आतंकियों की गोली खाकर भी किया था कमाल, जानिए TYSON का क्या हाल

अधिकारियों ने बताया कि अपने एक अगले पैर में चोट लगने के बाद, इस ‘के नाइन’ सैनिक को हेलीकॉप्टर से पशु चिकित्सालय ले जाया गया.

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टायसन का सेना खास ख्याल रख रही है.
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  • जम्मू कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में त्राशी-प्रथम ऑपरेशन के दौरान सेना के डॉग टायसन ने साहसिक भूमिका निभाई थी
  • टायसन को पहली गोली लगने के बावजूद आतंकवादियों के ठिकाने में प्रवेश कर हमला किया और उनकी उपस्थिति की पुष्टि की
  • घायल टायसन को हेलीकॉप्टर से पशु चिकित्सालय ले जाकर इलाज कराया गया और उसकी तेजी से स्वस्थ होने की जानकारी मिली
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जम्मू कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में त्राशी-प्रथम ऑपरेशन के दौरान सैनिकों का नेतृत्व करते समय पहली गोली लगने से घायल हुआ जर्मन शेफर्ड नस्ल का सेना का डॉग 'टायसन' ठीक हो रहा है. रविवार को चत्रू क्षेत्र के पासरकुट में एक पहाड़ी के समीप एक कच्चे मकान (धोक) में जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) के कमांडर सैफुल्लाह और उसके दो साथियों को मार गिराने में ‘टायसन' के साहस का बड़ा योगदान रहा था.

कैसा है टायसन

सेना की ‘व्हाइट नाइट कोर' ने ‘एक्स' पर टायसन के हेल्थ अपडेट को लेकर पोस्ट किया,‘‘ किश्तवाड़ में हाल में त्राशी प्रथम अभियान में हमलावर कुत्ते 'टायसन' ने आतंकवादियों के ठिकाने में प्रवेश करते हुए पहली गोली खाकर असाधारण साहस का प्रदर्शन किया. अपनी चोटों से बेपरवाह होकर, वह आगे बढ़ा और एक जोरदार हमला किया, जिससे आतंकवादियों को गोलीबारी करने के लिए मजबूर होना पड़ा और इस तरह उनकी उपस्थिति की पुष्टि हुई.''

सेना ने क्या कहा

सेना ने कहा कि ‘टायसन‘ की निडरता से ही ‘व्हाइट नाइट कोर', पुलिस और सीआरपीएफ के सैनिक पाकिस्तान समर्थित इन तीनों आतंकवादियों से सटीकता से टक्कर दे पाये और उनका सफाया कर पाए, सेना ने कहा, ‘‘घायल होने के बावजूद, जोश से भरपूर, सतर्क और तेजी से स्वस्थ हो रहा टायसन कर्तव्यनिष्ठा का अचूक उदाहरण है - एक सच्चा योद्धा और हर मायने में एक सैनिक.'' सेना ने आगे कहा,‘‘जो लोग शांति भंग करने की कोशिश करेंगे, उन्हें कोई पनाह नहीं मिलेगी, उनकी तलाश जारी है.''

के नाइन का खास ख्याल

अधिकारियों ने बताया कि अपने एक अगले पैर में चोट लगने के बाद, इस ‘के नाइन' सैनिक को हेलीकॉप्टर से पशु चिकित्सालय ले जाया गया.उन्होंने बताया कि ‘व्हाइट नाइट कोर' के ‘जनरल ऑफिसर कमांडिंग' लेफ्टिनेंट जनरल पी के मिश्रा ने पशु चिकित्सालय में टायसन से मुलाकात की और उसकी चिकित्सा स्थिति की समीक्षा की. कोर कमांडर ने पशु चिकित्सा दल से बातचीत की, सर्वोत्तम संभव देखभाल सुनिश्चित करने का निर्देश दिया और आतंकवाद विरोधी अभियानों में सेना के श्वान इकाई की भूमिका की सराहना की.