Gold-Silver Price Prediction: साल 2026 की शुरूआत सोने-चांदी की कीमतों के लिए धमाकेदार शुरू हुई थी. जनवरी महीने में गोल्ड जहां 1.80 लाख के जादुई आंकड़े पर पहुंच गया था, वहीं चांदी 2.40 लाख रुपये के ऑल-टाइम हाई लेवल पर टच कर गई. इसके बाद इजरायल और ईरान के बीच हुई जंग में निवेशकों ने सोचा कि कीमतें और ऊपर जाएंगी पर हुआ इसके उलट. वैश्विक उठा-पटक और डॉलर इंडेक्स मजबूत होने से सोने-चांदी के दाम धराशाई हो गए.
सोने-चांदी में लौटी बहार
हालांकि बीते दो सेशन से सोने-चांदी की कीमतों में एक बार फिर से तेजी देखी जा रही है. अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के शांति वाले बयान से जंग रुकने की उम्मीद ने निवेशकों को एक बार फिर सोने-चांदी की तरफ मोड़ा है. 25 मार्च 2026 के दिन एमसीएक्स पर सोने में 5,188 रुपये (3.73%) की तेजी देखी गई, वहीं चांदी में 10,759 रुपये (4.80%) की ग्रोथ हुई. अब सभी निवेशकों के मन में सवाल आ रहा है कि सोने-चांदी की कीमतें कहां तक जाएंगी? साथ ही कहां रेजिस्टेंस दिखाई दे सकता है. इन सभी सवालों के जवाब कमोडिटी एक्सपर्ट और केडिया एडवाइजरी के फाउंडर अजय केडिया ने दिया.
Gold-Silver Price Prediction
सोने और चांदी की कीमतें कितनी ऊपर जा सकती हैं?
अजय केडिया का कहना है कि इस समय सोना और चांदी दोनों की कीमतें गिरावट में हैं. सिर्फ मार्च में ही सोने की कीमतें करीब 19.5% गिर चुकी हैं, जो पिछले 50 सालों में सबसे बड़ी गिरावटों में से एक है. इसका मतलब है कि लोग लगातार गोल्ड को बेच रहे हैं. खासकर इसलिए क्योंकि ETF से पैसे निकाले जा रहे हैं और आगे कड़ी मौद्रिक नीतियों की उम्मीद है.
साथ ही उन्होंने फेड का जिक्र करते हुए कहा कि अमेरिका के फेडरल रिजर्व का कदम भी बहुत मायने रखता है. पहले उम्मीद थी कि 2026 में ब्याज दरें घटेंगी, लेकिन अब ऐसी उम्मीद कम हो गई है. उल्टा अब तो ये चर्चा है कि ब्याज दरें बढ़ भी सकती हैं. अगर ऐसा होता है, तो सोने-चांदी जैसी कीमती धातुओं की कीमतों पर और दबाव पड़ता है, यानी ये इनके लिए बुरा संकेत है.
कहां रह सकती हैं कीमतें?
अजय केडिया के अनुसार सोने के लिए अंतर्राष्ट्रीय कीमतों की बात करें तो अभी का सपोर्ट 4,000 डॉलर के पास, डीपर सपोर्ट 3,450 डॉलर के आसपास और रेजिस्टेंस 5,180 डॉलर के पास हो सकता है. वहीं घरेलू मार्केट में सोने का सपोर्ट 1,15,000–1,20,000 रुपये पर और रेजिस्टेंस 1,50,000 के पास हो सकता है. वहीं चांदी के लिए अंतर्राष्ट्रीय मार्केट में सपोर्ट 52 डॉलर, रेजिस्टेंस 85 डॉलर पर देखने को मिल सकता है. घरेलू बाजार में चांदी का सपोर्ट 1,75,000 रुपये रेजिस्टेंस 2,75,000 रुपये पर जा सकता है.
गोल्ड-सिल्वर का भविष्य
भविष्य में चाल को लेकर अजय केडिया ने बताया कि, सोने-चांदी का रेश्यो 65 से बढ़कर 70–75 तक जा सकता है, जिसका मतलब है कि चांदी का प्रदर्शन और भी कमजोर रह सकता है. कुल मिलाकर, जब तक व्यापक आर्थिक हालात बेहतर नहीं होते, तब तक दबाव बना रहेगा.














