India vs South Africa: खेले जा रहे T20 World Cup 2026 में रविवार को टीम इंडिया की दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 76 रनों से चौंकाने वाली हार के बाद विश्व क्रिकेट जगत हैरान है. पड़ोसी मजे ले रहे हैं, तो भारतीय पूर्व दिग्गजों ने सुझावों की झड़ी लगा दी है. वहीं, अब अपनी टीम की जीत के बाद शानदार गेंदबाजी करने वाले लुंगी एंगिडी ने उस 'मंत्र' का जिक्र किया है, जो उन्होंने भारत में सीखा, लेकिन अब इसी मंत्र से उन्होंने भारतीय बल्लेबाजों का पसीना रविवार को नरेंद्र मोदी स्टेडियम की काली मिट्टी की पिच पर छुड़ा दिया. लुंगी एंगिडी ने टी20 क्रिकेट में अच्छा गेंदबाज बनने का श्रेय इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) तथा वेस्टइंडीज और चेन्नई सुपर किंग्स के पूर्व ऑलराउंडर ड्वेन ब्रावो को दिया. एंगिडी ने चेन्नई सुपर किंग्स के साथ बिताये गए समय में अपने गेंदबाजी कौशल को नया स्वरूप दिया. इस दौरान उन्होंने ब्रावो को देखकर और उनके साथ बिताए गए कई घंटों ने अपनी धीमी गेंद को निर्णायक हथियार में बदल दिया. भारत के खिलाफ (India V/S South Africa) रविवार को यहां खेले गए टी20 विश्व कप के मैच में एंगिडी ने अपनी धीमी गेंद का शानदार नमूना पेश किया तथा चार ओवर में केवल 15 रन दिए. धीमी गेंद अब उनके गेंदबाजी कौशल का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गई है.
एंगिडी ने कहा, ‘‘मैंने पहले भी कहा था कि मैं 2018 में ब्रावो के साथ आईपीएल में था. उस पूरे आईपीएल के दौरान मैंने सिर्फ उसी गेंद पर काम किया. मुझे खेलने का मौका नहीं मिल रहा था और इसलिए मुझे अभ्यास करने का समय मिल गया इसके बाद जब मैं दक्षिण अफ्रीका लौटा तो मैंने उस गेंद को परफेक्ट बनाने की कोशिश की.'
उन्होंने स्वीकार किया कि गेंद की गति में बदलाव करने की कला में महारत हासिल करना एक क्रमिक प्रक्रिया है. एंगिडी ने कहा, ‘चाहे वह धीमी यॉर्कर हो, बैक ऑफ लेंथ हो या धीमी उछाल वाली गेंद. यानी एक ही गेंद से तीन अलग-अलग लेंथ की गेंद करना. मुझे लगता है कि आपको अनुमान लगाना होगा कि अगली गेंद कौन सी होगी.' इस दक्षिण अफ्रीकी तेज गेंदबाज ने कहा कि इस दौरान लोगों की निगाह उन पर नहीं पड़ी, जिसका उन्हें फायदा मिला. उन्होंने कहा, 'मुझे लगता है कि शायद मैं लोगों की नजरों से दूर रहकर काम कर रहा हूं. इसलिए बहुत से लोग मुझ पर ध्यान नहीं देते. मुझे लगता है कि इससे मुझे अपनी गेंदबाजी में विविधता लाने में मदद मिली.'














