भारतीय एयरलाइंस ने अपने 338 एयरबस A320 विमानों के उड़ान नियंत्रण प्रणाली से जुड़ी एक संभावित तकनीकी खराबी को दूर करने के लिए सॉफ्टवेयर अपग्रेड का काम सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है. यह कदम यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया, जिसके बाद विमानों का परिचालन बिना किसी बड़ी रुकावट के जारी है.
| एयरलाइन | कुल विमान | अपग्रेड पूरा हुआ | स्थिति |
| इंडिगो | 200 | 200 | सभी 200 विमानों पर काम पूरा. |
| एयर इंडिया | 113 | 100 | 4 विमान बेस मेंटेनेंस में हैं और 9 पर यह लागू नहीं होता. |
| एयर इंडिया एक्सप्रेस | 25 | 23 | 2 विमान रेडिलीवरी के लिए मेंटेनेंस में हैं. |
| कुल विमान | 338 | 323 (जो लागू था) | सफलतापूर्वक अपग्रेड किया गया. |
क्यों करना पड़ा अपडेट
एयरबस ने शुक्रवार को कहा था कि तीव्र सौर विकिरण की वजह से ए320 श्रेणी के काफी विमानों में उड़ान नियंत्रण के लिए जरूरी डेटा खराब हो सकता है और इस समस्या को ठीक करने के लिए सॉफ्टवेयर अपडेट करने के दौरान परिचालन में बाधा आएगी. इसके बाद डीजीसीए ने शनिवार को एयरलाइंस को तत्काल प्रभाव से जरूरी सॉफ्टवेयर अपग्रेड करने का निर्देश जारी किया. यह कदम एयरबस के वैश्विक स्तर पर अलर्ट जारी करने और यूरोपीय एविएशन सेफ्टी अथॉरिटी (ईएएसए) के आपातकालीन निर्देश जारी करने के बाद उठाया गया. दुनिया भर में करीब 6000 प्रभावित विमानों को सॉफ्टवेयर अपग्रेड की जरूरत है. कुछ विमानों में हार्डवेयर को भी ठीक करना पड़ सकता है. कुल 8100 से ज्यादा ए320 श्रृंखला के विमान सेवा में हैं.
एयरलाइंस ने क्या कहा?
एयरलाइंस ने कहा है कि, "सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है, और हम उच्चतम मानकों का पालन जारी रखेंगे." यह सफल अपग्रेड दिखाता है कि भारतीय एयरलाइंस ने यात्रियों की सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए तेजी से और कुशलता से काम किया है, जिससे परिचालन में कोई बड़ा व्यवधान नहीं आया.














