IND vs NZ: क्या ढूंढ रही है टीम इंडिया, गुवाहाटी में क्या है सबसे बड़ा सवाल, लगातार पांचवीं सीरीज जीत पर नज़र

IND vs NZ 3rd T20I: नागपुर टी-20 में भारत ने 11 गेंद के अंदर ही 18 के स्कोर पर अपना पहला विकेट गंवाया तो रायपुर में 7 गेंदों के अंदर अपने पहले दोनों विकेट गंवा दिये.

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IND vs NZ 3rd T20I:

IND vs NZ 3rd T20I: नागपुर और रायपुर में टी-20 मैचों में धमाकेदार जीत ने भारत के लिए वर्ल्ड कप से पहले कई सवाल सुलझा दिए हैं. कप्तान सूर्यकुमार यादव की टी-20 सीरीज़ में 32(22) और 82*(37) रनों की पारी ने भारतीय मिडिल ऑर्डर को एकदम सालिड कर दिया है. नागपुर में अभिषेक शर्मा के तूफ़ान और रिंकू सिंह के फ़िनिशिंग टच ने भी टीम मैनेजमेंट को बड़े मैचों के लिए आश्वस्त कर दिया है. फिर भी टीम की कुछ कड़ियां हैं जिन्हें अब भी दुरुस्त किये जाने की ज़रूरत है. गुवाहाटी में कप्तान सूर्यकुमार यादव और टीम मैनेजमेंट उन सवालों के जवाब ज़रूर ढूंढने की कोशिश करेंगे. 

पावर प्ले में ओपनिंग पार्टनरशिप 

नागपुर टी-20 में भारत ने 11 गेंद के अंदर ही 18 के स्कोर पर अपना पहला विकेट गंवाया तो रायपुर में 7 गेंदों के अंदर अपने पहले दोनों विकेट गंवा दिये. पहले दोनों मैचों में बेहद टैलेंटेड संजू सैमसन 10 और 6 रन बनाकर आउट हुए. संजू सैमसन को बहुत मुश्किल से ये जगह वापस मिली है और वो ज़रूर इसपर टिकना चाहेंगे. टीम मैनेजमेंट भी उनसे बड़ी उम्मीदें कर रहा है.

पूर्व भारतीय क्रिकेटर हरभजन सिंह ने STAR SPORTS पर कॉमेन्ट्री देते हुए टीम इंडिया को एक सुझाव भी दिया है. उनका कहना है, “ज़रूरी नहीं है कि हम पहली गेंद से ही तेज़ खेलना शुरू कर दें. पावरप्ले में भी शुरुआत में थोड़ा संभालकर तेज़ शुरुआत कर सकते हैं.” टीम इस फ़िलॉसफ़ी को मानती है या नहीं, गुवाहाटी में ये देखना दिलचस्प होगा. 

संजू सैमसन पर बढ़ रहा है दबाव

संजू सैमसन के लिए गुवाहाटी में अपनी पारी को बड़ी करने का दबाव होगा. पिछली पांच पारियों में उनके नाम कोई अर्द्धशतक नहीं है. पिछली 10 पारियों में उनके नाम 1 अर्द्धशतक है. पिछली 15 पारियों में उनके नाम 1 शतक और 1 अर्द्धशतक है. लेकिन पिछली 20 पारियों में उनके नाम 3 शतक और एक अर्द्धशतक है. इन्हीं शतकीय पारियों ने उनकी टॉप ऑर्डर में टी-20 में शुभमन गिल की जगह वापसी करवाई है. 


संजू सैमसन का टी-20-I में प्रदर्शन

पिछली 5 पारियों में              0 अर्द्धशतक
पिछली 10 पारियों में            1 अर्द्धशतक
पिछली 15 पारियों में            1 अर्द्धशतक, 1 अशतक
पिछली 20 पारियों में            1 अर्द्धशतक, 3 शतक
पिछले 54 मैचों में                 3 अर्द्धशतक, 3 शतक, 148 स्ट्राइक रेट

  

पांच गेंदबाज़ या बैटिंग पर जोर

उपमहाद्वीप में फ़रवरी और मार्च में वर्ल्ड कप खेले जाने हैं. इस दौरान गर्माहट और समुद्र के पास के मैदानों पर ओस और इसलिए टॉस की अहमियत बढ़ जाएगी. टीम मैनेजमेंट इस बात पर ज़रूर विचार कर रही होगी कि वो टी-20 वर्ल्ड कप किस सोच के साथ जाए- आख़िर तक बैटिंग पर ज़ोर रखे या फिर 5 स्पेशलिस्ट गेंदबाज़ों को तवज्जो दे.

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अगर मैदान पर ओस ज़्यादा हो तो आंकड़े कहते हैं कि लक्ष्य का पीछा करने वाली टीमें ज़्यादा मैच जीत पाती हैं. 7 फ़रवरी से 8 मार्च तक हो रहे टी-20 वर्ल्ड कप के मैच भारत में दिल्ली, अहमदाबाद, कोलकाता, चेन्नई, मुंबई और श्रीलंका में कोलंबो और पैलेकेले के स्टेडियम में खेले जाएंगे. इन जगहों के स्टेडियम में फरवरी-मार्च की गर्माहट भरी रातों और समुद्र की हवाओं की वजह से ओस का असर कहीं ज़्यादा हो सकता है. 

पूर्व भारतीय क्रिकेटर हरभजन सिंह, द टर्बनेटर, ने कहा कि मैच में ओस हो या गेंद गीली हो तो तेज़ गेंदबाज़ भी सटीक गेंदबाज़ी नहीं कर सकता. लेकिन मैचविनर गेंदबाज़ (मसलन, बुमराह, अर्शदीप, हर्षित, कुलदीप और वरुण चक्रवर्ती) विकेट निकाल सकते हैं. इसलिए उनके मुताबिक टीम इंडिया मैच में 8 नंबर के बैटर के बजाए 5 स्पेशलिस्ट गेंदबाज़ों के साथ जाना चाहिए. ऐसा करने से ओस के फ़ैक्टर का एक सॉल्यूशन, हल निकल सकता है. 

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भज्जी का मानना है कि इन मैचों में वरुण चक्रवर्ती और कुलदीप यादव दोनों को एक साथ खिलाना चाहिए, क्योंकि ये मैचविनर गेंदबाज़ हैं. उन्होंने कहा कि अगर मैच फंसा हो तो ये दोनों गेंदबाज़ मैच निकाल सकते हैं. ऐसे में ये भी देखना होगा कि गुवाहाटी में अगर जसप्रीत बुमराह की वापसी होती है कि पेसर्स कॉम्बिनेशन क्या होगा और क्या कुलदीप यादव और वरुण चक्रवर्ती जोड़ीदार स्पिनर के तौर पर बल्लेबाज़ों का शिकार करेंगे?

इन सबके अलावा टीम इंडिया तकरीबन अपनी सारी गुत्थियां सुलझा चुकी है. अगर गुवाहाटी में टीम इंडिया न्यूज़ीलैंड के ख़िलाफ़ जीत हासिल कर (2019 के बाद) लगातार पांचवीं सीरीज़ कब्जे में कर पाती है तो टीम इंडिया की वर्ल्ड कप से पहले ये परफ़ेक्ट शुरुआत होगी.  उसके बाद (गुवाहाटी के बाद) आख़िरी दो टी-20 में (28 जनवरी- विशाखापत्तनम, 31 जनवरी- तिरुवनंतपुरम) टीम इंडिया के पास एक्स्ट्रा प्रयोग के मौक़े रहेंगे. 

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भारत बनाम न्यज़ूलैंड टी-20 सीरीज, भारत में 

कुल सीरीज                          4
न्यूज़ीलैंड की जीत (2012)      1
भारत जीता                          3

भारत बनाम न्यज़ूलैंड टी-20 सीरीज, टोटल 

कुल सीरीज                          8
न्यूज़ीलैंड की जीत (2012)      3
भारत जीता                          5

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