अमेरिकी टैंकर पर ईरानी हमले में बिहार के व्यक्ति की मौत, इराक से सिंगापुर जा रहा था जहाज

इराक के बसरा से सिंगापुर जा रहे एक तेल टैंकर पर ईरानी हमले में बिहार के रहने वाले देवनंदन प्रसाद की मौत हो गई है. इस जहाज में 28 लोग सवार थे. बाकी सभी सुरक्षित हैं.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
देवनंदन प्रसाद.
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • इराक के समुद्री क्षेत्र में अमेरिकी तेल टैंकर पर ईरान के हमले में भागलपुर के देवनंदन प्रसाद सिंह की मौत हुई
  • हमले के वक्त तेल टैंकर पर कुल 28 लोग सवार थे, जिनमें से 27 को सुरक्षित बचा लिया गया था
  • यह हमला खोर अल-जुबैर पोर्ट के पास हुआ था, जब तेल टैंकर बसरा से सिंगापुर की ओर जा रहा था
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
भागलपुर:

मिडिल ईस्ट में संकट गहराता जा रहा है. अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमले के बाद शुरू हुई जंग दिन-ब-दिन भड़कती जा रही है. इसी बीच खबर है कि इराक के समुद्री क्षेत्र में एक अमेरिकी तेल टैंकर 'सेफसी विष्णु' पर ईरान के हमले में भागलपुर के रहने वाले देवनंदन प्रसाद सिंह की मौत हो गई है. जिस वक्त ईरान ने हमला किया था, उस वक्त जहाज पर कुल 28 लोग सवार थे, जिनमें से 27 को सुरक्षित बचा लिया गया लेकिन देवनंदन प्रसाद सिंह की मौत हो गई.

कब और कैसे हुआ था हमला?

जानकारी के मुताबिक, यह हमला इलराक के खोर अल-जुबैर पोर्ट के पास उस समय हुआ जब तेल टैंकर अपने गंतव्य की ओर बढ़ रहा था. हमला इतना जबरदस्त था कि जहाज बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया. देवनंदन प्रसाद सिंह इस शिपिंग कंपनी में एडिशनल चीफ इंजीनियर के पद पर तैनात थे और अपनी ड्यूटी निभा रहे थे. 

समुद्री ट्रैकिंग वेबसाइट के मुताबिक, 2007 में निर्मित और मार्शल आइलैंड्स के झंडे तले संचालित यह विशालकाय क्रूड ऑयल टैंकर इराक के बसरा से सिंगापुर की ओर जा रहा था. बुधवार की रात जब यह जहाज बसरा के पास था, तभी ईरानी सेना की ओर से इसे निशाना बनाया गया.

'क्या पता था आखिरी बातचीत होगी'

हमले के बाद जहाज में सवार 27 क्रू मेंबर को सुरक्षित निकालकर इराक के बसरा शहर ले जाया गया है. हालांकि, देवनंदन की जान नहीं बच सकी. उनके चचेरे भांजे अमित सिंह ने बताया कि बुधवार शाम को ही परिवार की उनसे आखिरी बार बातचीत हुई थी. उस समय उन्होंने बताया था कि वे समुद्र में हैं और ईरान के रास्ते आगे बढ़ रहे हैं. ड्यूटी पर होने के कारण उन्होंने ज्यादा बात नहीं की थी, किसे पता था कि यह उनकी आखिरी बातचीत साबित होगी.

Advertisement

इस घटना ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर काम करने वाले नाविकों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. अनुमान है कि दुनियाभर में लगभग 15 प्रतिशत नाविक भारतीय हैं, ऐसे में पश्चिम एशिया का तनाव सीधे तौर पर भारतीय नागरिकों के जीवन को खतरे में डाल रहा है.

Featured Video Of The Day
Iran vs Us-israel war: Hormuz में रडार से गायब होकर मुंबई पहुंचा ऑयल टैंकर! | Iran-US War-Geopolitic
Topics mentioned in this article