बेस तो सही होना चाहिए... बंगाल पर Axis My India का क्यों नहीं आएगा एग्जिट पोल, प्रदीप गुप्ता ने बताई वजह

एक्सिस माय इंडिया के एमडी प्रदीप गुप्ता ने NDTV के सीईओ और एडिटर इन चीफ राहुल कंवल से खास बातचीत में बताया कि बंगाल में 70-80 फीसदी वोटर अपने मन की बात बताने को तैयार नहीं हुए. हम आधे अधूरे सैंपल पर सर्वे नहीं निकालते. इसीलिए एग्जिट पोल रिलीज न करने का फैसला किया.

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देश की प्रमुख पोलिंग एजेंसी एक्सिस माय इंडिया ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को लेकर अपना एग्जिट पोल जारी न करने का फैसला किया है. पहले खबर थी कि एक्सिस माय इंडिया गुरुवार शाम 5 बजे अपना डाटा जारी करेगा, लेकिन एजेंसी के एमडी प्रदीप गुप्ता ने बाद में एग्जिट पोल रिलीज न करने का फैसला किया और इसकी वजह भी बताई. 

NDTV के सीईओ और एडिटर इन चीफ राहुल कंवल से खास बातचीत में प्रदीप गुप्ता ने बताया कि चुनावी सर्वे में एक्यूरेसी लाने के लिए रिप्रजेंटेटिव सैंपलिंग होना जरूरी है. लेकिन हमने देखा कि बंगाल में 70 से 80 फीसदी वोटर अपने मन की बात बताने के लिए तैयार ही नहीं हुए. इससे हमारे सर्वे के लिए सैंपलिंग के मानक पूरे नहीं हुए. हम आधे अधूरे सैंपल के आधार पर एग्जिट पोल रिलीज नहीं करना चाहते, इसलिए हमने डेटा जारी न करने का फैसला किया है. 

एक्सिस माय इंडिया के एग्जिट पोल जारी न करने के फैसले के पीछे एक खास पार्टी के जीतने के डर जैसी कॉन्सपिरेसी थ्योरी का भी प्रदीप गुप्ता ने जबाव दिया. उन्होंने कहा कि एक्सिस माय इंडिया और प्रदीप गुप्ता की टीम कभी नहीं डरी है, ये सब अच्छे से जानते हैं. चाहे बिहार 2015 का चुनाव हो या फिर दिल्ली का 2015 या 2020 के इलेक्शन हों, उस समय भी हमने बीजेपी को हारते दिखाया था, क्योंकि हमारे डेटा यही कह रहे थे. लालू यादव के आरोपों को खारिज करते हुए हमने पोल रिलीज किया था. ऐसे में किसी डर या बिना डर का सवाल ही पैदा नहीं होता. 

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राहुल कंवल ने आंकड़े दिखाते हुए बताया कि पश्चिम बंगाल में 1977 के बाद जो भी पार्टी जीतती है, वो बड़े मार्जिन से ही जीतती है. सिर्फ 1977 का चुनाव ऐसा था, जब वोट शेयर के मामले में जीतने वाली पार्टी (42.7 पर्सेंट) और दूसरे नंबर पर रहने वाली पार्टी (37.6 पर्सेंट) के बीच सबसे कम अंतर था. 2021 के चुनाव में जीतने वाली पार्टी को 73 फीसदी वोट मिले थे, जबकि रनर अप पार्टी को 26.2 पर्सेंट वोट ही मिल पाए थे. तो क्या इस बार भी ये ट्रेंड जारी रहेगा? 

इस सवाल पर प्रदीप गुप्ता का कहना था कि बंगाल में इस बार भी दो पार्टियों के बीच मुख्य लड़ाई दिख रही है. ऐसे में जीत का जो अंतर होगा, वो ठीक-ठाक ही होगा. 70-26 पर्सेंट भले न हो, लेकिन 60-40 पर्सेंट का अंतर रह सकता है, मुझे ऐसा लगता है, चाहे जो भी पार्टी जीते.   

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एनडीटीवी के विकास भदौरिया के सवाल पर प्रदीप गुप्ता ने कहा कि 81 में से 74 बार हमारा चुनावी आकलन सही रहा है.  लेकिन जब तक पहली बार ऐसी दिक्कत आ रही है कि कुछ एसेसमेंट ही नहीं आ रहा है. इसकी एक प्रक्रिया होती है, जब तक वो पूरी न हो, तब तक नंबरों को सामने रखने का कोई औचित्य नहीं रहता. 

बंगाल के ज्यादा अनप्रिडिक्टेबल होने के सवाल पर प्रदीप गुप्ता ने कहा कि ये बात सही है कि बंगाल के लोग अपने मन की बात बताने से कतराते हैं. पिछली बार और इस बार के माहौल में भी अंतर है. बंगाल में जमीनी स्तर पर जो माहौल बना हुआ है, वो उतना अच्छा या सौहार्दपूर्ण नहीं है. 

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