बांग्लादेश में इंकलाब मंच के नेता शरीफ उस्मान हादी की हत्या को लेकर बांग्लादेश ने एक बार फिर से भारत पर आरोप मढ़ा है. बांग्लादेशी मीडिया रिपोर्ट्स में ढाका पुलिस के हवाले से दावा किया गया है कि हत्या का मास्टरमाइंड और पूर्व जुबो लीग नेता तैजुल इस्लाम चौधरी बप्पी कोलकाता में छिपा हुआ है. हालांकि स्थानीय पुलिस ने इससे साफ इनकार किया है.
'हादी की हत्या की साजिश पूर्व पार्षद ने रची'
ढाका मेट्रोपॉलिटन डिटेक्टिव ब्रांच (DB) ने चौंकाने वाला दावा किया है कि उस्मान हादी की हत्या की पूरी साजिश मीरपुर के पूर्व वार्ड पार्षद और जुबो लीग के नेता तैजुल इस्लाम चौधरी बप्पी ने रची थी. बांग्लादेशी पुलिस का दावा है कि बप्पी ही इस हत्याकांड का मास्टरमाइंड है और इस वक्त वह कोलकाता में छिपा हुआ है. हालांकि भारत हादी की हत्या में शामिल लोगों के भारत में होने की बात से इनकार करता रहा है.
जुबो लीग के नेताओं ने किया इनकार
स्थानीय निवासियों के हवाले में दावा किया गया है कि ये लोग पिछले करीब एक साल से अपनी पहचान बदलकर वहां रह रहे हैं. ये लोग खुद को बांग्लादेशी पुलिस का अधिकारी बताकर रह रहे हैं. दावा है कि बप्पी के साथ जुबो लीग के नेता मुफीकुर रहमान उज्जल और सजीबुल इस्लाम भी इस फ्लैट में रह रहे हैं. हालांकि इन नेताओं ने मीडिया से बातचीत में बप्पी के फ्लैट में होने से इनकार किया है.
बप्पी के हिरासत में होने पर पुलिस क्या बोली?
वहीं अवामी लीग के विश्वसनीय सूत्रों ने दावा किया है कि बप्पी को भारत की पुलिस पहले ही हिरासत में ले चुकी है. हालांकि कोलकाता के नारायणपुर थाने की पुलिस ने इन दावों को पूरी तरह खारिज किया है. बिधाननगर के पुलिस कमिश्नर कार्यालय के अधिकारियों का भी कहना है कि उनके पास ऐसी कोई सूचना नहीं है कि हादी हत्याकांड का कोई भी आरोपी कोलकाता में छिपा है. यह मामला चूंकि दो देशों के बीच का है इसलिए लोकल पुलिस इस पर अधिक कुछ कहने से बच रही है.
बांग्लादेश में सांप्रदायिक हिंसा पर सरकार का बयान
इधर, भारत सरकार ने बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों को लेकर शु्क्रवार को अपनी गहरी चिंता व्यक्त की और सांप्रदायिक घटनाओं से सख्ती से निपटने का आह्वान किया. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों, उनके ठिकानों पर कट्टरपंथियों के बार-बार हमले परेशान करने वाला पैटर्न बन चुके हैं. प्रवक्ता ने जोर देकर कहा कि इन हमलों को रोकने के लिए ठोस कदम उठाना और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना वहां की सरकार की जिम्मेदारी है.
अल्पसंख्यकों में डर और असुरक्षा बढ़ी
भारत ने बांग्लादेश के उस चिंताजनक रवैये की भी आलोचना की, जिसमें ऐसी हिंसा को निजी दुश्मनी, राजनीतिक मतभेद या अन्य बाहरी कारणों का हवाला देकर कम करके आंका जा रहा है. प्रवक्ता ने साफ कहा कि ऐसी घटनाओं की अनदेखी करना या उन्हें गलत संदर्भ देना अपराधियों के हौसले को ही बुलंद करता है. इसकी वजह से अल्पसंख्यकों में डर और असुरक्षा की भावना बढ़ रही है.














