"हम अमेरिका के साथ टकराव नहीं चाहते, लेकिन...", Su-27 लड़ाकू जेट से ड्रोन के टकराने पर भड़का रूस

अमेरिका और रूस के बीच तनाव बढ़ता नजर आ रहा है. रूस का कहना है कि मास्‍को काला सागर के ऊपर हुई रूसी Su-27 लड़ाकू जेट और अमेरिकी सैन्य ड्रोन से जुड़ी घटना को उकसावे के रूप में देखता है.

विज्ञापन
Read Time: 20 mins

अमेरिका निगरानी और हमले दोनों के लिए MQ-9 रीपर का उपयोग करता है

मास्‍को:

ब्‍लैक सी में हुई ड्रोन घटना के बाद अमेरिका और रूस में तनाव बढ़ता नजर आ रहा है. रूस काला सागर के ऊपर हुई रूसी Su-27 लड़ाकू जेट और अमेरिकी सैन्य ड्रोन से जुड़ी घटना को उकसावे के रूप में देखता है. मंगलवार को रूस की आरआईए राज्य समाचार एजेंसी ने संयुक्त राज्य अमेरिका में रूसी राजदूत अनातोली एंटोनोव का हवाला देते हुए ये बात कही. इससे पहले अमेरिका ने रूसी राजदूत अनातोली एंटोनोव को तलब किया और कहा कि अमेरिकी विमानों का रूसी सीमा के पास होने से कोई लेना-देना नहीं है. 

एंटोनोव ने कहा, "रूस अमेरिका से टकराव नहीं चाहता है. हम इस घटना को एक उकसावे के रूप में देखते हैं." रूस ने इस बात से भी इनकार किया है कि कोई संपर्क किया गया था. साथ ही कहा कि ड्रोन "युद्धाभ्यास" के बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गया. एंटोनोव ने कहा कि विदेश विभाग में उनकी बैठक "रचनात्मक" थी और इस घटना को लेकर मास्को के लिए संभावित "परिणामों" का मुद्दा नहीं उठाया गया.

एंटोनोव ने कहा, "जहां तक ​​हमारी बात है, हम अमेरिका और रूस के बीच कोई टकराव नहीं चाहते. हम रूसी और अमेरिकी लोगों के लाभ के लिए व्यावहारिक संबंध बनाने के पक्ष में हैं."

Advertisement

इधर, पेंटागन ने कहा कि अमेरिकी सैन्य एमक्यू-9 निगरानी ड्रोन मंगलवार को रूसी एसयू-27 जेट के प्रोपेलर से टकराने के बाद काला सागर में दुर्घटनाग्रस्त हो गया. US एयरफोर्स के जनरल जेम्स हैकर ने कहा, "हमारा MQ-9 रीपर इस इलाके में रूटीन गश्त पर था. यह इंटरनेशनल एयरस्पेस है. यहां रूस के एक एयरक्राफ्ट ने इसे इंटरसेप्ट करने की कोशिश की. ड्रोन पूरी तरह तबाह हो गया है." 

Advertisement

इस घटना के बाद अमेरिका और रूस में तनाव बढ़ सकता है. अमेरिका का कहना है कि रूस की एयरफोर्स का रवैया बेहद गैरजिम्मेदाराना और भड़काऊ है. इसे प्रोफेशनल वर्क आउट भी नहीं कहा जा सकता. हम इस मामले की जांच कर रहे हैं. बताया जा रहा है कि ये घटना उस वक्त हुई, जब अमेरिकी ड्रोन और रूस के दो फाइटर जेट SU-27 काला सागर के ऊपर अंतरराष्ट्रीय जल सीमा में गश्‍त लगा रहे थे.

Advertisement
(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)
Topics mentioned in this article