- महाराष्ट्र नगर निकाय चुनावों में AIMIM ने कुल 97 सीटों पर जीत हासिल की है.
- मालेगांव में AIMIM ने 84 वार्डों में से 20 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है.
- AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के सक्रिय चुनाव प्रचार से कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा और आत्मविश्वास पैदा हुआ है.
महाराष्ट्र नगर निकाय चुनावों में ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) ने इस बार उल्लेखनीय प्रदर्शन करते हुए राज्यभर में कुल 97 सीटों पर जीत दर्ज की है. पार्टी के लिए यह परिणाम पिछले चुनावों की तुलना में बड़ा उछाल माना जा रहा है.
AIMIM के नेता शारिक नक्शबंदी ने शुक्रवार को बताया कि पार्टी प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के घर-घर जाकर चुनाव प्रचार करने और पिछली बार कई वार्डों में बहुत कम अंतर से मिली हार ने कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा पैदा की. उनके अनुसार, 'ओवैसी साहब के कैंपेन ने कार्यकर्ताओं को भरोसा दिया कि इस बार हम स्थिति बदल सकते हैं और नतीजे यह दिखा रहे हैं कि वह आत्मविश्वास सही था.'
मालेगांव में AIMIM का दम- सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी
महाराष्ट्र के मुस्लिम बहुल और राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण शहर मालेगांव की 84 वार्ड सीटों में AIMIM ने 20 सीटें जीतीं.
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यहा का वार्ड-वार परिणाम इस प्रकार रहा:
मालेगांव (84 वार्ड)
- AIMIM- 20
- शिवसेना (SS)- 18
- SP- 6
- कांग्रेस- 3
- BJP- 2
- शिवसेना (UBT)- 0
- NCPSP- 0
- NCPAP- 0
- अन्य- 35
इन परिणामों के साथ AIMIM मालेगांव की सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, जबकि 35 ‘अन्य' उम्मीदवारों की जीत एक खुले जनादेश और विखंडित जनसमर्थन का संकेत देती है.
AIMIM के लिए इसका क्या मतलब है?
मालेगांव जैसे अहम शहर में सबसे बड़ी पार्टी बनने से AIMIM को स्थानीय स्तर पर नीति-निर्माण में अधिक भूमिका मिलेगी. राज्यभर में 97 सीटों की जीत संकेत देती है कि शहरी निकायों में AIMIM का संगठनात्मक विस्तार मजबूत हुआ है. पार्टी नेतृत्व के अनुसार, यह प्रदर्शन आने वाले बड़े चुनावों- विधानसभा और लोकसभा के लिए मनोवैज्ञानिक मजबूती देगा.
शारिक नक्शबंदी ने कहा कि AIMIM अब उन वार्डों में भी मजबूत हो रही है जहां पहले इसकी राजनीतिक मौजूदगी सीमित थी.
29 निकायों में भाजपा बनी सबसे बड़ी पार्टी
बता दें कि महाराष्ट्र के नगर निगम चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने राज्यभर के शहरी निकायों में सबसे बड़ी ताकत के रूप में उभरते हुए कुल 1441/2869 वार्ड जीते हैं. इसमें शिंदे की शिवसेना का प्रदर्शन भी उल्लेखनीय रहा. डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे की पार्टी 404 सीटें जीतकर दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बनी. कांग्रेस 318 सीटों के साथ तीसरे पायदान पर रही, जबकि NCP के दोनों खेमों (NCPAP/NCPSP) का संयुक्त प्रभाव सीमित दिखा. बड़े शहरों की तस्वीर में मुंबई में BJP सबसे आगे, नवी मुंबई में स्पष्ट बहुमत BJP को, जबकि ठाणे में शिवसेना (शिंदे धड़ा) ने दबदबा कायम किया.
कुल तस्वीर (2869/2869 वार्ड)
- भाजपा- 1441
- शिवसेना- 405
- शिवसेना(UBT)- 154
- कांग्रेस- 318
- NCPAP- 164
- NCPSP- 36
- AIMIM- 97
- VBA- 15
- MNS- 14
- OTH- 225













