क्रिकेट प्रेमियों के इंतजार का पल करीब-करीब समाप्त हो चुका है. आईपीएल के 19वें सीजन का आगाज 28 मार्च से हो रहा है. टूर्नामेंट का पहला मुकाबला सनराइजर्स हैदराबाद और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के बीच एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला जाएगा. अहम मुकाबले से पूर्व बीते बुधवार (24 मार्च 2026) को मुंबई में सभी फ्रेंचाइजी के कप्तानों की बैठक हुई. जहां 'इम्पैक्ट सब्स्टीट्यूट' नियम और आचार संहिता जैसे प्रमुख विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई. यहीं नहीं खिलाड़ियों ने मुख्य जंग से पहले खूब हंसी मजाक भी किया. जिसकी कुछ तस्वीरें सामने आई हैं, जो इस प्रकार हैं-
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मस्ती के मूड में पंत और पंड्या
मुस्कुराते हुए गिल
शॉट लगाते हुए अक्षर पटेल
हंसी मजाक करते सभी कप्तान
पंड्या का मस्तमौला अंदाज
किशन की हुंकार
कुर्सी पर बैठकर पंत का निराला शॉट
'इम्पैक्ट सब्स्टीट्यूट' पर कप्तानों ने दर्ज कराई आपत्ति
आईपीएल के अधिकतर कप्तानों ने बुधवार को इंपैक्ट प्लेयर नियम पर अपनी आपत्ति दर्ज की जिसको लेकर 2023 में इसके लागू होने के बाद से ही लोगों की अलग-अलग राय है. भारतीय क्रिकेट बोर्ड (BCCI) ने 2024 में इंपैक्ट प्लेयर नियम को 2027 तक बढ़ा दिया था. इसके बावजूद इस रणनीतिक नियम पर प्रशंसकों और खिलाड़ियों के बीच समान रूप से बहस जारी है.
आईपीएल के एक सूत्र ने पीटीआई को बताया, 'अधिकांश कप्तानों ने इम्पैक्ट प्लेयर नियम पर अपने विचार रखे और अपनी आपत्तियां व्यक्त कीं, हालांकि बीसीसीआई ने इस नियम को 2027 तक बढ़ा दिया है. उन्हें बताया गया कि इसकी समीक्षा केवल आईपीएल 2027 के बाद ही की जा सकती है, उससे पहले नहीं.'
दिल्ली कैपिटल्स के कप्तान अक्षर पटेल ने इस सप्ताह की शुरुआत में इंपैक्ट प्लेयर नियम की आलोचना की थी. रोहित शर्मा जैसे खिलाड़ी पहले ही इसके खिलाफ अपनी आवाज उठा चुके हैं.
अक्षर ने कहा था, 'मुझे यह नियम पसंद नहीं है क्योंकि मैं खुद एक ऑलराउंडर हूं. पहले हम इस भूमिका (बल्लेबाजी और गेंदबाजी) के लिए ऑलराउंडरों को चुनते थे. अब टीम प्रबंधन किसी विशेषज्ञ बल्लेबाज या गेंदबाज को चुनता है. उनका कहना है कि हमें अब ऑलराउंडर की क्या जरूरत है.'
उन्होंने कहा था, 'एक ऑलराउंडर होने के नाते मुझे यह पसंद नहीं है, लेकिन नियम तो नियम होते हैं. हमें उनका पालन करना ही होगा. लेकिन निजी तौर पर आप मुझसे पूछे तो मुझे यह नियम पसंद नहीं है.'
रोहित ने 2024 में कहा था कि वह इम्पैक्ट प्लेयर की अवधारणा के प्रशंसक नहीं हैं, क्योंकि इससे भारतीय क्रिकेट में ऑलराउंडरों के विकास में बाधा आती है, जबकि इसके अगले सत्र में हार्दिक पंड्या ने कहा था कि इंपैक्ट प्लेयर नियम के कारण टीम में ऑलराउंडर को चुनना मुश्किल हो गया है.
ग्लेन फिलिप्स जैसे विदेशी खिलाड़ियों ने भी कहा है कि यह नियम ऑलराउंडरों के भविष्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है.
फिलिप्स ने कहा था, 'मुझे ऐसा लगता है कि किसी न किसी स्तर पर ऑलराउंडरों के कम प्रचलित होने और उनके कम होने की समस्या हो सकती है, जिसका जाहिर तौर पर अंतरराष्ट्रीय खेल, अंतरराष्ट्रीय टी20 और अंतरराष्ट्रीय एक दिवसीय मैचों पर असर पड़ेगा.'
बीसीसीआई ने पिछले सत्र में ओस से निपटने के लिए दूसरी पारी के 10वें ओवर के बाद टीमों को एक गेंद बदलने की अनुमति दी थी. बुधवार को एक कप्तान ने प्रस्ताव रखा कि टीमों को पहली पारी के 10वें ओवर के बाद गेंद बदलने की अनुमति दी जानी चाहिए.
सूत्र ने बताया, 'पहली पारी के 10 ओवरों के बाद गेंद बदलने का प्रस्ताव रखा गया था, लेकिन इसे ज्यादा समर्थन नहीं मिला. दूसरी पारी में आमतौर पर ओस ज्यादा पड़ती है, इसलिए मौजूदा नियम लागू रहेगा.'
आईपीएल के कप्तानों की इस बैठक में सभी कप्तान भारतीय थे क्योंकि सनराइजर्स हैदराबाद के नियमित कप्तान पैट कमिंस की अनुपस्थिति में ईशान किशन उसकी कप्तानी कर रहे हैं. कप्तानों ने इस बैठक में आईपीएल के अधिकारियों से अभ्यास को लेकर दिशानिर्देशों के बारे में जानकारी भी हासिल की.
फ्रैंचाइजी के साथ साझा किए गए दिशानिर्देशों के अनुसार, मैच के दिनों में किसी भी प्रकार के अभ्यास की अनुमति नहीं होगी और 'यदि कोई टीम अपना अभ्यास जल्दी समाप्त कर लेती है, तो दूसरी टीम को अपने अभ्यास के लिए विकेटों का उपयोग करने की अनुमति नहीं होगी.'
सूत्र ने बताया, 'कप्तान अभ्यास को लेकर दिशानिर्देशों में अधिक स्पष्टता चाहते थे और उन्हें उचित जानकारी मुहैया कराई गई.' भाषा इनपुट के साथ.
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