बिहार के रोहतास जिले से चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर आयोजित भागवत कथा के दौरान हिंसा की एक सनसनीखेज घटना सामने आई है. इंद्रपुरी थाना क्षेत्र के नारायणपुर गांव में धार्मिक माहौल उस समय अचानक तनाव में बदल गया, जब पूजा-अर्चना के दौरान दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मारपीट शुरू हो गई. इस दौरान मौके पर अफरातफरी मच गई और जिससे कई लोग घायल भी हो गए.
कथा में आरती के दौरान विवाद
बताया जाता है कि 26 मार्च को गांव के हनुमान मंदिर परिसर में भैसहां पंचायत के उपमुखिया लोकनाथ यादव के नेतृत्व में भागवत कथा का आयोजन किया गया था. पूरे गांव के लोग इस धार्मिक आयोजन में शामिल हुए थे और माहौल पूरी तरह भक्तिमय था, लेकिन कथा के समापन के दौरान शुरू हुई आरती के वक्त अचानक विवाद उत्पन्न हो गया. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आरती के दौरान पूजा करने और आगे बढ़ने को लेकर कुछ लोगों के बीच कहासुनी शुरू हुई.
यह मामूली विवाद देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया. दोनों पक्षों के लोग आमने-सामने आ गए और जमकर लाठी-डंडे चलने लगे. इस दौरान भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई, जिससे महिलाएं और बच्चे भी सहम गए. इस हिंसा में कई लोग घायल हो गए, जिनमें उपमुखिया लोकनाथ यादव भी शामिल हैं. बताया जा रहा है कि वह दिव्यांग हैं और उन्हें भी गंभीर चोटें आई हैं.
लाठी-डंडे बंदूक लहराते दिखे लोग
घटना के करीब एक सप्ताह बाद अब इस मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि कुछ लोग खुलेआम मारपीट कर रहे हैं और हाथों में लाठी-डंडे व बंदूक लहराते नजर आ रहे हैं. वीडियो सामने आने के बाद यह मामला और भी गंभीर हो गया है. स्थानीय लोगों में इस घटना को लेकर आक्रोश और भय का माहौल बना हुआ है. लोग इस बात से हैरान हैं कि एक धार्मिक आयोजन के दौरान इस तरह की हिंसा कैसे हो सकती है.
वीडियो के आधार पर जांच में जुटी पुलिस
घटना को लेकर दोनों पक्षों की ओर से थाने में आवेदन दिया गया है. पुलिस ने प्राप्त शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है. इस मामले में कई लोगों को नामजद आरोपी बनाया गया है. जानकारी के अनुसार, पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ भी शुरू कर दी है. साथ ही वायरल वीडियो के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है. पुलिस पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वीडियो फुटेज और गवाहों के बयान के आधार पर कार्रवाई की जाएगी. किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा.














