भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले 9 परिवर्तन रथ यात्रा शुरू करने वाली है. इस रथ यात्रा का समापन कोलकाता में होगा. पीएम नरेंद्र मोदी भी कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड में होने वाले समापन समारोह में हिस्सा लेंगे. पार्टी राज्य में कुल 60 बड़ी रैलियां और 300 से ज्यादा नुक्कड़ सभाएं करेगी. पार्टी राज्य की सभी विधानसभा क्षेत्र से ये यात्रा निकालेगी.
अलग-अलग हिस्सों के लिए यात्रा
पश्चिम बंगाल में अगले कुछ महीनों में विधानसभा चुनाव होना है. इसके लिए बीजेपी ने अपनी तैयारियों को चाक-चौबंद करना शुरू कर दिया है. पार्टी ने चुनावों से पहले ही राज्य के अलग-अलग हिस्सों के लिए रथ यात्रा शुरू करने का प्लान बना चुकी है. बीजेपी 2021 चुनाव में भी राज्य के हिस्सों में रथ यात्रा निकाला था. पीएम मोदी भी इस रथ यात्रा के समापन में हिस्सा लेंगे.
दो चरण में होगी रथ यात्रा
टीएमसी के खिलाफ बीजेपी ने चुनाव से पहले मोर्चा खोल दिया है. इन 9 रथ यात्राओं के जरिए पार्टी चुनावी रणनीति को धार देगी. ये यात्रा 1 और 2 मार्च से शुरू होगी. एक मार्च को यात्रा का पहला चरण शुरू होगा. जो कूच बिहार से शुरू होगी और कृष्णानगर दक्षिण गढ़बेटा, रायदिघी और कुल्टी तक चलेगी.
दूसरा चरण इस्लामपुर से शुरू होगा
बीजेपी पार्टी नेता ने कहा कि परिवर्तन रथ यात्रा का दूसरा चरण इस्लामपुर, संदेशखाली, हासन, अम्टा तक चलेगी. इसकी शुरुआती 2 मार्च को होगी. बीजेपी राज्य में कुल 9 यात्राएं शुरू करने वाली है. 3-4 मार्च को यात्रा नहीं होगी क्योंकि इस दौरान होली है. इसके बाद से 5 से 10 मार्च तक कुल 5 हजार किलोमीटर की यात्रा होगी जो हर विधानसभा क्षेत्र से निकलेगी. उन्होंने बताया कि कुल 60 बड़ी रैली और 300 से ज्यादा छोटी नुक्कड़ सभाएं होंगी.
हर विधानसभा क्षेत्र से गुजरेगी यात्रा
उन्होंने बताया कि हर विधानसभा क्षेत्र में धुआंधार प्रचार होगा. मार्च के अंत में सभी यात्राएं समाप्त हो जाएंगी. इसके बाद पीएम मोदी की ब्रिगेड ग्राउंड में एक बड़ी रैली होगी. बीजेपी नेता ने बताया कि रथ यात्रा की शुरुआत में बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन, पूर्व अध्यक्ष जेपी नड्डा, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, शिवराज सिंह चौहान, नितिन गडकरी, महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस, स्मृति इरानी और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान शामिल होंगे.
पश्चिम बंगाल के राज्य चीफ शमिक भट्टाचार्य ने कहा कि 2011 में पश्चिम बंगाल में एक बड़ा बदलाव आया था. ममता बनर्जी का एकमात्र एजेंडा था. राज्य में लोकतंत्र की स्थापना करना. हालांकि, अंत में क्या हुआ एक वर्चस्व की जगह दूसरे ने ले ली. टीएमसी और भ्रष्टाचार एक ही सिक्के के दो पहलू बन गए. राज्य में शायद ही कोई ऐसा सरकारी कार्यालय होगा जहां भ्रष्टाचार नहीं होता हो.
पश्चिम बंगाल में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि ये केवल रथ यात्रा नहीं है बल्कि परिवर्तन यात्रा है. ये राज्य में बदलाव का सूचक होगी. ये दूसरे राज्यों में भी हो चुका है. इसलिए हम इसका बंगाल में भी आयोजन कर रहे हैं. टीएमसी के प्रवक्ता तौसीफुर रहमान ने बीजेपी की परिवर्तन रथ यात्रा पर निशाना साधा है. उन्होंने आरोप लगाया कि पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह झूठ बोल रहे हैं. वो बंगाल के हित में नहीं सोचते हैं. अब वो परिवर्तन रथ यात्रा का आयोजन कर रहे हैं.














