राम मंदिर में हुए चढ़ावा चोरी मामले में 3 सदस्यीय SIT आज अपनी फाइनल रिपोर्ट ACS Home को सौंप सकती है. सूत्रों के मुताबिक, रिपोर्ट में ट्रस्ट की लापरवाही और कमजोर निगरानी को चोरी की बड़ी वजह बताया गया है. रिपोर्ट में बिना नाम लिए ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय की जिम्मेदारी तय की गई है. उन पर निगरानी में कमी का आरोप है, लेकिन आपराधिक साजिश में भूमिका का जिक्र नहीं है. ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंददेव गिरी की भूमिका भी सवालों के घेरे में है. SIT ने नियमों में बदलाव और बैंक SOP में ढील के लिए ट्रस्ट पदाधिकारी अनिल मिश्रा को सबसे बड़ा जिम्मेदार माना है. रिपोर्ट में कहा गया है कि आउटसोर्सिंग के जरिए हाउसकीपिंग कर्मियों से चढ़ावे की गिनती कराई जा रही थी और भर्ती ट्रस्ट पदाधिकारियों की सिफारिश पर हुई थी. रिपोर्ट में टिन्नू यादव की भूमिका भी अहम बताई गई है. आधिकारिक पद न होने के बावजूद टिन्नू के पास हुंडियों की चाबी और मंदिर की संवेदनशील जानकारी थी. SIT ने अप्रत्यक्ष रूप से इसकी जवाबदेही चंपत राय पर तय की है. रिपोर्ट के बाद और इस्तीफे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं.