UP Tourism Policy: उत्तर प्रदेश की योगी सरकार अब इतिहास और विरासत को सहेजने वालों के लिए एक शानदार मौका लेकर आई है. पर्यटन विभाग की नई 'पब्लिक म्यूजियम' प्रोत्साहन योजना के तहत, अब आप अपनी जमीन या लीज पर ली गई जगह पर अपना निजी संग्रहालय शुरू कर सकते हैं. यह न सिर्फ संस्कृति को बचाने की एक नेक पहल है, बल्कि कारोबार के लिहाज से भी एक मुनाफे वाला सौदा साबित होने वाला है.
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सब्सिडी का गणित और मोटी कमाई (Public Museum subsidy)
सरकार ने निवेश के हिसाब से अनुदान की झड़ी लगा दी है. अगर आप 10 लाख से 10 करोड़ रुपये तक का निवेश करते हैं, तो आपको सीधे 25 प्रतिशत यानी अधिकतम 2 करोड़ रुपये की सब्सिडी मिलेगी. इतना ही नहीं, निवेश बढ़ते ही सब्सिडी का दायरा भी बढ़ता है. वहीं, महिला उद्यमियों और एससी-एसटी वर्ग के लिए 5 फीसदी का अतिरिक्त बोनस अनुदान भी रखा गया है. स्टांप ड्यूटी और लैंड कन्वर्जन फीस में पूरी छूट सोने पर सुहागा जैसा है.
पर्यटन को मिलेगा नया आयाम (Boosting tourism in Uttar Pradesh)
प्रदेश के पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने साफ कर दिया है कि, इस पहल का मकसद विरासत का व्यवसायीकरण और पर्यटन को नई दिशा देना है, जिन लोगों के पास दुर्लभ कलाकृतियां हैं, वे अब इन्हें पब्लिक म्यूजियम बनाकर पूरी दुनिया के सामने ला सकते हैं. टिकट का रेट तय करने की आजादी भी खुद मालिक के पास होगी, जो इसे एक बेहतरीन बिजनेस मॉडल बनाता है.
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कुल मिलाकर कहें तो ये उन लोगों के लिए बेहतरीन मौका है, जो अपनी संस्कृति से प्यार करते हैं और उसे कमाई का जरिया बनाना चाहते हैं. अपनी धरोहर को धूल झाड़कर बाहर निकालिए, क्योंकि सरकार अब उसे सहेजने और चमकाने का पूरा खर्च उठाने को तैयार है.
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