- तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल से इंडिया गठबंधन को अधिकतम सीटें मिलने की उम्मीद है, डीएमके और तृणमूल प्रमुख हैं
- महाराष्ट्र से सात सीटें खाली हो रही हैं, जिसमें शरद पवार समेत कई बड़े नेताओं का कार्यकाल खत्म हो रहा है
- इंडिया गठबंधन को महाराष्ट्र और बिहार से सीटों में नुकसान होने की आशंका है
राज्यसभा की 37 सीटों पर मतदान होने वाला है. ये सभी सीटें 10 राज्यों की हैं, जहां के सांसदों का कार्यकाल पूरा हो रहा है. सबसे महत्वपूर्ण सवाल यह है कि इस चुनाव के बाद राज्यसभा की स्थिति कैसी रहेगी और इंडिया गठबंधन किस हालत में पहुंचेगा. सबसे अधिक 7 सीटें महाराष्ट्र से खाली हो रही हैं. जिन नेताओं का कार्यकाल खत्म हो रहा है, उनमें शरद पवार जैसे बड़े नाम भी शामिल हैं. इनके अलावा उनकी पार्टी की फौजिया खान, शिवसेना (उद्धव) की प्रियंका चतुर्वेदी और कांग्रेस की रजनी पाटिल का कार्यकाल भी समाप्त हो रहा है.
लेकिन महाराष्ट्र से इस बार इंडिया गठबंधन को निराशा मिलने की आशंका है, क्योंकि विधायकों की संख्या के अनुसार वे सिर्फ एक ही सीट जीत सकते हैं. यह सीट शरद पवार की हो सकती है. यदि वे विपक्ष के संयुक्त उम्मीदवार बनते हैं.
शरद पवार ने पहले कहा था कि वे इस बार राज्यसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे, लेकिन अब खबरें हैं कि वे अपना मन बदल चुके हैं और राज्यसभा के लिए तैयार हैं. इंडिया गठबंधन को दूसरा झटका बिहार से मिलने वाला है. हाल के विधानसभा समीकरणों के बाद विपक्ष एकजुट रहा तो भी वे सिर्फ एक उम्मीदवार को जिता पाएंगे. यहां विपक्ष को दो सीटों का नुकसान होना तय है.
इंडिया गठबंधन के लिए राहत की बात यह है कि तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल से उन्हें अधिकतम सीटें मिलेंगी.
- तमिलनाडु की 6 में से 4 सीटें डीएमके को जाएंगी
- पश्चिम बंगाल की 5 में से 4 सीटें तृणमूल कांग्रेस को मिलेंगी
- तेलंगाना की दोनों सीटें कांग्रेस के पास रहेंगी.
- छत्तीसगढ़ और हरियाणा की एक‑एक सीट और हिमाचल प्रदेश की एकलौती सीट भी कांग्रेस को मिलने की संभावना है.
राज्यसभा का अभी क्या है गणित?
अभी राज्यसभा की स्थिति यह है कि 245 सदस्यीय सदन में विपक्ष के पास 79 सांसद हैं. कांग्रेस 27, टीएमसी 12, डीएमके 10, आरजेडी 5, समाजवादी पार्टी और सीपीएम के 4–4, और अन्य विपक्षी दलों के बाकी सदस्य.
मौजूदा हालात में इंडिया गठबंधन के अधिकतम 14 उम्मीदवार जीत सकते हैं. मौजूदा राज्यसभा में बीजेपी के 103 सदस्य हैं और सरकार के पास कुल 133 सांसदों का समर्थन है. महाराष्ट्र और बिहार की सीटों पर बढ़त मिलने के बाद यह आंकड़ा और बढ़ सकता है. आने वाले समय में बीजेपी अपने बूते पर ही बहुमत के और करीब पहुंच जाएगी.
क्या इन दिग्गजों की होगी वापसी?
जिन बड़े नेताओं का कार्यकाल खत्म हो रहा है, उनमें शामिल हैं शरद पवार, उपसभापति हरिवंश, केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले, अभिषेक मनु सिंघवी, कनिमोझी, किरण चौधरी, प्रियंका चतुर्वेदी, के.टी.एस. तुलसी और साकेत गोखले. अब देखना यह है कि इनमें से कितने वापस राज्यसभा पहुंचते हैं. हालांकि इस बार सबसे चर्चित नया नाम बीजेपी अध्यक्ष नीतिन नवीन का होगा.
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