- संजू सैमसन ने पिछले एक दशक में 55 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 1048 रन बनाए हैं, लेकिन निरंतरता की कमी रही है
- न्यूजीलैंड के खिलाफ हालिया मैचों में उनके स्कोर 10, छह और शून्य रहे, जिससे उनकी खराब फॉर्म उजागर हुई
- सैमसन 47 पारियों में 25 बार पहले दस गेंदों में आउट हुए, उनका औसत 17.87 और स्ट्राइक रेट 117.85 रहा है
Sanju Smason vs Gautam Gambhir :प्रतिभा की कोई कमी नहीं लेकिन पिछले एक दशक के दौरान टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर में प्रदर्शन में निरंतरता की कमी संजू सैमसन को भारतीय क्रिकेट की सबसे दिलचस्प विरोधाभासी शख्सियतों में एक बनाती है. न्यूजीलैंड के खिलाफ पहले तीन मैचों में 10, छह और शून्य के स्कोर के साथ उनका हालिया खराब प्रदर्शन भी निराशाजनक तस्वीर पेश करता है.उनकी यह कमजोर फॉर्म तब और अधिक परेशान करती है जब उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी ईशान किशन का खेल प्रशंसकों और विशेषज्ञों दोनों से वाहवाही लूट रहा है.
क्रिकेट में आंकड़ों और ‘डेटा' के बीच एक स्पष्ट अंतर होता है, जिसे अक्सर लोग एक ही मान लेते हैं. जहां आंकड़े एक सपाट तस्वीर पेश करते हैं, वहीं ‘डेटा' उन्हीं आंकड़ों का गहराई ये विश्लेषण करने की कोशिश करता है. सैमसन ने 11 वर्षों में खेले गए 55 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में 147 से अधिक की स्ट्राइक रेट से 1048 रन बनाए हैं (आधुनिक टी20 क्रिकेट में औसत को अपेक्षाकृत कम महत्व दिया जाता है).
इस दौरान उनके नाम तीन अर्धशतक और तीन शतक हैं, जिनमें से दो 2024 के अंत में दक्षिण अफ्रीका की धरती पर आए। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उनकी स्ट्राइक रेट 131, इंग्लैंड के खिलाफ 118 और न्यूजीलैंड के खिलाफ घटकर 113 रह जाती है
पिछले साल की शुरुआत में इंग्लैंड ने लगातार पांच मैचों में शरीर की ओर तेज और शॉट गेंदें डालकर उन्हें परेशानी में डाला, जिससे वे बिना ताकत और टाइमिंग के जल्दबाजी में पुल शॉट खेलने को मजबूर हुए. मैट हेनरी (दो बार) और काइल जैमीसन (130 के आस-पास की गति से गेंदबाजी करने वाले) ने इस साल (2026) सीधी लाइन में या लेग-मिडिल की दिशा में गेंदें डालीं, जिससे सैमसन को ऑफ-साइड पर खुलकर खेलने का मौका नहीं मिला.
गंभीर को टेंशन
टी-20 वर्ल्ड कप अगले महीने खेला जाने वाला है. ऐसे में संजू का खराब फॉर्म टीम इंडिया के लिए टेंशन लेकर आ रहा है. खासकर प्लेइंग इलेवन को लेकर असमंजस की स्थिति है. खराब फॉर्म से गुजर रहे संजू सैमसन ने न्यूजीलैंड के खिलाफ चौथे T20I से पहले नेट्स पर जमकर पसीना बहाया. उन्होंने अक्षर पटेल, वरुण चक्रवर्ती, अभिषेक और साइड-आर्मर रघु जैसे विभिन्न गेंदबाजों का सामना करते हुए 30 मिनट से अधिक बल्लेबाजी की है गौतम गंभीर, संजू को लय में हर हाल में लाना चाहते हैं, यही कारण है कि उनके पीछे ज्यादा वक्त बिताया जा रहा है
टीम मैनेजमेंट का भी साथ मिलने से सैमसन को अपनी गलतियों को सुधारने के लिए कुछ राहत मिली है.
भारत के बॉलिंग कोच मोर्ने मोर्कल ने बुधवार को विशाखापत्तनम में चौथे T20I से पहले कहा, "संजू सिर्फ एक अच्छी पारी दूर हैं अपनी फॉर्म वापस पाने से, हम सब जानते हैं कि फॉर्म आती-जाती रहती है.. वर्ल्ड कप से पहले, खिलाड़ियों के लिए सही समय पर अपनी बेस्ट परफॉर्मेंस देना ज़रूरी है. वह अच्छी ट्रेनिंग कर रहे हैं, वह गेंद को बहुत अच्छे से हिट कर रहे हैं. बस कुछ ही समय की बात है जब वह स्कोर बनाएंगे." हालांकि, T20 वर्ल्ड कप काफी निकट है और दूसरी ओर ईशान किशन शानदार फॉर्म में हैं. इसलिए संजू पर दबाव बढ़ता जा रहा है.
(PTI के इनपुट के साथ)














