Prateek Yadav Death Mystery: प्रतीक यादव की जान कैसे गई? उनकी डॉक्टर ने सारे सीक्रेट बता दिए

prateek yadav Death news, Pulmonary Embolism Explained:  प्रतीक यादव की मौत से हर कोई शॉक में है. अब उनकी तबीयत और अचानक बिगड़ी स्थिति को लेकर अब बड़ा खुलासा सामने आया है. उनका इलाज करने वाली डॉक्टर डॉ. रुचिता शर्मा ने NDTV से खास बातचीत में उनकी मेडिकल हिस्ट्री और बीमारी से जुड़े अहम पहलुओं का खुलासा किया है. डॉ. शर्मा के मुताबिक, प्रतीक यादव लंबे समय से उनके मरीज थे और उन्हें पहले से हाई ब्लड प्रेशर और हाइपरटेंशन की समस्या थी. आखिरी बार उन्हें 29 अप्रैल को इमरजेंसी में अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जब उन्हें सीने में दर्द और सांस फूलने की शिकायत हुई थी.

क्या था असली कारण?
जांच के दौरान यह सामने आया कि उन्हें पल्मोनरी एम्बोलिज्म हुआ था. यह एक गंभीर स्थिति होती है, जिसमें फेफड़ों की धमनियों में खून का थक्का (ब्लड क्लॉट) जम जाता है. डॉक्टर ने बताया कि प्रतीक यादव पहले से ही डीप वेन थ्रोम्बोसिस (DVT) के मरीज रह चुके थे. यह बीमारी पैरों की नसों में खून के थक्के बनने से जुड़ी होती है. करीब 2 साल पहले उन्हें इसका एक एपिसोड हुआ था और उन्होंने इलाज भी कराया था, लेकिन बाद में दवा बंद कर दी थी.

लाइफस्टाइल बना बड़ा कारण
डॉ. शर्मा ने यह भी साफ किया कि ओवर एक्सरसाइज को लेकर जो बातें सामने आ रही हैं, वे सही नहीं हैं.
बल्कि इसके उलट, हाल के दिनों में उनकी लाइफस्टाइल ज्यादा जोखिम भरी हो गई थी.

लगातार फ्लाइट्स और लंबी यात्राएं
लंबे समय तक एक ही जगह बैठे रहना
शारीरिक गतिविधि में कमी

इन सभी कारणों ने उनके शरीर में ब्लड क्लॉट बनने का खतरा बढ़ा दिया.

गिरने की घटना का भी जिक्र
डॉक्टर ने यह भी बताया कि अस्पताल में भर्ती होने से एक दिन पहले प्रतीक यादव बाथरूम में फिसलकर गिर गए थे, जिसके चलते उनके शरीर पर चोट के निशान भी थे. वही चोटें पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी दर्ज हुई हैं.

कैसे बना जानलेवा?
डॉ. शर्मा के अनुसार, जब फेफड़ों की धमनियों में क्लॉट जम जाता है और समय पर घुलता नहीं है, तो इसका असर सीधे दिल पर पड़ता है. इस स्थिति में दिल का एक हिस्सा (राइट वेंट्रिकल) प्रभावित होता है, जिससे हार्ट पर अतिरिक्त दबाव बनता है और स्थिति जानलेवा हो सकती है.