- भारत ने 2025 के दौरान लगभग 7.20 लाख करोड़ का प्रत्यक्ष विदेशी निवेश आकर्षित किया है, जो अब तक का सबसे अधिक है
- वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि भारत की दूसरी तिमाही में जीडीपी वृद्धि दर आठ प्रतिशत से अधिक रही
- भारत ने हाल के महीनों में कई महत्वपूर्ण मुक्त व्यापार समझौते किए हैं और अन्य देशों के साथ बातचीत जारी है
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के 'रेसिप्रोकल टैरिफ' की वजह से अंतरराष्ट्रीय व्यापार में उथल-पुथल और अंतरराष्ट्रीय राजनीति में अनिश्चितता के बावजूद भारत साल 2025 के दौरान अब तक लगभग 7.20 लाख करोड़ (80 अरब डॉलर) का प्रत्यक्ष विदेशी निवेश आकर्षित करने में सफल रहा है. वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शनिवार को दिल्ली में आयोजित भारत-ब्राजील व्यापार मंच को संबोधित करते हुए ये अहम जानकारी दी.
भारत-ब्राजील व्यापार मंच में ब्राज़ील के राष्ट्रपति लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा की मौजूदगी में पीयूष गोयल ने भारत और ब्राज़ील के उद्योगपतियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से आगे बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था है, जिसकी दूसरी तिमाही में जीडीपी की वृद्धि दर 8 प्रतिशत से अधिक रही है.
ब्राज़ील के उद्योगपतियों को भारतीय अर्थव्यवस्था में ज़्यादा निवेश करने के लिए प्रोत्साहित करते हुए पीयूष गोयल ने कहा कि हाल के महीनों में भारत ने कई अहम मुक्त व्यापार समझौते (Free Trade Agreements) किए हैं, और कई अन्य देशों और ब्लॉक्स के साथ मुक्त व्यापार समझौतों को फाइनल करने के लिए सक्रिय रूप से बातचीत चल रही है.
गोयल ने कहा, "इन समझौतों के साथ, भारत को अब वैश्विक व्यापार के लगभग दो-तिहाई हिस्से तक प्राथमिकता की पहुंच प्राप्त है. इज़रायल और खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के साथ संदर्भ की शर्तें तय कर ली गई हैं, कनाडा के साथ बातचीत शुरू हो गई है और निकट भविष्य में आगे की बातचीत शुरू होने की संभावना है."
वाणिज्य मंत्रालय के मुताबिक, पिछले साल भारत और ब्राज़ील के बीच द्विपक्षीय व्यापार में 25 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज़ की गयी है, और यह अब बढ़कर 15 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया है. भारत चाहता है कि दोनों देशों के बीच आर्थिक संबंधों को और मजबूत करने के लिए नई पहल की ज़रूरत है.
MERCOSUR क्षेत्र भारत के लिए बेहद महत्वपूर्ण है. भारत सरकार बाजार पहुंच (market access) बढ़ाने, निवेश को बढ़ावा देने, प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में आपसी साझेदारी को आगे बढ़ाने और खेल, शिक्षा तथा संस्कृति में द्विपक्षीय संबंधों को मज़बूत करने के लिए भारत-मर्कोसुर तरजीही प्राथमिकता व्यापार समझौते (India–MERCOSUR Preferential Trade Agreement) का विस्तार करने के लिए पहल कर रहा है.














