Heart attack cause : अक्सर आपने फिल्मों में देखा होगा कि किसी को अचानक कोई डरावनी खबर मिली या किसी ने उसे बुरी तरह डरा दिया और उसे तुरंत हार्ट अटैक आ गया. क्या आपने कभी सोचा है कि क्या हकीकत में भी ऐसा हो सकता है? क्या सिर्फ डरने से किसी की जान जा सकती है? आइए जानते हैं मेदांता अस्पताल के कार्डियोथोरेसिक सर्जन डॉ. नरेश त्रेहान से अचानक लगे सदमे का दिल पर क्या होता है असर.
हार्ट अटैक का कारण - Cause of heart attack
डर सिर्फ ट्रिगर है, कारण नहीं
नरेश त्रेहान के अनुसार, डर या भावनात्मक सदमा खुद हार्ट डिजीज नहीं बनाता. असल में, जिन लोगों के दिल में पहले से कोई छुपी हुई समस्या होती है, जैसे हार्ट की आर्टरीज में ब्लॉकेज, उनमें डर उस समस्या को अचानक उभार सकता है. यानी डर एक ट्रिगर है, बीमारी की जड़ नहीं.
हार्ट की तीन बड़ी समस्याएं
दिल से जुड़ी गंभीर स्थिति आमतौर पर तीन कारणों से हो सकती है-
1. आर्टरीज में ब्लॉकेज - Artery Blockage
यह सबसे आम कारण है. जब हार्ट की नसों में ब्लॉकेज हो जाता है और खून की सप्लाई कम हो जाती है, तो हार्ट अटैक का खतरा बढ़ जाता है. डर या सदमा इस स्थिति को अचानक गंभीर बना सकता है.
2. हार्ट मसल की कमजोरी - Heart Muscle Problem
अगर दिल की मसल कमजोर हो या उसमें अनियमितता हो, तो वह सही तरीके से पंप नहीं कर पाता. इससे अचानक कोलैप्स हो सकता है.
3. इलेक्ट्रिकल सिस्टम की गड़बड़ी - Electrical System Fault
हार्ट का इलेक्ट्रिकल सिस्टम अगर ठीक से काम न करे, जैसे शॉर्ट सर्किट या गंभीर अरिदमिया, तो दिल की धड़कन अचानक रुक सकती है.
यंग लोगों में अचानक गिरना क्यों?
आजकल कई युवा लोग मैराथन, साइकिलिंग या ज्यादा एक्सरसाइज के दौरान अचानक गिर जाते हैं. ज्यादातर मामलों में जांच करने पर पता चलता है कि उनके दिल में पहले से कोई न कोई छुपी हुई समस्या थी.
(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)














