- इस माह की 16 तारीख को 10 राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों के लिए मतदान होना निर्धारित है.
- कांग्रेस के चार सांसद रिटायर हो रहे हैं और पांच नए सांसद चुने जाएंगे जिसमें अभिषेक मनु सिंघवी शामिल हैं.
- तेलंगाना से कांग्रेस को दो सीटें मिलेंगी जबकि छत्तीसगढ़, हरियाणा और हिमाचल से एक-एक सीट मिलेगी.
राज्यसभा की 37 सीटों के लिए इसी महीने 16 तारीख को मतदान होना है. इसके लिए नामांकन करने की अंतिम तारीख 9 मार्च है. 10 राज्यों की इन 37 सीटों के लिए कांग्रेस में माथापच्ची का दौर जारी है. कांग्रेस में युवा और अनुभवी नेताओं में एक अप्रत्यक्ष जंग जैसा माहौल है. अब देखना दिलचस्प होगा कि राज्यसभा के इस चुनाव में राहुल गांधी की कितनी चलती है. दरअसल कांग्रेस के नजरिए से राज्यसभा के इस चुनाव को देखें तो उसके 4 सांसद रिटायर हो रहे हैं. जबकि 5 सांसद चुन कर आएंगे. जिन सांसदों का कार्यकाल खत्म हो रहा है, उसमें- अभिषेक मनु सिंघवी, के टी एस तुलसी, फूलो देवी नेताम और रजनी पाटिल हैं. इनमें से अभिषेक मनु सिंघवी तेलंगाना से चुन कर आए थे, के टी एस तुलसी और फूलो देवी नेताम छत्तीसगढ़ से तो रजनी पाटिल महाराष्ट्र से चुन कर आईं थीं.
तेलंगाना से 2 तो छत्तीसगढ़, हरियाणा और हिमाचल से कांग्रेस को मिलेगी 1-1 सीट
इनमें से केवल अभिषेक मनु सिंघवी को दुबारा राज्यसभा में भेजा जाना तय माना जा रहा है. अब बात रही है कि वो कौन से नाम हैं, जिन पर कांग्रेस में चर्चा हो रही है. लेकिन इससे से पहले उन राज्यों की बात कर लेते हैं जहां से कांग्रेस को इस बार सीटें मिलने वाली है. कांग्रेस को इस बार तेलंगाना से 2 सीटें मिलेंगी और छत्तीसगढ़, हरियाणा और हिमाचल से 1-1 सीटें मिलने वाली है.
अभिषेक मनु सिंघवी फिर से जाएंगे राज्यसभा
इन पांचों सीटों में से अभिषेक मनु सिंघवी तेलंगाना से दुबारा आएंगे. अब बचती हैं 4 सीटें. यहां पर कांग्रेस के लिए एक अनार सौ बीमार वाली स्थिति पैदा हो गई है. कांग्रेस में राज्यसभा चुनाव को लेकर दो विचार हैं. एक तरफ ये कहा जा रहे हैं कि राहुल गांधी राज्यसभा में कांग्रेस संसदीय दल में जान फूंकना चाहते हैं.
लोकसभा जैसा आक्रामक रवैया राज्यसभा में चाहते हैं राहुल गांधी
राहुल गांधी को लगता है कि जिस तरह से लोकसभा में पिछले दिनों मणिकम टैगोर, वर्षा गायकवाड, ज्योतिर्मणि जैसे सांसदों का जो आक्रामक रवैया रहा, वहीं राज्यसभा में भी होना चाहिए. राहुल गांधी को ऐसे ही नेताओं की तलाश है, राहुल गांधी को लगता है कि जिस ढंग से विपक्ष लोकसभा में एक तरह से सरकार को घेरने में सफल रही, वैसा राज्यसभा में भी किया जा सकता है. इसके लिए उर्जावान नेताओं को आगे लाना होगा.
एक धड़े की मांग- बुर्जुग और युवा दोनों को मिलना चाहिए मौका
वहीं एक धड़े का कहना है कि राज्यसभा में अनुभव यानि बुर्जुग और युवा सांसद दोनों को मौका दिया जाना चाहिए. इसलिए एक तरफ से दो युवा पार्टी प्रवक्ताओं के नाम की चर्चा है. वहीं एक अभिनेता जो पिछला लोकसभा का चुनाव हरियाणा से लड़ चुके हैं जैसे नेताओं का नाम चल रहा है. वहीं दूसरी ओर दो-तीन राज्यों के पूर्व मुख्यमंत्री और एक उपमुख्यमंत्री के नामों की चर्चा है.
- क्योंकि राज्यसभा के लिए जब नाम तय किए जाएंगे, तब कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और सोनिया गांधी के क्या विचार हैं या उनके पास किसी नाम का सुझाव है यह महत्वपूर्ण हो जाएगा. राहुल गांधी को यहां पर सबकी बात सुननी पड़ेगी.
राज्यसभा का संख्याबल, किसके कितने सांसद
राज्यसभा में अभी एनडीए के पास 134 सांसद हैं. जिसमें 103 बीजेपी के हैं तो इंडिया गठबंधन के पास 79 सांसद हैं, जिसमें कांग्रेस के पास 27 सांसद हैं, तीस अन्य पार्टियों के सांसद हैं जो ना तो एनडीए में हैं और ना ही इंडिया गठबंधन में. इसमें बीजू जनता दल, वाईएसआर कांग्रेस और आम आदमी पार्टी प्रमुख हैं.
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