- ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच सैन्य तनाव के कारण खाड़ी देशों में हवाई यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया है
- दुबई स्थित PetX Jets कंपनी ने पालतू जानवरों के लिए शुरू की गई सेवा को अब मानवीय निकासी में बदल दिया है
- प्राइवेट जेट किराए में हवाई क्षेत्र बंद होने और बढ़ती मांग के कारण दोगुना से अधिक वृद्धि हुई है
ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच बढ़ते सैन्य तनाव ने खाड़ी देशों में हवाई यातायात को पूरी तरह से अस्त-व्यस्त कर दिया है. जहां एक ओर प्रमुख कमर्शियल एयरलाइंस ने अपनी उड़ानें रद्द कर दी हैं, वहीं दूसरी ओर संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और कतर से सुरक्षित बाहर निकलने के लिए लोग अब 'प्राइवेट जेट' का सहारा ले रहे हैं. इसका सबसे अनोखा असर पालतू जानवरों के लिए शुरू की गई नई चार्टर सेवाओं पर भी पड़ा है.
पेट्स के लिए शुरू हुई कंपनी, अब इंसानों को बचाने में जुटी
सैम्युअल लैट ने पिछले शनिवार को दुबई में अपनी नई फर्म 'PetX Jets' की शुरुआत की थी. उनका उद्देश्य पालतू जानवरों और उनके मालिकों को दुबई से ब्रिटेन के बीच प्रीमियम हवाई यात्रा उपलब्ध कराना था. लेकिन संघर्ष शुरू होने के बाद से उनकी कंपनी का परिदृश्य पूरी तरह बदल गया है.
सैम्युअल बताते हैं, "हमें लगा था कि लोग अपने पालतू जानवरों के साथ यात्रा के लिए संपर्क करेंगे, लेकिन अब हमारा इनबॉक्स गर्भवती , बुजुर्गों और युवाओं के अनुरोधों से भरा पड़ा है, जो किसी भी तरह इस क्षेत्र से बाहर निकलना चाहते हैं."
आसमान छू रहे हैं दाम: दोगुना हुआ किराया
क्षेत्र में हवाई क्षेत्र (Airspace) बंद होने और उड़ानों की भारी मांग के कारण प्राइवेट जेट के किराए में दोगुने से अधिक की वृद्धि देखी गई है. फ्रांस स्थित प्राइवेट जेट ब्रोकर Jet-VIP के सीईओ अल्ताई कुला के अनुसार:
- छोटे विमान (6 यात्री): पहले जिसका किराया $50,000 (करीब 42 लाख रुपये) था, वह अब $100,000 (84 लाख रुपये) तक पहुंच गया है.
- बड़े विमान (15 यात्री): $110,000 वाला सफर अब $200,000 (1.68 करोड़ रुपये) में मिल रहा है.
ओमान और सऊदी अरब के जरिए पलायन
दुबई और कतर जैसे प्रमुख हवाई अड्डों पर क्षमता बेहद कम होने के कारण, लोग अब सड़क मार्ग से सीमा पार कर ओमान (मस्कट) या सऊदी अरब (रियाद) जा रहे हैं. वहां से प्राइवेट जेट के जरिए सुरक्षित देशों की उड़ानें भरी जा रही हैं. हालांकि, वहां भी लैंडिंग स्लॉट मिलना एक बड़ी चुनौती बना हुआ है. कई बार उड़ान की अनुमति मिलने में ही 24 घंटे से अधिक का समय लग रहा है.
विमान आपूर्तिकर्ताओं ने विमानों के इस्तेमाल की लागत बढ़ा दी है, जिससे नई कंपनियों के लिए उड़ान भरना चुनौतीपूर्ण हो गया है.
भविष्य की राह: 4.6 अरब डॉलर का बाजार
तनाव के बावजूद, विशेषज्ञों का मानना है कि पालतू जानवरों के साथ यात्रा करने का वैश्विक बाजार 2032 तक 4.6 अरब डॉलर का हो जाएगा. आंकड़ों के अनुसार, 40% मध्यम आयु वर्ग के यात्री अब अपने पालतू जानवरों को साथ ले जाना पसंद करते हैं.
फिलहाल, 'पेटएक्स जेट्स' जैसी कंपनियां स्थिति सामान्य होने का इंतज़ार कर रही हैं. सैमुअल लैत का कहना है कि वे तब तक बड़े पैमाने पर परिचालन शुरू नहीं करेंगे, जब तक हवाई क्षेत्र पूरी तरह खुल नहीं जाता और कीमतें वापस सामान्य स्तर पर नहीं आ जातीं.














