- सऊदी अरब के रक्षा मंत्री की पाकिस्तान के चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ फील्ड मार्शल असीम मुनीर से मुलाकात
- बैठक में सऊदी अरब पर ईरान के हमलों और उन्हें रोकने के लिए आवश्यक कदमों पर चर्चा हुई
- दोनों देशों ने संयुक्त सामरिक रक्षा समझौते के तहत क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता बनाए रखने पर सहमति व्यक्त की
अमेरिका-इजरायल की ईरान के खिलाफ जंग का दायरा बढ़ता जा रहा है. ईरान अमेरिकी सैन्य ठिकानों वाले देश यूएई, सऊदी अरब, बहरीन, कुवैत, ओमान से लेकर इराक तक लगातार मिसाइलें और ड्रोन दाग रहा है. इस बीच पाकिस्तान के फील्ड मार्शल आसिम मुनीर अचानक सऊदी अरब पहुंचे हैं और वहां के रक्षा मंत्री खालिद बिन सलमान से मुलाकात की है. सऊदी अरब से पाकिस्तान ने पिछले साल सुरक्षा समझौता किया था और दोनों देशों ने एक-दूसरे पर हमले की स्थिति में सैन्य सहयोग का वादा किया था. ऐसे में यह कयास लगाए जा रहे हैं कि क्या पाकिस्तान सऊदी की मदद के लिए ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई में सहयोग करने वाला है.
ये भी पढ़ें : ईरान पर ‘निर्णायक रात' की आहट? अमेरिका ने भेजा तीसरा एयरक्राफ्ट कैरियर, इजरायल के बड़े हमले शुरू
सऊदी रक्षा मंत्री ने क्या कहा
सऊदी अरब के रक्षा मंत्री खालिद बिन सलमान के मुताबिक दोनों पक्षों ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि ऐसे हमले क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता को कमजोर करते हैं. बैठक में इस उम्मीद का इजहार भी किया गया कि ईरान समझदारी दिखाएगा और किसी भी तरह की गलत आकलन (miscalculation) से बचेगा. इसके साथ ही रक्षा मंत्री ने यह भी कहा कि दोनों देशों के बीच सहयोग को जारी रखते हुए क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने पर सहमति बनी.
ये भी पढ़ें : युद्ध के बीच 3 ईरानी जहाजों की कहानी: एक अमेरिकी हमले में तबाह, दूसरा भारत और तीसरे ने श्रीलंका में ली पनाह
मुनीर से मुलाकात, ईरान को चेतावनी
सऊदी अरब ने को ईरान को चेतावनी दी कि वह "गलत कैलकुलेशन" में शामिल न हो, क्योंकि मिडिल ईस्ट क्षेत्र में बढ़ते संघर्ष के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है. सऊदी के रक्षा मंत्री खालिद बिन सलमान अल सऊद ने पाकिस्तान के आर्मी चीफ फील्ड मार्शल असीम मुनीर के साथ मीटिंग के बाद यह चेतावनी दी. चर्चा के बाद, मंत्री ने उम्मीद जताई कि ईरान "समझदारी और तर्क से काम करेगा" और ऐसे कदम उठाने से बचेगा जो पहले से ही अस्थिर स्थिति को और भड़का सकते हैं, उन्होंने तेहरान से "गलत कैलकुलेशन" से बचने की अपील की. इस बीच, सऊदी अरब ने बताया कि उसके एयर डिफेंस सिस्टम ने एक और हमले को सफलतापूर्वक रोक दिया.
पाकिस्तान और सऊदी के बीच डिफेंस डील
पाकिस्तान और सऊदी अरब के बीच अहम डिफेंस डील हो चुकी है, जिसके अनुसार उनमें से किसी भी देश पर किसी भी हमले को ‘दोनों देशों पर हमला' माना जाएगा. ऐसे में इस मुलाकात के कई मायने निकाले जा रहे हैं, लेकिन पाकिस्तान ने अभी इस तरह का कोई संकेत नहीं दिया है कि वो मिडिल ईस्ट में भड़के तनाव में अपने हाथ जलाएगा. ये बात किसी से छिपी नहीं है कि पाकिस्तान के हालत कितने खस्ता हाल है.














