नेपाल में फिर 26 अगस्त जैसे हालात का डर, बूढ़ी गंडक में बाढ़ से तीन पुल बहे; मकान-दुकान भी नहीं बचे

नेपाल पहले ही 26 अगस्त को एक व‍िनाशकारी अचानक बाढ़ की भयानक त्रासदी देख चुका है, जिसमें हजारों लोगों ने अपनी जान गंवा दी थी.

विज्ञापन
Read Time: 4 mins
बूढ़ी गंडक नदी में अचानक आई बाढ़ से 3 पुल बहे
काठमांडू:

नेपाल में एक बार फिर से कुदरत का कहर देखने को मिला है. बूढ़ी गंडक नदी में अचानक आई बाढ़ से 3 पुल बह गए. नदी के किनारे कई मीटर तक लोगों के मकान और दुकान भी नहीं बचे. रविवार सुबह गोरखा में बूढ़ी गंडकी नदी में अचानक आई इस बाढ़ से चुमनुबरी और धारचे ग्रामीण नगरपालिकाओं में बस्तियों, पुलों और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है. बाढ़ अपने साथ कई घर, दो सस्पेंशन फुटब्रिज और गाड़ियों के चलने लायक एक लोहे का पुल बहा ले गई.

साथ ही, कई बस्तियों में घरों में पानी भर गया और अन्य घर खतरे की जद में आ गए. एक कंस्ट्रक्शन कैंप और एक हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट का कुछ सामान भी बाढ़ में बह गया.

शुरुआती रिपोर्टों से पता चलता है कि चुमनुबरी ग्रामीण नगरपालिका-6 में लोकपा और चुमलिंग के बीच सियार नदी में भूस्खलन के कारण नदी का बहाव रुक गया होगा, जिससे यह बाढ़ आई. एक और संभावित कारण चुमचेट में उंगिलुंग नदी के पास भूस्खलन से नदी का अवरुद्ध होना हो सकता है. सही कारण का अभी पता नहीं चल पाया है और अधिकारी अभी भी नुकसान का ब्योरा जुटा रहे हैं.

सुबह करीब 4 बजे उग्युलुंग और सियार नदियों से तेज़ आवाज़ें सुनने के बाद स्थानीय लोग और पर्यटक सुरक्षित जगहों पर भागने लगे. स्थानीय लोगों ने बताया कि पानी का स्तर घटता-बढ़ता रहा.

Advertisement
गोरखा के मुख्य ज़िला अधिकारी धर्मेंद्र कुमार मिश्र ने बताया कि अधिकारियों को चुमनुबरी में सिरदिबास के ऊपर भूस्खलन की शुरुआती रिपोर्ट मिली है. जगत में नदी के किनारे बसे इलाके में पांच से सात घर बह गए. किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है. चुमनुबरी ग्रामीण नगरपालिका की उपाध्यक्ष लक्ष्मी गुरुंग ने बताया कि वार्ड 3 के घट्टीखोला में भी घर बह गए हैं. स्थानीय प्रशासन और पुलिस लाउडस्पीकर के ज़रिए नदी के किनारे रहने वाले लोगों को सुरक्षित इलाकों में जाने के लिए आगाह कर रहे थे.

एक और जबरदस्‍त बाढ़ की चेतावनी जारी

इधर नेपाल बाढ़ पूर्वानुमान विभाग ने रव‍िवार सुबह एक और जबरदस्‍त बाढ़ की चेतावनी जारी की है. नेपाल का राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण और प्रबंधन प्राधिकरण ने बूढ़ी गंडक नदी में जबरदस्त बाढ़ आने की आशंका जताई है. व‍िभाग ने लोगों से नदी से दूर रहने और ऊंची जगहों पर जाने की अपील की है.

नेपाल के नेशनल डिजास्टर रिस्क रिडक्शन एंड मैनेजमेंट अथॉरिटी ने सोशल मीडिया पोस्‍ट में लिखा, "बूढ़ी गंडकी नदी में चुमानुवमी रूरल म्युनिसिपैलिटी-6 की तरफ से जबरदस्त बाढ़ आ रही है. इसलिए, जब तक बाढ़ गुजर न जाए, त्रिशूली दोभान तक नदी के पास न जाएं. ऊंची जगहों पर रहें."

Advertisement

अथॉरिटी के अनुसार, तेज बहाव के कारण नदी का जलस्‍तर में खतरनाक रूप से वृद्ध‍ि हो सकती है. नदी के आसपास और न‍िचले इलाकों में रहने वालों के ल‍िए यह बहुत ही खतरनाक हो सकता है. अथॉरिटी ने लोगों से समय रहते जल्‍दी से जल्‍दी सुरक्षित और ऊंचाई वाले स्‍थानों में जाने की अपील की है. हालांक‍ि व‍िभाग की ओर से बाढ़ का कोई निश्चित समय नहीं बताया गया है.

नेपाल पहले ही 26 अगस्त को एक व‍िनाशकारी अचानक बाढ़ की भयानक त्रासदी देख चुका है, जिसमें हजारों लोगों ने अपनी जान गंवा दी थी. यह बाढ़ तब आई जब भोटेकोसी नदी की सहायक नदी 'ल्हेन्डे' का प्रवाह एक हिमस्खलन के कारण रुक गया. इसके बाद सबसे पहले नेपाल-चीन सीमा के पास रसुवागढ़ी क्षेत्र में स्थित तिमुरे गांव प्रभावित हुआ.

रिपोर्ट में कहा गया है कि इलाके में बारिश नहीं हुई थी, इसलिए लोगों को इस आपदा के आने का कोई अंदाजा नहीं था. बाढ़ आने के समय लोग अपनी रोजमर्रा की गतिविधियों में लगे हुए थे.

26 अगस्त को नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ से भौतिक संपत्तियों को करीब 1.66 अरब अमेरिकी डॉलर का सीधा आर्थिक नुकसान हुआ. विश्व बैंक की एक रिपोर्ट के मुताबिक, इस कुल नुकसान का 83 प्रतिशत हिस्सा बुनियादी ढांचे से जुड़ा है.

भौतिक नुकसान को लेकर विश्व बैंक का अनुमान नेपाल सरकार की प्रारंभिक 'रैपिड डैमेज एंड नीड्स असेसमेंट' (आरडीएनए) रिपोर्ट के आंकड़ों से काफी मिलता-जुलता है. सरकार ने अपने शुरुआती आकलन में नुकसान करीब 1.81 अरब अमेरिकी डॉलर बताया था.

Advertisement

इसे भी पढ़ें: नेपाल बाढ़ के बाद शुरू हुआ सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन अब खत्म, 189 भारतीयों समेत 5,285 लोग अब भी लापता


Topics mentioned in this article
Nepal Floods
Budhi Gandaki Hydroelectricity Project
Nepal Tragedy News
Flood In Nepal