किसी भी देश की ताकत उसकी जनसंख्या से तय होती है. लेकिन सिर्फ पॉपुलेशन काउंट ही नहीं, बल्कि लोगों की उम्र भी बहुत मायने रखती है. कहीं युवा आबादी देश को आगे बढ़ाने की क्षमता रखती है. तो कहीं बुजुर्ग आबादी अनुभव का खजाना होती है. आज की दुनिया में कुछ देश तेजी से बूढ़े हो रहे हैं. जबकि कुछ देशों में बच्चों और युवाओं की संख्या लगातार बढ़ रही है. ऐसे में ये जानना दिलचस्प हो जाता है कि दुनिया का सबसे बूढ़ा देश कौन सा है और सबसे जवान देश कौन सा है. ये सवाल जितना दिलचस्प है, इसका जवाब भी उतना ही हैरान करने वाला है.
दुनिया का सबसे बूढ़ा देश
दुनिया का सबसे बूढ़ा देश जापान माना जाता है. यहां बुजुर्गों की आबादी बहुत तेजी से बढ़ी है. जापान में बड़ी संख्या में लोग 60 साल से ज्यादा उम्र के हैं. इसकी मुख्य वजह है बेहतर हेल्थ फेसिलिटीज, बैलेंस्ड खानपान और लंबी उम्र जीने वाली लाइफस्टाइल.
दुनिया का सबसे जवान देश
दुनिया का सबसे जवान देश नाइजर है, जो अफ्रीका महाद्वीप में स्थित है. यहां की आबादी में बच्चों और युवाओं की संख्या सबसे ज्यादा है. नाइजर में बहुत बड़ी आबादी 15 से 25 साल की उम्र के बीच है. इसका कारण है यहां की ज्यादा जन्म दर और कम औसत आयु.
युवा आबादी किसी भी देश के लिए बड़ी ताकत होती है, लेकिन इसके साथ चुनौतियां भी आती हैं. नाइजर में एजुकेशन, एंप्लायमेंट और स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी एक बड़ी समस्या है. इसलिए युवाओं को अपनी ताकत बनाने में इस देश को बहुत मेहनत करनी पड़ रही है. अगर इन युवाओं को सही दिशा और अवसर मिलें, तो यही युवा देश के विकास की सबसे बड़ी वजह बन सकते हैं.
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