क्‍या अमेरिका-चीन के बच खत्‍म हो जाएगा ट्रेड वॉर... राष्‍ट्रपति ट्रंप ने दिये संकेत

अमेरिका और चीन के अधिकारी ट्रेड वॉर को खत्‍म करने के लिए बीच का रास्‍ता निकालने में जुटे हैं. टॉप लेवल के अधिकारियों के बीच एक के बाद एक बैठक हो रही है. इस बीच दोनों देशों के अधिकारियों के बीच स्विट्जरलैंड में हुई बैठक में क्‍या हुआ, राष्‍ट्रपति ट्रंप ने बताया.

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ट्रंप ने टैरिफ वॉर के बीच अमेरिका, चीन के बीच घंटों चली वार्ता की सराहना की
वाशिंगटन:

अमेरिका और चीन के बीच चल रही टैरिफ वॉर थमती नजर आ रही है. दोनों देशों के अधिकारियों के बीच स्विट्जरलैंड में बैठक हुई, जिससे गाड़ी पटरी पर आती दिख रही है, अमेरिकी राष्‍ट्रपति डोनाल्‍ड ट्रंप ने इसके संकेत दिये हैं. ट्रंप ने शनिवार को स्विट्जरलैंड में चीन के साथ वार्ता की सराहना करते हुए कहा कि दोनों पक्षों ने "टोटल रीसेट... दोस्‍ताना, लेकिन रचनात्मक तरीके से" बातचीत की है. 

ट्रंप ने अपने ट्रुथ सोशल प्लेटफॉर्म पर पोस्ट किया, "आज स्विट्जरलैंड में चीन के साथ बहुत अच्छी बैठक हुई. कई मुद्दों पर चर्चा हुई, कई बातों पर सहमति बनी. हम चीन और अमेरिका दोनों की भलाई के लिए, अमेरिकी व्यापार के लिए चीन को खोलना चाहते हैं. बहुत अच्छी प्रगति हुई है!!!" हालांकि, इस मीटिंग के दौरान किन मुद्दों पर बातचीत हुई और किन पर सहमति बनी, इसके बारे में खुलकर कुछ नहीं बताया. 

इससे पहले अमेरिकी और चीनी अधिकारियों ने जिनेवा में बातचीत की, जिसका मकसद वैश्विक अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाने वाले ट्रेड वॉर को शांत करना था और रविवार को वार्ता फिर से शुरू करने की योजना बनाई. चीनी उप प्रधानमंत्री हे लिफेंग ने अमेरिकी ट्रेजरी सचिव स्कॉट बेसेंट और अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर के साथ लगभग आठ घंटे तक मुलाकात की, जो दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं द्वारा एक-दूसरे के सामान पर 100% से अधिक टैरिफ लगाए जाने के बाद उनकी पहली आमने-सामने की बैठक थी.

अमेरिका और चीन के अधिकारियों के बीच हुई हाई लेवल मीटिंग के बाद भी किसी पक्ष ने ये नहीं बताया कि किन मुद्दों पर बातचीत हुई और बातचीत किस दिशा में कितनी आगे बढ़ी है. क्‍या 100 प्रतिशत टैरिफ पर कुछ बात नहीं, इस पर भी कोई बयान नहीं आया. संयुक्त राष्ट्र में स्विट्जरलैंड के राजदूत के निवास पर बैठकें स्थानीय समयानुसार रात करीब 8 बजे (1800 GMT) समाप्त हुईं.

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बता दें कि फरवरी में शुरू हुए ट्रंप के टैरिफ हमले और बीजिंग की जवाबी कार्रवाई के कारण कई सप्ताह तक बढ़ते तनाव के बाद बेसेंट, ग्रीर और जिनेवा में बैठक कर रहे थे, जिससे लगभग 600 बिलियन डॉलर का वार्षिक द्विपक्षीय व्यापार लगभग ठप्प हो गया है. ट्रेड वॉर और पिछले महीने ट्रंप द्वारा दर्जनों अन्य देशों पर शुल्क लगाने के निर्णय ने सप्‍लाई चेन को बाधित किया है, वित्तीय बाजारों को अस्थिर किया है और वैश्विक मंदी की आशंकाओं को बढ़ाया है.

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