका दिल जीत लिया.
- मैच के बाद इसके बेहद चर्चित गोलकीपर वोजिन्हा बोले कि उनकी टीम ने वर्ल्ड चैंपियन को बराबरी की टक्कर दी है.
- उन्होंने भरोसा जताया कि आने वाले समय में केप वर्डे के खिलाड़ी दुनिया की बड़ी फुटबॉल लीगों में खेलेंगे.
फीफा वर्ल्ड कप की मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना के खिलाफ बराबरी की टक्कर के बाद केप वर्डे के गोलकीपर वोजिन्हा ने भरोसा जताया है कि अब उनके देश के फुटबॉल का भविष्य पहले से कहीं ज्यादा उज्ज्वल होगा. राउंड ऑफ 32 के मुकाबले में अर्जेंटीना ने एक्स्ट्रा टाइम में 3-2 से जीत दर्ज की. लेकिन यह जीत आसान नहीं रही. पहली बार वर्ल्ड कप के नॉकआउट में पहुंची केप वर्डे ने अर्जेंटीना को आखिरी मिनट तक संघर्ष करने पर मजबूर कर दिया.
"हम जीत भी सकते थे"
मैच के बाद वोजिन्हा ने कहा कि उनकी टीम ने दुनिया की सबसे मजबूत टीमों में से एक के खिलाफ बिना डरे मुकाबला किया.
उन्होंने कहा, "हम मौजूदा वर्ल्ड चैंपियन के खिलाफ खेले और बराबरी की टक्कर दी. हमारे पास मैच जीतने का भी मौका था. इसलिए हमें अपने प्रदर्शन पर बहुत गर्व और संतोष है."
हालांकि हार का दुख उन्हें भी था, लेकिन उन्होंने कहा कि टीम ने जिस तरह पूरी दुनिया का सम्मान हासिल किया, वह किसी बड़ी उपलब्धि से कम नहीं है.
वोजिन्हा
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साथियों, कोच और फैंस का जताया आभार
वोजिन्हा ने टीम के खिलाड़ियों, कोचिंग स्टाफ, फुटबॉल फेडरेशन और हजारों किलोमीटर दूर से टीम का समर्थन करने पहुंचे प्रशंसकों का भी धन्यवाद किया.
वे बोले, "हम आगे जाना चाहते थे, इसलिए दुख जरूर है. लेकिन मैं अपने सभी साथियों, कोचिंग स्टाफ, फुटबॉल फेडरेशन और उन सभी प्रशंसकों का दिल से शुक्रिया अदा करता हूं, जिन्होंने इतनी मेहनत करके यहां आकर हमारा हौसला बढ़ाया."
"अब भविष्य की ओर देखने का समय है"
40 वर्षीय गोलकीपर ने कहा कि यह हार अंत नहीं, बल्कि केप वर्डे फुटबॉल के नए दौर की शुरुआत है.
उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले वर्षों में उनके देश के कई खिलाड़ी दुनिया की सबसे बड़ी फुटबॉल लीगों में खेलते नजर आएंगे.
उन्होंने कहा, "अब भविष्य की ओर देखने का समय है. हमारे पास शानदार खिलाड़ी हैं. कौन जानता है, आने वाले समय में यही खिलाड़ी दुनिया की सबसे बड़ी लीगों में खेलते दिखाई दें."
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केप वर्डे के खिलाफ मेसी ने 29वें मिनट में अर्जेंटीना के लिए पहला गोल किया
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कैसा रहा मुकाबला?
इस मुकाबले की शुरुआत केप वर्डे ने काफी आक्रामक अंदाज में की. शुरुआती कुछ मिनटों में उसने अर्जेंटीना पर दबाव बनाया. लेकिन धीरे-धीरे अर्जेंटीना ने मैच में दबाव बनाना शुरू किया और फिर लगभग पूरा पहला हाफ ही केप वर्डे के गोलपोस्ट के पास ही खेला गया और 29वें मिनट में लियोनेल मेसी के शानदार गोल से अर्जेंटीना को 1-0 की बढ़त मिली.इस नामेंट में यह मेसी का सातवां गोल था, जिससे वह एक बार फिर गोल्डन बूट की रेस में टॉप पर पहुंच गए हैं.
दूसरे हाफ में केप वर्डे ने जोरदार वापसी की. रायन मेंडेस के बेहतरीन पास पर देरॉय दुआर्ते ने गोल कर मुकाबला 1-1 से बराबर कर दिया. यह वर्ल्ड कप के नॉकआउट राउंड में केप वर्डे का पहला गोल भी था.
वोजिन्हा ने मेसी को कई बार रोका
इसके बाद अर्जेंटीना ने लगातार हमले किए, लेकिन 40 वर्षीय गोलकीपर वोजिन्हा दीवार बनकर खड़े रहे. उन्होंने मेसी के कई शानदार शॉट रोके और मुकाबले को अतिरिक्त समय तक पहुंचा दिया.
शुरुआती 90 मिनट तक दोनों टीमें 1-1 की बराबरी पर ही रही पर जैसे ही एक्स्ट्रा टाइम शुरू हुआ लिसांद्रो मार्टिनेज ने गोल कर एक बार फिर अर्जेंटीना को बढ़त दिला दी.
लेकिन केप वर्डे ने एक बार फिर हार नहीं मानी. सिडने लोपेस काब्राल ने एक शानदार कर्लिंग शॉट लगाकर स्कोर 2-2 की बराबरी पर ला दिया.
बता दें कि कर्लिंग शॉट के दौरान गेंद को फुटबॉलर स्पिन देते हैं जिससे हवा का दबाव फुटबॉल पर एक तरफ कम और दूसरी तरफ ज्यादा हो जाता है. इससे गेंद हवा में ही अपनी दिशा बदल लेती है.
लेकिन मैच के 111वें मिनट में मेसी के कॉर्नर पर क्रिस्टियान रोमेरो का हेडर डीने बॉर्गेस से टकराकर अपने ही गोल में चला गया और अर्जेंटीना को 3-2 की निर्णायक बढ़त मिल गई.
मैच के अंतिम मिनटों में केप वर्डे के पास बराबरी करने का शानदार मौका था, लेकिन अर्जेंटीना के गोलकीपर इमिलानो मार्टिनेज ने बेहतरीन बचाव कर अपनी टीम की जीत सुनिश्चित कर दी.
अब अर्जेंटीना का सामना प्री-क्वार्टर फाइनल (राउंड ऑफ 16) में मिस्र से होगा.
हारकर भी जीत गया केप वर्डे
केप वर्डे इस पूरे टूर्नामेंट में एक भी मैच नहीं जीत सका, लेकिन उसने अपने जज्बे, अनुशासन और संघर्ष से दुनिया भर के फुटबॉल प्रेमियों का दिल जीत लिया.
मेसी जैसी सर्वकालिक महान खिलाड़ी वाली टीम अर्जेंटीना के साथ मुकाबले को एक्स्ट्रा टाइम तक पहुंचा देना ही इस छोटे से अफ्रीकी देश की सबसे बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है.
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