NPS वात्सल्य के नए नियम लागू: अब बच्चों की पढ़ाई और इलाज के लिए निकाल सकेंगे पैसा, PFRDA ने दी बड़ी राहत!

NPS Vatsalya New Rules: नई गाइडलाइन्स में यह भी बताया गया है कि सब्सक्राइबर के 18 साल पूरे होने के बाद आगे क्या विकल्प होंगे. अकाउंट को NPS Vatsalya में तीन साल तक और जारी रखा जा सकता है.

विज्ञापन
Read Time: 3 mins
NPS Vatsalya New Guidelines: इन नए नियमों का सबसे बड़ा फायदा यह है कि अब बच्चों की पढ़ाई, बीमारी या किसी इमरजेंसी की स्थिति में पैसा निकालना पहले से कहीं ज्यादा आसान और सुरक्षित हो गया है.
नई दिल्ली:

अगर आपने अपने बच्चे के सुनहरे भविष्य के लिए NPS वात्सल्य योजना में निवेश किया है या करने की सोच रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बहुत जरूरी है. पेंशन फंड रेग्युलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (PFRDA) ने बच्चों के लिए शुरू की गई NPS वात्सल्य योजना को लेकर नई गाइडलाइन 2025 जारी कर दी है. इन नियमों का मकसद नाबालिगों के लिए निवेश को सुरक्षित और आसान बनाना है. ये नए नियम सितंबर 2024 में आए पुराने निर्देशों की जगह लेंगे और सिस्टम तैयार होते ही लागू कर दिए जाएंगे.

अब 'स्पेशल स्कीम' के तौर पर जानी जाएगी NPS वात्सल्य

दिसंबर 2025 में हुए बदलावों के बाद, अब NPS वात्सल्य को एक 'खास मकसद वाली स्कीम' (Specific Purpose Scheme) का दर्जा दिया गया है. इससे PFRDA को इस स्कीम के लिए पैसे निकालने और इसे चलाने के अलग नियम बनाने का अधिकार मिल गया है. बच्चों के खाते से बीच में पैसा निकालने को लेकर अब स्थिति पूरी तरह साफ है. खाता खुलने के 3 साल बाद कुछ खास जरूरतों के लिए पैसे निकाले जा सकते हैं, जैसे-

  • पढ़ाई के लिए.
  • गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए.
  • 75% से ज्यादा की विकलांगता होने पर.

कितना पैसा निकाला जा सकता है?

आप कुल जमा रकम (ब्याज को छोड़कर) का 25% हिस्सा ही निकाल पाएंगे. 18 साल की उम्र होने से पहले और बाद में पैसा निकालने की संख्या की भी एक लिमिट तय की गई है.

18 साल के बाद NPS Vatsalya अकाउंट का क्या होगा

नई गाइडलाइन्स में यह भी बताया गया है कि सब्सक्राइबर के 18 साल पूरे होने के बाद आगे क्या विकल्प होंगे. अकाउंट को NPS Vatsalya में तीन साल तक और जारी रखा जा सकता है. नया KYC और नॉमिनेशन देना जरूरी होगा. चाहें तो अकाउंट को NPS ऑल सिटिजन मॉडल में शिफ्ट किया जा सकता है. कुल कॉर्पस का 80 फीसदी तक एक साथ निकालने और बाकी रकम को एन्यूटी में बदलने का विकल्प होगा. अगर कुल कॉर्पस 8 लाख रुपए से कम है, तो पूरा पैसा निकालने की भी अनुमति होगी

Advertisement

अगर 21 साल की उम्र तक कोई विकल्प नहीं चुना गया, तो अकाउंट अपने आप उसी पेंशन फंड के Multiple Schemes Framework के तहत हाई-रिस्क इक्विटी ओरिएंटेड ऑप्शन में शिफ्ट हो जाएगा.

निवेश के नियम भी अब तय

इस स्कीम में कई पुरानी बचत योजनाओं से ज्यादा इक्विटी में पैसा लगा सकते हैं. इक्विटी में 50 से 75 प्रतिशत तक, सरकारी सिक्योरिटीज में 15 से 20 प्रतिशत और डेट इंस्ट्रूमेंट्स में 10 से 30 प्रतिशत तक. ये नियम मार्च 2025 के एनपीएस मास्टर सर्कुलर से मिलते हैं.

Advertisement

छोटे शहरों में ज्यादा लोगों तक स्कीम पहुंचाने के लिए नया प्रोत्साहन शुरू किया गया है. आंगनवाड़ी वर्कर्स, आशा वर्कर्स, बैंक सखी और सरकार से मान्यता प्राप्त अन्य कम्युनिटी वर्कर्स को हर नए एनपीएस वात्सल्य अकाउंट के लिए 100 रुपए तक का इनाम मिलेगा. इस प्रोत्साहन की समीक्षा एक साल बाद होगी.

स्कीम में लगने वाली फीस और चार्जेस वही रहेंगे जो सामान्य एनपीएस ऑल सिटिजन मॉडल में हैं. इसमें पॉइंट्स ऑफ प्रेजेंस, सेंट्रल रिकॉर्डकीपिंग एजेंसी, पेंशन फंड्स, एनपीएस ट्रस्ट और कस्टोडियन के चार्ज शामिल हैं.

Featured Video Of The Day
US Strikes Iran: Trump ने Kharg Island पर किया हमला, Middle East Conflict में World War 3 का खतरा?