दिल्ली में GlobE नेटवर्क की बड़ी बैठक, भ्रष्टाचार के खिलाफ वैश्विक रणनीति पर मंथन

देश की राजधानी नई दिल्ली में GlobE नेटवर्क की 12वीं स्टीयरिंग कमेटी बैठक शुरू हुई है, जिसकी मेजबानी भारत कर रहा है. तीन दिन की इस बैठक में 15 देशों के प्रतिनिधि भ्रष्टाचार के खिलाफ वैश्विक सहयोग मजबूत करने पर चर्चा कर रहे हैं.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • नई दिल्ली में भारत की मेजबानी में ग्लोबल ऑपरेशनल नेटवर्क ऑफ एंटी‑करप्शन लॉ एनफोर्समेंट की 12वीं बैठक शुरू हुई
  • बैठक में 15 प्रमुख देशों के प्रतिनिधि शामिल हैं जो वैश्विक स्तर पर भ्रष्टाचार से मुकाबले पर चर्चा कर रहे हैं
  • GlobE नेटवर्क 135 देशों, 250 से अधिक एजेंसियों को जोड़ता है जिसका भ्रष्टाचार से जुड़े धन की जांच में सहयोग
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।

नई दिल्ली में आज से भ्रष्टाचार के खिलाफ वैश्विक लड़ाई को मजबूत करने के उद्देश्य से एक अहम अंतरराष्ट्रीय बैठक शुरू हो गई है. यह बैठक ग्लोबल ऑपरेशनल नेटवर्क ऑफ एंटी‑करप्शन लॉ एनफोर्समेंट अथॉरिटीज (GlobE नेटवर्क) की 12वीं स्टीयरिंग कमेटी मीटिंग है, जिसकी मेजबानी इस बार भारत कर रहा है. 3 दिन तक चलने वाली यह बैठक 23 मार्च से 25 मार्च 2026 तक आयोजित की जा रही है, जिसमें दुनिया के 15 प्रमुख देशों के प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं।

उद्घाटन सत्र में जांच एजेंसियों के प्रमुख शामिल

बैठक के उद्घाटन सत्र में सीबीआई के डायरेक्टर, प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के डायरेक्टर, संयुक्त राष्ट्र के ड्रग्स और क्राइम ऑफिस (UNODC) से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न देशों के प्रतिनिधि मौजूद रहे. इस दौरान इस बात पर विस्तार से चर्चा की जा रही है कि भ्रष्टाचार से निपटने के लिए वैश्विक स्तर पर सहयोग को और कैसे मजबूत किया जाए.

क्या है GlobE नेटवर्क

GlobE नेटवर्क एक अंतरराष्ट्रीय प्लेटफॉर्म है, जो विभिन्न देशों की जांच एजेंसियों को भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों में सीधे संपर्क और जानकारी साझा करने की सुविधा देता है. यह नेटवर्क सऊदी अरब की G20 अध्यक्षता के दौरान शुरू हुआ था. वर्तमान में इसमें 135 देश और 250 से अधिक एजेंसियां जुड़ी हुई हैं, जिससे भ्रष्टाचार से जुड़े धन को ट्रैक करना, जब्त करना और वापस लाना आसान हो जाता है.

नेटवर्क में भारत की बढ़ती भूमिका

भारत इस नेटवर्क का सदस्य 2022 में बना था और 2024 में उसे स्टीयरिंग कमेटी में भी जगह मिली. भारत की ओर से सीबीआई और ईडी इस नेटवर्क में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं. दोनों एजेंसियां मिलकर न केवल भ्रष्टाचार के मामलों की जांच करती हैं, बल्कि अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों को जब्त करने में भी अहम योगदान दे रही हैं.

Advertisement

ईडी और सीबीआई के डायरेक्टर का संदेश

उद्घाटन सत्र में ईडी के डायरेक्टर ने कहा कि आज के दौर में सिर्फ भ्रष्टाचार का खुलासा करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उससे जुड़े पैसे को वापस लाना सबसे बड़ी सफलता है. उन्होंने बताया कि ईडी अब तक करीब 5.6 अरब डॉलर की संपत्तियां वापस दिला चुकी है. वहीं, सीबीआई के डायरेक्टर ने कहा कि भ्रष्टाचार अब सीमाओं तक सीमित नहीं है और टेक्नोलॉजी के कारण यह और जटिल हो गया है, ऐसे में देशों के बीच तेज और मजबूत सहयोग बेहद जरूरी है.

कई देशों की भागीदारी, रणनीति पर मंथन

इस बैठक में भारत के अलावा ब्राजील, चीन, इटली, रूस, सऊदी अरब, स्पेन, दक्षिण अफ्रीका और यूएई जैसे देश शामिल हैं. अगले तीन दिनों तक ये देश मिलकर GlobE नेटवर्क को और मजबूत बनाने, नई रणनीतियों पर काम करने और आपसी सहयोग बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा करेंगे। कुल मिलाकर, इस बैठक का आयोजन वैश्विक स्तर पर भ्रष्टाचार के खिलाफ भारत की बढ़ती भूमिका को दर्शाता है.

Advertisement
Featured Video Of The Day
Crude Oil Price News | Trump Big Statement | ट्रंप के ऐलान के बाद कच्चे तेल पर सबसे बड़ी खबर! | War