पंजाब में नशे (चिट्टा) की समस्या को लेकर राज्य सरकार और प्रशासन एक बार फिर गंभीर सवालों के घेरे में है. पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा से एक जनसभा में नशे पर तीखा सवाल पूछने वाले बुजुर्ग गुलजार सिंह ने सल्फास खाकर आत्महत्या कर ली. अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई. मृतक गुलजार सिंह ने आत्महत्या से पूर्व एक वीडियो संदेश में अपनी मौत के लिए पंजाब के कैबिनेट मंत्री हरपाल सिंह चीमा और स्थानीय ग्राम सरपंच को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया. मृतक के परिजनों और बेटे का आरोप है कि कार्यक्रम में मंत्री से नशे की खुली बिक्री को लेकर सवाल पूछने के बाद उन पर भारी दबाव बनाया जा रहा था. उन्हें लगातार धमकाया गया और मंत्री से सार्वजनिक माफी मांगने के लिए विवश किया गया, जिससे आहत और भयभीत होकर उन्होंने यह घातक कदम उठाया.