अभी न खरीदें सोना, पेट्रोल-डीजल का कम करें इस्तेमाल... 24 घंटे में पीएम मोदी की दूसरी बार अपील

पश्चिम एशिया में संकट गहराता जा रहा है. इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 घंटे में दूसरी बार पेट्रोल-डीजल बचाने और सोना न खरीदने की अपील की है. उन्होंने कहा कि ऐसी चीजों का इस्तेमाल कम करें जिस पर विदेशी मुद्रा खर्च होती है.

विज्ञापन
Read Time: 4 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • प्रधानमंत्री मोदी ने देशवासियों से सोना न खरीदने और पेट्रोल-डीजल का कम से कम उपयोग करने की दो बार अपील की है
  • मोदी ने वड़ोदरा में कहा कि विदेशी मुद्रा बचाने के लिए हमें विदेश से आने वाले उत्पादों का उपयोग कम करना चाहिए
  • उन्होंने वैश्विक आर्थिक संकट और पश्चिम एशिया में तनाव की स्थिति के कारण संसाधनों की बचत जरूरी बताई
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 घंटे में दूसरी बार देशवासियों से सोना न खरीदने और पेट्रोल-डीजल बचाने की अपील की है. वड़ोदरा में सरदारधाम हॉस्टल का उद्घाटन करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि हमें उन चीजों का इस्तेमाल कम करना चाहिए जो विदेशों से आता है और ऐसी गतिविधियों से बचना चाहिए, जिसमें विदेशी मुद्रा खर्च होती है.

24 घंटे में प्रधानमंत्री मोदी की यह दूसरी अपील है. इससे पहले रविवार को हैदराबाद में एक रैली को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने वैश्विक संकट के बीच पहली बार सोना न खरीदने, पेट्रोल-डीजल का इस्तेमाल कम करने और विदेश यात्रा पर न जाने की अपील की थी.

अब सोमवार को वड़ोदरा में पीएम मोदी ने कहा कि 'पिछले कुछ वर्षों में दुनिया लगातार अस्थिर परिस्थितियों से गुजर रही है. पहले कोरोना का संकट, फिर वैश्विक आर्थिक चुनौतियां, और अब पश्चिम एशिया में बढ़ता तनाव. इन सारी परिस्थितियों का असर लगातार पूरी दुनिया पर पड़ रहा है और भारत भी इससे अछूता नहीं है. अगर कोरोना महामारी इस सदी का सबसे बड़ा संकट थी... तो पश्चिम एशिया में युद्ध से बनी परिस्थितियां...इस दशक के बड़े संकटों में से एक है. जब हमने मिलकर कोरोना का मुकाबला कर लिया तो इस संकट से भी अवश्य पार पा जाएंगे. सरकार भी लगातार ये प्रयास कर रही है, कि देश के लोगों पर इसका कम से कम असर हो.'

Advertisement

जरूरत है कि हम सब मिलकर दायित्व निभाएंः मोदी

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि 'पहले के दशकों में भी जब-जब देश युद्ध या किसी और अन्य बड़े संकट से गुजरा है, सरकार की अपील पर हर नागरिक ने ऐसे ही अपना दायित्व निभाया है. आज भी जरूरत है कि हम सब मिलकर अपना दायित्व निभाएं... देश के संसाधनों पर पड़ने वाले बोझ को कम करें. हमें हर छोटे-बड़े प्रयास से ऐसे उत्पादों का उपयोग कम करना है, जो विदेश से आते हैं… और ऐसे व्यक्तिगत कामों से भी बचना है जिसमें विदेशी मुद्रा खर्च होती हो.'

Advertisement

उन्होंने कहा कि 'भारत विदेशों से कई उत्पादों का आयात करने के लिए लाखों-करोड़ों की विदेशी मुद्रा खर्च करता है. इसके साथ ही, आयातित वस्तुओं की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाएं भी बुरी तरह से बाधित हुई हैं. ठीक वैसे ही जैसे हर एक बूंद से घड़ा भरता है, हर छोटा-बड़ा प्रयास मायने रखता है. हमें विदेशों से आने वाले उत्पादों का उपयोग कम करना चाहिए और अपने दैनिक जीवन में आयातित वस्तुओं पर अनावश्यक निर्भरता से बचना चाहिए.'

यह भी पढ़ेंः PM मोदी का WFH और पेट्रोल बचाने का मैसेज- क्या सरकार आने वाले गंभीर ऊर्जा संकट का संकेत दे रही है?

हालात ठीक होने तो सोना न खरीदें: PM मोदी

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि 'भारत के आयात का एक बड़ा हिस्सा कच्चे तेल से आता है. दुर्भाग्य से, जिस क्षेत्र से दुनिया के एक बड़े हिस्से को तेल की आपूर्ति होती है, वह इस समय संघर्ष और अस्थिरता की स्थिति में फंसा हुआ है. इसलिए, जब तक हालात सामान्य नहीं हो जाते, हम सभी को राष्ट्र के व्यापक हित में अपने दैनिक जीवन में छोटे, लेकिन सार्थक संकल्प लेने होंगे.'

Advertisement

उन्होंने अपील करते हुए कहा कि 'मेरी देश के हर नागरिक से अपील है कि जहां तक संभव हो, पेट्रोल-डीजल का उपयोग कम करें. मेट्रो का उपयोग करें, इलेक्ट्रिक बस और पब्लिक ट्रांसपोर्ट का अधिक इस्तेमाल करें, कार पुलिंग को बढ़ावा दें. जिनके पास कार है, वो एक गाड़ी में ज्यादा लोगों को साथ लेकर चलें. डिजिटल टेक्नोलॉजी ने अब इतना कुछ आसान बना दिया है कि टेक्नोलॉजी की मदद भी हमारे लिए बहुत फायदेमंद होगी. ये जरूरी है कि सरकारी और प्राइवेट दोनों ही दफ्तरों में वर्चुअल मिटिंग्स और वर्क फ्रॉम होम की प्राथमिकता दी जाए.'

उन्होंने कहा कि 'सोने की आयात पर भी देश का बहुत बड़ा पैसा विदेश जाता है. इसलिए, मैं आप सभी से, देशवासियों से आग्रह करूंगा कि जब तक हालात सामान्य न हो, हम सोने की खरीद को टालें.'

Advertisement

पीएम मोदी ने एक बार फिर 'वोकल फॉर लोकल' को अपनाने की बात कही. उन्होंने कहा, 'आज समय की मांग है कि हम 'वोकल फॉर लोकल' को एक जन-आंदोलन बनाएं. विदेशी सामान की जगह… लोकल उत्पादों को अपनाएं. अपने गांव, अपने शहर, अपने देश के उद्यमियों को ताकत दें.'

यह भी पढ़ेंः लाल बहादुर शास्त्री के रास्ते पर क्यों चल रहे हैं पीएम नरेंद्र मोदी, देशवासियों से क्यों करनी पड़ी अपील

Featured Video Of The Day
NEET Exam की साख पर फिर संकट, Rajasthan में फिर Paper Leak का शक | BREAKING NEWS