लेखक, कलाकार और शिल्पकार दोनों हैं, KLF 2025 में साहित्य के दिग्गजों को सम्मानित करते हुए बोले केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत

गजेंद्र सिंह शेखावत ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि सबसे पहले और सबसे महत्वपूर्ण बात, मैं उन सम्मानित लेखकों को हार्दिक बधाई देता हूं जिनकी बुद्धिमत्ता और साहित्यिक प्रतिभा ने इन उत्कृष्ट कृतियों को जीवन दिया है, भारत की सदियों पुरानी साहित्यिक परंपरा को कायम रखा है.

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कलिंगा लिटरेरी फेस्टिवल की तरफ से 2025 के केएलएफ पुस्तक पुरस्कारों के विजेताओं को भारत अंतर्राष्ट्रीय केंद्र (आईआईसी) नई दिल्ली में सम्मानित किया गया. ये पुरस्कार 12 श्रेणियों में दिए गए. केंद्रीय पर्यटन और संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत के हाथों लेखकों को सम्मानित किया गया. कार्यक्रम में विक्रम संपत, विकास स्वरूप, जीत थायिल कलिंगा जैसे कई दिग्गजों को सम्मानित किया गया. 

केएलएफ पुस्तक पुरस्कार, समकालीन साहित्य की समृद्धि और विविधता को दर्शाते हुए, अंग्रेजी में सात और हिंदी में पांच श्रेणियों में उत्कृष्ट लेखकों को सम्मानित करता है. यह पुरस्कार लेखकों के बेहतरीन योगदान को प्रोत्साहित करते हैं. प्रत्येक विजेता को एक लाख रुपये का नकद पुरस्कार, एक प्रशस्ति पत्र, एक विशिष्ट ट्रॉफी और एक पारंपरिक शॉल प्रदान किया जाता है. 

लेखक कलाकार और शिल्पकार दोनों हैं: गजेंद्र सिंह शेखावत
गजेंद्र सिंह शेखावत ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा “सबसे पहले और सबसे महत्वपूर्ण बात, मैं उन सम्मानित लेखकों को हार्दिक बधाई देता हूं जिनकी बुद्धिमत्ता और साहित्यिक प्रतिभा ने इन उत्कृष्ट कृतियों को जीवन दिया है, भारत की सदियों पुरानी साहित्यिक परंपरा को कायम रखा है. मैं उन्हें कलाकार और शिल्पकार दोनों मानता हूं. हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के संरक्षक. कोई भी पुरस्कार वास्तव में उनके योगदान की गहराई को नहीं पकड़ सकता है; यह हमारी साहित्यिक विरासत को संरक्षित और समृद्ध करने के लिए उनके समर्पण के प्रति आभार की एक विनम्र अभिव्यक्ति मात्र है. 

अंग्रेजी में 7 और हिंदी में 5 श्रेणियों में मिलता है सम्मान
केएलएफ पुस्तक पुरस्कार, समकालीन साहित्य की समृद्धि और विविधता को दर्शाते हुए, अंग्रेजी में सात और हिंदी में पांच श्रेणियों में उत्कृष्ट लेखकों को सम्मानित करता है. यह पुरस्कार लेखकों के बेहतरीन योगदान को मान्यता देते हैं और उन्हें प्रोत्साहित करते हैं. प्रत्येक विजेता को एक लाख रुपये का नकद पुरस्कार, एक प्रशस्ति पत्र, एक विशिष्ट ट्रॉफी और एक पारंपरिक शॉल प्रदान किया जाता है.

 केएलएफ के सीईओ ने क्या कहा? 
केएलएफ के सीईओ और संरक्षक अशोक कुमार बल ने कहा कि 2025 की पुरस्कार विजेता पुस्तकें केवल साहित्यिक कृतियों से कहीं अधिक हैं. बौद्धिक विमर्श को आकार देने वाली आवाजें हैं.जैसे-जैसे केएलएफ आगे बढ़ रहा है, हम इन रचनाओं की नई बातचीत को बढ़ावा देने, विश्वदृष्टि को व्यापक बनाने और दुनिया भर के पाठकों पर अमिट छाप छोड़ने की कल्पना करते हैं. 

केएलएफ पुस्तक पुरस्कार एक मानदंड बन रहा है: रश्मि रंजन परिदा 
रश्मि रंजन परिदा ने कहा कि केएलएफ पुस्तक पुरस्कार साहित्यिक उत्कृष्टता के एक मानदंड के रूप में विकसित हुए हैं.वे उन आवाजों का जश्न मनाते हैं जो दृष्टिकोणों को चुनौती देती हैं, पीढ़ियों को प्रेरित करती हैं, और हमारे समाज के बौद्धिक और सांस्कृति  में योगदान करती हैं. 
 

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