AI में भारत कितना दमदार, IMF चीफ ने अश्विनी वैष्णव से विवाद पर दी सफाई

आईएमएफ चीफ ने प्रोडक्टिविटी और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए एआई की वैश्विक क्षमता पर जोर देते हुए कहा, "हमारा आकलन है कि एआई के परिणामस्वरूप वैश्विक विकास में 0.8% की बढ़ोतरी हो सकती है."

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
एआई रैंकिंग विवाद पर IMF की सफाई.
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • IMF ने दावोस में जारी एआई इंडेक्स में भारत को दूसरे स्तर पर रखा था, अब उसने सफाई दी है
  • आईएमएफ चीफ ने भारत की डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर और कुशल श्रम शक्ति की सराहना की
  • IT मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भारत को एआई में तीसरे स्थान पर बताते हुए आईएमएफ की रैंकिंग पर असहमति जताई थी
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
दावोस:

स्विट्जरलैंड के दावोस में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर IMF ने एक इंडेक्स जारी किया था, जिसमें भारत को दूसरे स्तर पर रखा गया था, इस लिस्ट में टॉप पर सिंगापुर, अमेरिका और डेनमार्क को रखा गया था. हालांकि भारत ने इस पर असहमति भी जताई थी. IMF की  प्रबंध निदेशक क्रिस्टालिना जॉर्जीवा ने अब इस पर सफाई दी है. उन्होंने कहा है कि संगठन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में भारत की प्रगति की बहुत ही सराहना करता है.

ये भी पढ़ें- कम लागत पर ज्यादा लाभ....कैसा है भारत का AI मॉडल, दावोस में अश्विनी वैष्णव ने बताया

IMF चीफ ने की भारत की तारीफ

क्रिस्टालिना जॉर्जीवा का यह स्पष्टीकरण भारत के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव के साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में भारत की वैश्विक स्थिति पर हुई सार्वजनिक चर्चा के बाद सामने आया है. दावोस के वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में एनडीटीवी के विष्णु सोम से बातचीत में जॉर्जीवा ने कहा, "मैं यह स्पष्ट करना चाहती हूं कि जिस तरह भारत ने डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर और आईटी में स्किल्ड लेबर फोर्स के क्षेत्र में विकास किया है, हम उसकी सराहना करते हैं."

भारत को टॉप AI देशों की लिस्ट से रखा था बाहर

आईएमएफ चीफ का ये बयान अश्विनी वैष्णव द्वारा भारत को एआई विकसित देशों के "दूसरे ग्रुप" में रखे जाने की उनकी कथित कैटेगरी को चुनौती देने के एक दिन बाद आई है. उन्होंने स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी की रैंकिंग का हवाला देते हुए दावा किया था कि भारत एआई के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर तीसरे स्थान पर है और टॉप लिस्ट में शामिल होने का हकदार है.

गलत रैंकिंग के लिए मॉडरेटर को ठहराया दोषी

अश्विनी वैष्णव ने दावोस में कहा, "मुझे नहीं पता कि IMF का क्या पैरामीटर है, लेकिन स्टैनफोर्ड ने एआई तैयारियों में भारत को विश्व में तीसरे नंबर पर रखा है. मुझे नहीं लगता कि आपका क्लासिफिकेशन सही है." जॉर्जीवा ने इस बहस को मामूली बताते हुए इसे "मामूली सी बात" करार दिया. उन्होंने आईएमएफ के रुख को गलत तरीके से पेश करने के लिए मॉडरेटर को दोषी ठहराया. उन्होंने कहा, "मॉडरेटर अटकलें लगा रहे थे. हमारा मानना ​​है कि भारत एआई के विकास में अग्रणी देशों में से एक है."

AI के साथ भारत की अर्थव्यवस्था और बेहतर होगी

आईएमएफ चीफ ने प्रोडक्टिविटी और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए एआई की वैश्विक क्षमता पर जोर देते हुए कहा, "हमारा आकलन है कि एआई के परिणामस्वरूप वैश्विक विकास में 0.8% की बढ़ोतरी हो सकती है."

जॉर्जियेवा ने भारत की की तारीफ करते हुए इसे एक "गतिशील अर्थव्यवस्था" बताया. उन्होंने कहा कि एआई के साथ, यह और भी बेहतर होगा. वह इस बात से प्रभावित हैं कि भारत अन्य देशों के साथ प्रतिस्पर्धा करने के लिए एआई को किस तरह अपना रहा है, जबकि अन्य देश अलग-अलग रास्ते अपना रहे हैं.

Advertisement
Featured Video Of The Day
Bihar Rajya Sabha Election 2026: बिहार राज्यसभा चुनाव: RJD का सूपड़ा साफ? | Pawan & Nitin Naveen