पंजाब छोटे किसानों को टेक्नोलॉजी आधारित समाधान देने के लिए द. कोरिया की एक्सपर्ट मदद लेने को तैयार है: CM मान

दक्षिण कोरियाई प्रतिनिधिमंडल से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री मान ने कहा कि पंजाब मुख्य रूप से कृषि प्रधान राज्य है और इसने देश को खाद्यान्न उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई है.

विज्ञापन
Read Time: 4 mins

पंजाब के छोटे और सीमांत किसानों के लिए खेती को फिर से व्यवहारिक और लाभदायक पेशा बनाने के प्रयासों के तहत मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज चंडीगढ़ में दक्षिण कोरिया के एक प्रतिनिधिमंडल के साथ व्यापक विचार-विमर्श किया. इस बैठक में स्मार्ट खेती, उन्नत कृषि मशीनरी और बायोटेक्नोलॉजी सेक्टर में सहयोग पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया. इस बैठक के दौरान घटते कृषि रकबे और खेती की व्यवहारिकता से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए दक्षिण कोरिया की तकनीकी विशेषज्ञता अपनाने पर चर्चा की गई. साथ ही 13 से 15 मार्च तक मोहाली में होने वाले प्रोग्रेसिव पंजाब निवेशक सम्मेलन 2026 से पहले गहन औद्योगिक और निवेश साझेदारी को मजबूत करने पर भी विचार हुआ.

अपने एक्स अकाउंट पर बैठक के मुख्य बिंदु साझा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज चंडीगढ़ में कोरिया गणराज्य के एक प्रतिनिधिमंडल के साथ स्मार्ट खेती, उन्नत कृषि मशीनरी और बायोटेक्नोलॉजी पर विस्तृत चर्चा हुई. उन्होंने कहा कि बैठक का मुख्य उद्देश्य कृषि को लाभदायक उद्यम बनाने के लिए पंजाब और दक्षिण कोरिया के बीच आपसी सहयोग बढ़ाना है. इस दौरान कोरियाई प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब की समृद्ध विरासत और कामकाज के अनुकूल वातावरण की सराहना भी की. प्रतिनिधिमंडल को 13 से 15 मार्च 2026 तक मोहाली में आयोजित होने वाले प्रोग्रेसिव पंजाब निवेशक , सम्मलेन 2026 में भाग लेने का आमंत्रण भी दिया गया.

दक्षिण कोरियाई प्रतिनिधिमंडल से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री मान ने कहा कि पंजाब मुख्य रूप से कृषि प्रधान राज्य है और इसने देश को खाद्यान्न उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई है. हालांकि, घटते कृषि क्षेत्रफल के कारण छोटे और सीमांत किसानों के लिए खेती अब कम लाभकारी होती जा रही है. भूमि के लगातार बंटवारे के कारण बड़ी संख्या में किसानों के लिए खेती लाभदायक व्यवसाय नहीं रह गई है.

तकनीकी हस्तक्षेप की आवश्यकता पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब स्मॉल एग्रीकल्चर मशीनरी सेक्टर में दक्षिण कोरिया से निवेश आकर्षित करने के लिए उत्सुक है, क्योंकि इस क्षेत्र में दक्षिण कोरिया के पास व्यापक अनुभव और विशेषज्ञता है. उन्होंने बताया कि दक्षिण कोरिया में सीमित भूमि के कारण वहां वर्टिकल फार्मिंग और कुशल मशीनीकरण तेज़ी से विकसित हुआ है, जो पंजाब के लिए भी अत्यंत उपयोगी साबित हो सकता है.

दोनों देशों के ऐतिहासिक समानताओं का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत और दक्षिण कोरिया ने लगभग एक ही समय स्वतंत्रता प्राप्त की और दोनों देशों के सामने गरीबी एक बड़ी चुनौती थी. उन्होंने कहा कि पंजाब ने पंजाब कृषि विश्वविद्यालय के सहयोग से खाद्यान्न अधिशेष राज्य बनकर इस चुनौती को पार किया और आज केंद्र के अनाज भंडार में सबसे बड़ा योगदान देने वाले अग्रणी राज्यों में शामिल है.

वैश्विक स्तर के श्रेष्ठ अनुभवों को अपनाने की पंजाब की प्रतिबद्धता पर प्रकाश डालते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि दक्षिण कोरिया पहले ही कृषि व्यवसाय में अपनी नवाचार क्षमता और तकनीकी शक्ति का प्रदर्शन कर चुका है. अब पंजाब भी इन उन्नत तकनीकी प्रगतियों से लाभ उठाने का इच्छुक है. पंग्यो टेक्नो वैली, जिसे अक्सर सिलिकॉन वैली कहा जाता है, की अपनी यात्रा को याद करते हुए उन्होंने कहा कि पंजाब कृषि मशीनरी के ऑटोमेशन, स्मार्ट उपकरणों, बायोटेक्नोलॉजी, बीज तकनीक, स्मार्ट कंबाइन हार्वेस्टर, ट्रांसप्लांटर और सहायक क्षेत्रों में सहयोग का इच्छुक है.

Advertisement

द्विपक्षीय सहयोग की वकालत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इतने तकनीकी रूप से उन्नत देश के प्रतिनिधिमंडल की मेजबानी करना पंजाब के लिए गर्व की बात है. उन्होंने प्रतिनिधिमंडल को प्रोग्रेसिव पंजाब निवेशक सम्मेलन में भाग लेने का औपचारिक निमंत्रण देते हुए कहा कि यह सम्मेलन सहयोग को संस्थागत और लाभदायक दिशा देने के लिए एक उपयुक्त मंच प्रदान करेगा.

इस दौरान मुख्यमंत्री द्वारा प्रस्तुत दृष्टिकोण का सकारात्मक स्वागत करते हुए दक्षिण कोरियाई प्रतिनिधिमंडल ने पंजाब के साथ सहयोग में गहरी रुचि दिखाई, जो निकट भविष्य में दोनों पक्षों के बीच ठोस साझेदारी की संभावनाओं का संकेत देता है.

Advertisement
Featured Video Of The Day
India AI Summit Congress Protest: कोर्ट ने Uday Bhanu को 4 दिन की पुलिस रिमांड में भेजा | Breaking
Topics mentioned in this article