पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर यानी POK में पाकिस्तान सरकार और सेना के खिलाफ गुस्सा अब बगावत में बदल गया है. महंगाई, बिजली-पानी की किल्लत, राजनीतिक प्रतिनिधित्व न मिलना और दमनकारी नीतियों से तंग आकर लोग सड़कों पर उतर आए हैं और अब सीधे 'आज़ादी' की मांग कर रहे हैं. रावलकोट में 40 दिनों से ज्यादा समय से जन आंदोलन चल रहा है. इस बीच JAC नेता अमन खान का बड़ा बयान आया है. उन्होंने पाकिस्तान के उस नैरेटिव को खारिज किया, जिसमें POK को 'आजाद कश्मीर' कहा जाता है. अमन खान ने कहा कि ये 'मुनाजा' इलाका नहीं, बल्कि 'मकबूजा' यानी कब्जे वाला इलाका है. उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर के भविष्य का फैसला करने का हक सिर्फ यहां की जनता और उनकी आने वाली पीढ़ियों के पास है. प्रदर्शन अब सिर्फ आम लोग तक सीमित नहीं रहा. POK की स्कूली छात्राएं भी मैदान में उतर कर 'आजीदी' के नारे लगा रही हैं. प्रदर्शनकारियों ने 'मुजफ्फराबाद चलो' का ऐलान किया है.