Haryana News Hindi: हरियाणा के सोनीपत में एसटीएफ (STF) और बदमाशों के बीच शुक्रवार आधी रात को जबरदस्त मुठभेड़ हुई. यह एनकाउंटर सोनीपत के मेंहदीपुर गांव के पास हुआ, जहां बहादुरगढ़ एसटीएफ की टीम ने 5 शातिर बदमाशों को घेराबंदी कर दबोच लिया. इन बदमाशों ने बीडीएम कॉलेज के मालिक के बेटे हुनरजीत का अपहरण कर 5 करोड़ रुपये की भारी-भरकम फिरौती वसूली थी. फिरौती की रकम मिलने के बाद बदमाशों ने छात्र को रोहतक के पास सुनसान जगह पर छोड़ दिया था, लेकिन वे पुलिस की नजरों से बच नहीं सके.
बोलेरो सवार बदमाशों ने पुलिस पर की फायरिंग
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि आरोपी बोलेरो गाड़ी में सवार होकर भागने की फिराक में हैं. रात करीब 2 बजे जब एसटीएफ ने संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया, तो बदमाशों ने सरेंडर करने के बजाय पुलिस टीम पर गोलियां चलानी शुरू कर दीं. एसटीएफ की जवाबी कार्रवाई में दो मुख्य आरोपियों, चित्रंदन उर्फ मंजीत और विन्नी के पैर में गोली लगी है. पुलिस ने इन दोनों के साथ गाड़ी में मौजूद तीन अन्य साथियों को भी मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया. घायलों को इलाज के लिए सोनीपत के जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
होली के दिन रची गई थी साजिश, घर के 'भेदी' ने ही दी थी लोकेशन
पुलिस जांच में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इस पूरी किडनैपिंग की स्क्रिप्ट 20 दिन पहले ही लिख दी गई थी. पीड़ित परिवार के वेटरनरी कॉलेज में काम करने वाले मनीष नाम के शख्स ने ही 'विभीषण' की भूमिका निभाई. 4 मार्च को होली के दिन मनीष ने ही बदमाशों को बच्चे की लोकेशन दी थी, जिसके बाद स्कार्पियो सवार युवकों ने हुनरजीत का अपहरण किया. पुलिस ने मौके से दो पिस्तौल, चार कारतूस और वारदात में इस्तेमाल बोलेरो बरामद की है और एक बड़े किडनैपिंग रैकेट का पर्दाफाश कर दिया है.














