बिहार में कैमूर जिले के मोहनिया नगर के चांदनी चौक पर बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब इंडेन गैस एजेंसी के वाहनों का ट्रैफिक पुलिस द्वारा चालान काटे जाने के विरोध में गाड़ियां बीच सड़क पर खड़ी हो गईं. इस दौरान सड़क पर जाम की स्थिति बन गई. जानकारी के अनुसार, इंडेन गैस एजेंसी के कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि ट्रैफिक पुलिस द्वारा बिना कनेक्शन के गैस सिलेंडर की मांग की जा रही थी. जब एजेंसी कर्मियों ने नियमों का हवाला देते हुए सिलेंडर देने से इनकार किया तो पुलिस ने उनके वाहनों का चालान काट दिया.
पुलिसकर्मी पर बदतमीजी का आरोप
पहला चालान मंगलवार को काटा गया और आज बुधवार की सुबह भी इंडेन गैस एजेंसी की गाड़ी को रोक चलान काटने का मामला सामने आया है. एजेंसी के मैनेजर राम शंकर झा ने कहा कि मैं एजेंसी पर गैस वितरण करने जा रहा था. ट्रैफिक पुलिस द्वारा मुझे रोका गया और लाइसेंस मांगा गया. जब मैंने लाइसेंस दिखाया तो उनके द्वारा कहा गया कि इस पर कुछ दिखाई नहीं दे रहा और मेरे साथ बदतमीजी भी की गई.
धमकी देकर पुलिसवाले लेते हैं सिलेंडर
इस कार्रवाई से नाराज एजेंसी के कर्मियों ने विरोध जताते हुए कुछ देर के लिए गाड़ियों को सड़क पर खड़ा कर दिया, जिससे चांदनी चौक पर वाहनों की लंबी कतार लग गई और आम लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा. आरोप है कि ट्रैफिक पुलिस के सब इंस्पेक्टर संतोष कुमार पर आरोप है कि इंडेन गैस एजेंसी पर तीन दिन से गैस के लिए जा रहे थे. गैस एजेंसी मालिक प्रदीप पटेल ने कहा कि पुलिस वाले किसी का कनेक्शन नहीं है, धमकी देकर गैस सिलेंडर ले जाते हैं.
सब इंस्पेक्टर ने आरोपों पर क्या कहा?
हालांकि, ट्रैफिक पुलिस के सब इंस्पेक्टर संतोष कुमार ने कहा कि मेरे द्वारा रोज यहां पर वाहन जांच किया जा रहा है. बगैर सीट बेल्ट, बगैर हेलमेट की गाड़ियों का चालान किया जा रहा है. आरोप पूरी तरह से बेबुनियाद है. एसडीएम रत्ना प्रियदर्शनी ने कहा कि ट्रैफिक द्वारा गाड़ियों की चेकिंग लगाई गई थी. उसी दौरान गैस एजेंसी की गाड़ी का भी कुछ पेपर नहीं था. इसलिए फाइन किया गया. इसलिए गैस सिलेंडर वालों के द्वारा रोड जाम किया गया था. बिना कनेक्शन गैस मांगने पर कहा कि ये जांच का विषय है. (प्रमोद कुमार के इनपुट के साथ)
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