सुबह टोक्यो में पीएम मोदी बोले- भारत बनने जा रहा तीसरी सबसे बड़ी इकोनोमी, शाम को GDP ने दे दिया सिग्नल

पीएम मोदी ने जापान से दुनिया को तीसरी सबसे बड़ी इकोनोमी बनने की तरफ तेजी से बढ़ रहे भारत की आर्थिक मजबूती की झलक दिखाई थी. इसके कुछ घंटे बाद ही 7.8% की जीडीपी ग्रोथ हासिल करके दिखा दिया कि वह सिर्फ कहते नहीं, करके भी दिखाते हैं.

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  • पीएम ने जापान में कहा कि सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था भारत बहुत जल्द तीसरी बड़ी इकोनोमी बनने जा रहा है.
  • इस साल की पहली तिमाही के GDP डेटा ने बताया कि भारत ने उम्मीद से बहुत ज्यादा 7.8% की ग्रोथ हासिल की है.
  • भारत ने ये आर्थिक वृद्धि ऐसे समय हासिल की है, जब ट्रंप ने उसे डेड इकोनोमी बताकर भारी टैरिफ थोपे हैं.
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भारत को 'डेड इकोनमी' बताकर टैरिफ बम फोड़ने वाले ट्रंप को अर्थव्यवस्था के आंकड़ों ने तगड़ा जवाब दिया है. इस साल की पहली तिमाही में भारत की जीडीपी ग्रोथ सारे अनुमानों को ध्वस्त करते हुए 7.8 पर्सेंट पर पहुंच गई है. भारत ने दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था का खिताब कायम रखा है. दिलचस्प यह है कि इसके कुछ घंटे पहले ही पीएम मोदी ने जापान से दुनिया को तीसरी सबसे बड़ी इकोनमी बनने की तरफ तेजी से बढ़ रहे भारत की आर्थिक मजबूती की झलक दिखाई थी.  

जल्द तीसरी अर्थव्यवस्था बनने का भरोसा

पीएम मोदी ने इंडिया-जापान इकोनॉमिक फोरम में कहा था कि दुनिया न सिर्फ भारत पर नजर रख रही है बल्कि देश पर भरोसा भी कर रही है, क्योंकि भारत जल्द ही तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की तरफ बढ़ रहा है. उन्होंने कहा था कि पिछले 11 वर्षों में भारत में हुए विकास और परिवर्तन की कहानी आप सभी जानते हैं. भारत में राजनीतिक-आर्थिक स्थिरता और नीतियों में पारदर्शिता है. आज भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था है, और बहुत जल्द यह दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने जा रहा है. 

पहली तिमाही में 7.8%  की GDP ग्रोथ 

पीएम मोदी के इस बयान के कुछ ही घंटे बाद नेशनल स्टैटिस्टिक्स ऑफिस (NSO) की तरफ से अप्रैल-जून तिमाही (Q1 FY26) के आंकड़े सामने आए. इनमें बताया गया कि इस अवधि में भारत की जीडीपी ग्रोथ  7.8% रहने का अनुमान है. ये कितना अहम है, ये इससे समझ सकते हैं कि पिछली 5 तिमाहियों में भारत ने सबसे तेज आर्थिक वृद्धि हासिल की है. इसमें कृषि, मैन्यूफैक्चरिंग, निर्माण और सर्विस सेक्टर की मजबूती का योगदान रहा है. 

2047 तक विकसित देश बनने का लक्ष्य

  • मोदी सरकार ने भारत को 2047 तक विकसित देश बनाने का टारगेट रखा है.
  • देश की आर्थिक तस्वीर बताती है कि हम इस तरफ तेजी से बढ़ रहे हैं.
  • भारत पहले ही जापान को पछाड़कर चौथी सबसे बड़ी इकोनमी बन चुका है.
  • अनुमान है कि भारत 2028 तक तीसरे पायदान पर पहुंच सकता है.
  • कुछ विशेषज्ञ मानते हैं कि भारत इससे पहले ही यह मुकाम हासिल कर सकता है. 

अमेरिका को भी पछाड़ सकता है भारत

अर्न्स्ट एंड यंग की एक रिपोर्ट बताती है कि भारत दुनिया की 5 सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में सबसे गतिशील इकोनमी में से एक के रूप में उभर रहा है. यही रफ्तार कायम रही तो भारत 2038 तक दूसरी सबसे बड़ी इकोनमी बन सकता है और अर्थव्यवस्था का आकार 34.2 खरब डॉलर हो जाएगा. एक रिपोर्ट में तो ये भी कहा गया है कि परचेजिंग पावर पैरिटी (PPP) के मामले में भारत 2040 से बहुत पहले ही अमेरिका से भी आगे निकल सकता है. 

मोदी सरकार ने बदली आर्थिक तस्वीर

मोदी सरकार के 11 साल के शासन में भारतीय अर्थव्यवस्था ने कायापलट देखा है. 2013 में भारत को Fragile-5 इकोनमी (डांवाडोल अर्थव्यवस्था) की कैटिगरी में रखा गया था. इसका मतलब था कि भारत की अर्थव्यवस्था अच्छा प्रदर्शन नहीं कर रही. सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं की लिस्ट में भारत 2013-14 में 11वें पायदान पर था, जो अब चौथे नंबर पर आ चुका है. एक दशक में भारत ने अर्थव्यवस्था के आकार के मामले में बहुत से देशों को पीछे छोड़ा है. 

चीन-अमेरिका से भी तेज भारत की ग्रोथ

विश्व बैंक ने इस साल की शुरुआत में कहा था कि भारत को 2047 तक विकसित देश बनने के लिए अगले 22 वर्षों तक औसतन 7.8 प्रतिशत की आर्थिक वृद्धि दर हासिल करने की जरूरत होगी. इस लिहाज से भारत की शुरुआत धमाकेदार रही है. भारत की इकोनमी कितनी मजबूत है, इसका अंदाजा इससे लगाएं कि 30 जून को खत्म हुई तिमाही में चीन की जीडीपी 5.3 प्रतिशत और अमेरिका की महज 3.3 फीसदी रही है. ये आंकड़े ट्रंप को दिखाने के लिए काफी हैं कि भारत एक डेड इकोनमी नहीं है. 

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