किडनी रैकेट केस में दिल्ली के डॉक्टर का ‘आई डोंट रिमेंबर’ फॉर्मूला, पुलिस पूछताछ में नहीं दे रहा सीधा जवाब

दिल्ली के डॉक्टर रविंद्रपाल सिंह किडनी रैकेट की जांच में पुलिस को सहयोग नहीं कर रहे हैं और पूछताछ के ज्यादातर सवालों पर सिर्फ “आई डोंट रिमेंबर” कह रहे हैं.

विज्ञापन
Read Time: 2 mins
फटाफट पढ़ें
Summary is AI-generated, newsroom-reviewed
  • दिल्ली के मुख्य संदिग्ध डॉक्टर रविंद्रपाल सिंह पूछताछ में सहयोग नहीं कर रहा है
  • नागपुर खंडपीठ ने डॉक्टर सिंह को सशर्त अग्रिम जमानत दी है और रोजाना जांच अधिकारी के सामने हाजिरी लगानी है
  • किडनी रैकेट मामले में किडनी ट्रांसप्लांट सर्जरी में डॉक्टर सिंह की भूमिका संदेहास्पद है
क्या हमारी AI समरी आपके लिए उपयोगी रही?
हमें बताएं।
नई दिल्ली:

देशभर में सनसनी मचाने वाले बहुचर्चित किडनी रैकेट मामले में नया मोड़ सामने आया है. दिल्ली के मुख्य संदिग्ध डॉक्टर रविंद्रपाल सिंह पर पुलिस जांच में सहयोग न करने के आरोप लग रहे हैं. जानकारी के मुताबिक पूछताछ के दौरान अहम सवालों पर वह बार-बार सिर्फ एक ही जवाब दे रहा है  “आई डोंट रिमेंबर” यानी “मुझे याद नहीं”. दरअसल, नागपुर खंडपीठ के हाईकोर्ट ने डॉक्टर सिंह को सशर्त अग्रिम जमानत दी है. कोर्ट के आदेश के मुताबिक 11 से 16 फरवरी के बीच रोज सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक उन्हें चंद्रपुर में जांच अधिकारी के सामने हाजिरी लगानी है. फिलहाल वह रोजाना उपस्थित हो रहे हैं, लेकिन पुलिस का कहना है कि पूछे गए महत्वपूर्ण सवालों के ठोस जवाब नहीं मिल रहे. 

यह मामला नागभीड़ के रोशन कुडे किडनी प्रकरण से जुड़ा है. जांच में सामने आया है कि तमिलनाडु के त्रिची स्थित स्टार क्रिम्स अस्पताल में किडनी ट्रांसप्लांट सर्जरी की गई थी. इन ऑपरेशनों में डॉ. राजरत्नम गोविंदसामी और डॉ. रविंद्रपाल सिंह की भूमिका होने का संदेह जताया गया है. 

सूत्रों के मुताबिक जांच में यह भी सामने आया है कि दिल्ली से त्रिची जाकर किडनी सर्जरी करने के लिए डॉ. सिंह करीब 35 लाख रुपये लेते थे. इस रकम का बंटवारा किसे और कैसे होता था, रैकेट में और कौन-कौन शामिल था, इन सवालों पर भी डॉक्टर स्पष्ट जवाब नहीं दे रहे हैं. इससे जांच एजेंसियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं. 

पुलिस अब डॉक्टर के असहयोग को लेकर अदालत में रिपोर्ट दाखिल कर सकती है. 18 फरवरी को उनकी अग्रिम जमानत पर अंतिम सुनवाई होनी है. वही महाराष्ट्र पुलिस के वरिष्ठ सूत्रों का कहना है वे जल्द ही इस मामले में Transplantation ofHuman Organs and Tissues Act (THOTA) एक्ट के तहत जांच के लिए अनुरोध करेगे,वरिष्ठ सूत्रों के अनुसार इस मामले में इन धाराओं को लगाने की सारी पक्रिया हो चुकी है.

Advertisement

ये भी पढ़ें-: टीपू सुल्‍तान की शिवाजी महाराज से तुलना पर बवाल, बीजेपी के निशाने पर कांग्रेस नेता, जानें पूरा विवाद

Featured Video Of The Day
Syed Suhail | Iran Israel War: जंग में उतरे Donald Trump के मरीन कमांडो | Bharat Ki Baat Batata Hoon
Topics mentioned in this article