खास बातें
- रिजर्व बैंक के डिप्टी गवर्नर केसी चक्रवर्ती ने कहा कि महंगाई और तरलता की कमी पर चिंताओं को दूर करने के लिए उचित समय पर कदम उठाए जाएंगे।
Mumbai: उच्च मुद्रास्फीति व तरलता की कमी के बीच रिजर्व बैंक के डिप्टी गवर्नर केसी चक्रवर्ती ने कहा कि इन चिंताओं को दूर करने के लिए उचित समय पर उचित कदम उठाए जाएंगे। यह पूछे जाने पर कि क्या रिजर्व बैंक द्वारा सीआरआर घटाए जाने की संभावना है, चक्रवर्ती ने कहा, मैं भी यह प्रेस में पढ़ रहा हूं कि रिजर्व बैंक किसी भी समय कोई भी उपाय कर सकता है। एक दूसरे सवाल पर कि ऐसे समय में जब मुद्रास्फीति काफी ऊंची है, क्या नकद आरक्षित अनुपात में कटौती एक उचित उपाय होगा, उन्होंने कहा, नकदी बढ़ाने के लिए उचित समय पर उचित कदम उठाया जाएगा। रिजर्व बैंक ने पिछली बार मई, 2010 में सीआरआर में परिवर्तन किया था और तब से यह छह प्रतिशत पर बना हुआ है। यानी बैंकों को अपनी परिसंपत्तियों का छह प्रतिशत रिजर्व बैंक के पास रिजर्व के तौर पर रखना अनिवार्य है।