HPV Vaccine Awareness: जब भी कैंसर की बात होती है, लोगों के मन में सबसे पहला सवाल यही आता है. "कैंसर की वैक्सीन कब आएगी?" ज्यादातर लोग मानते हैं कि कैंसर से बचाव की कोई पक्की वैक्सीन अभी तक बनी ही नहीं है. लेकिन, सच्चाई इससे बिल्कुल अलग है. आज हमारे पास एक ऐसी वैक्सीन मौजूद है, जो कई खतरनाक कैंसर से बचाव कर सकती है. लेकिन, जागरूकता की कमी के कारण हम उसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं. इस वैक्सीन का नाम है HPV वैक्सीन.
HPV यानी ह्यूमन पैपिलोमा वायरस एक बेहद आम वायरस है. मेडिकल रिसर्च के मुताबिक, ज्यादादातर लोग अपने जीवन में कभी न कभी HPV से संक्रमित होते हैं. लेकिन, सभी मामलों में यह खतरनाक नहीं होता. समस्या तब होती है, जब HPV के कुछ खास प्रकार शरीर में लंबे समय तक बने रहते हैं और धीरे-धीरे कैंसर की वजह बन जाते हैं. HPV वैक्सीन शरीर को पहले ही इन खतरनाक वायरस से लड़ने की ताकत दे देती है.
HPV वैक्सीन क्या है? | What is the HPV Vaccine?
HPV वैक्सीन शरीर के इम्यून सिस्टम को ट्रेन करती है, ताकि वह कैंसर पैदा करने वाले HPV टाइप्स को पहचानकर उन्हें नुकसान पहुंचाने से पहले ही खत्म कर दे. यह कोई नई या प्रयोगात्मक वैक्सीन नहीं है. दुनिया के कई देशों में इसे सालों से इस्तेमाल किया जा रहा है और इसके असर को वैज्ञानिक रूप से पूरी तरह साबित किया जा चुका है.
क्या यह वैक्सीन सिर्फ लड़कियों के लिए है?
यह सबसे बड़ा और सबसे खतरनाक मिथ है. HPV वैक्सीन सिर्फ लड़कियों के लिए नहीं, बल्कि लड़कों के लिए भी उतनी ही जरूरी है. आमतौर पर इसे सर्वाइकल कैंसर से जोड़ा जाता है, लेकिन पुरुषों में भी HPV कई गंभीर कैंसर का कारण बन सकता है, जैसे पेनाइल कैंसर, एनल कैंसर, मुंह और गले का कैंसर. इसलिए अगर लड़कों को यह वैक्सीन नहीं लगवाई जाती, तो वे खुद भी जोखिम में रहते हैं और संक्रमण फैलाने का कारण भी बन सकते हैं.
HPV वैक्सीन के लिए सबसे सही उम्र
डॉक्टरों के अनुसार, HPV वैक्सीन के लिए 9 से 14 साल की उम्र सबसे बेहतर मानी जाती है. इस उम्र में शरीर का इम्यून रिस्पॉन्स सबसे मजबूत होता है और आमतौर पर बच्चा सेक्सुअली एक्टिव नहीं होता, जिससे वैक्सीन का असर सबसे अच्छा रहता है. हालांकि, अगर किसी की उम्र 45 साल तक भी है, तो भी डॉक्टर की सलाह से यह वैक्सीन लगवाई जा सकती है और यह कुछ हद तक सुरक्षा जरूर देती है.
साइड इफेक्ट्स और सुरक्षा
HPV वैक्सीन को लेकर डरने की जरूरत नहीं है. इसके साइड इफेक्ट्स आमतौर पर बहुत हल्के होते हैं, जैसे इंजेक्शन वाली जगह पर हल्का दर्द, थोड़ा बुखार या थकान. गंभीर साइड इफेक्ट्स के मामले बेहद दुर्लभ हैं और अब तक कोई जानलेवा खतरा साबित नहीं हुआ है.
अगर सही उम्र में HPV वैक्सीन अपनाई जाए, तो भविष्य में होने वाले कई कैंसर से खुद को और अगली पीढ़ी को सुरक्षित किया जा सकता है. कैंसर से लड़ाई में जागरूकता सबसे बड़ा हथियार है और HPV वैक्सीन उसका एक मजबूत कवच.
(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)














