- नरगिस मोहम्मदी ईरान की प्रमुख मानवाधिकार कार्यकर्ता हैं, जो महिलाओं पर अत्याचार के खिलाफ आवाज उठाती हैं
- नरगिस मोहम्मदी कुल साढ़े सात साल की सजा सुनाई गई है.
- नरगिस मोहम्मदी को 2023 में नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था
Narges Mohammadi: नरगिस मोहम्मदी ईरान की एक प्रमुख मानवाधिकार कार्यकर्ता और नोबेल शांति पुरस्कार विजेता हैं, जो ईरान में महिलाओं पर हो रहे अत्याचार और राजनीतिक दमन के खिलाफ अभियान चलाने के लिए जानी जाती हैं. ईरान में उन्हें साढ़े सात साल जेल की सजा सुनाई गई है, जिसके बाद वह एक बार फिर चर्चा में आ गई हैं. नरगिस मोहम्मदी को साल 2023 में नोबेल शांति पुरस्कार दिया गया था. नरगिस मोहम्मदी के वकील ने रविवार को सजा के बारे में बताया, तो ईरानी अधिकारियों के साथ दशकों से चल रही उनकी लड़ाई को और आगे बढ़ा दिया. ईरानी सरकार और नरगिस मोहम्मदी के बीच संघर्ष पिछले कई दशकों से चला आ रहा है.
नरगिस मोहम्मदी कौन हैं?
53 साल की इंजीनियर और लेखिका नरगिस मोहम्मदी मानवाधिकार रक्षक केंद्र (डीएचआरसी) की उपाध्यक्ष हैं, जिसकी स्थापना नोबेल पुरस्कार विजेता शिरीन एबादी ने की थी. वे ईरान में मानवीय गरिमा और महिलाओं के अधिकारों के लिए चल रहे संघर्ष की प्रतिनिधि हैं. उन्हें 2023 में 'ईरान में महिलाओं पर हो रहे अत्याचार के खिलाफ लड़ाई और सभी के लिए मानवाधिकार और स्वतंत्रता को बढ़ावा देने के लिए' नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था. नरगिस मोहम्मदी ने पिछले एक दशक का अधिकांश समय जेल में बिताया है. जब वे तेहरान की एविन जेल में बंद थीं, तब उनके बच्चों ने ओस्लो में उनकी ओर से पुरस्कार लिया था.
नरगिस मोहम्मदी को किस अपराध में कितनी-कितनी सजा?
- राष्ट्रीय सुरक्षा के विरुद्ध सभा और साजिश रचने के आरोप में छह साल की सजा.
- सरकार के विरुद्ध प्रचार करने के आरोप में डेढ़ साल की सजा.
- सुदूर शहर खुस्फ में दो साल का आंतरिक निर्वासन.
- भविष्य में रिहाई होने पर दो साल का यात्रा प्रतिबंध.
- यह नई सजा उनकी पहले से चल रही लगभग 14 साल की सजा में जुड़ जाती है.
- नरगिस मोहम्मदी की कुल जेल की सजा अब दो दशकों से अधिक (21.5 साल) हो गई है.
नरगिस मोहम्मदी को क्यों मिली साढ़े सात साल की सजा?
नरगिस मोहम्मदी को 12 दिसंबर, 2025 को मशहद में मानवाधिकार वकील खोसरो अलीकोर्डी के लिए आयोजित एक शोक सभा में शामिल होने के बाद गिरफ्तार किया गया था. नरगिस मोहम्मदी पर 'भड़काऊ बयानबाजी' करने और सभा में उपस्थित लोगों को 'नियम तोड़ने वाले नारे लगाने' और 'शांति भंग करने' के लिए उकसाने का आरोप लगाया. मोहम्मदी ने अपनी नई सजा की घोषणा के दिन एक सप्ताह लंबी भूख हड़ताल समाप्त कर दी.
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ठीक नहीं है नरगिस मोहम्मदी की सेहत
नरगिस मोहम्मदी के समर्थक उनके स्वास्थ्य को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त कर रहे हैं. उनको दिल का दौरा पड़ चुका है. हाल ही में हड्डी की चोट के लिए उनकी सर्जरी हुई थी. नरगिस मोहम्मदी ईरान में मृत्युदंड को समाप्त करने और अनिवार्य हिजाब कानूनों का विरोध करती रही हैं. उन्हें 13 बार गिरफ्तार किया गया है और पांच बार दोषी ठहराया गया है. हालांकि, जेल से भी वह 'महिला, जीवन, स्वतंत्रता' आंदोलन में एक प्रमुख आवाज रही हैं, कैदियों के बीच विरोध प्रदर्शन आयोजित करती रही हैं. ईरान के लोगों को उन्होंने लिखा- जीत आसान नहीं है, लेकिन निश्चित है.














